फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Prayagraj News ›   Allahabad University: Bombing in Holland Hall, capture of several rooms of Hindu hostels

इलाहाबाद विविः हॉलैंड हॉल में बमबाजी, हिंदू हॉस्टल के कई कमरों पर कब्जा

Fri, 03 Jan 2020 07:21 PM IST
विनोद सिंह न्यूज डेस्क, अमर उजाला, प्रयागराज
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, प्रयागराज Published by: विनोद सिंह Updated Fri, 03 Jan 2020 07:21 PM IST
विज्ञापन
Allahabad University: Bombing in Holland Hall, capture of several rooms of Hindu hostels
allahabad university - फोटो : प्रयागराज
कुलपति प्रो. रतन लाल हांगलू की विदाई के साथ ही विश्वविद्यालय के हॉस्टलों में अवैध कब्जा करने वाले सक्रिय हो गए हैं। कुछ हॉस्टलों के कमरों में अवैध कब्जा भी हो गया है। मामले को गंभीरता से लेते हुए शुक्रवार को चीफ प्रॉक्टर प्रो. रामसेवक दुबे ने प्रॉक्टोरियल बोर्ड की बैठक बुला ली, जिसमें सभी हॉस्टलों के अधीक्षक एवं डीएसडब्ल्यू प्रो. हर्ष कुमार भी शामिल हुए। बैठक के बाद डीएम और एसएसपी को पत्र लिखकर मामले की जानकारी दी गई है। साथ ही अवैध कब्जा हटाने के लिए सहयोग मांगा गया है। चीफ प्रॉक्टर प्रो. राम सेवक दुबे का कहना है कि हॉस्टल से अवैध कब्जा नहीं हटा तो इविवि प्रशासन हाईकोर्ट की शरण में जाएगा।
विज्ञापन


चीफ प्रॉक्टर प्रो. राम सेवक दुबे और डीएसडब्ल्यू प्रो. हर्ष कुमार की ओर से डीएम-एसएसपी को पत्र भेजकर बताया गया है कि पीसीबी छात्रावास में कुछ अराजक तत्वों ने कक्ष संख्या 92 को खाली करने के लिए छात्रों पर दबाव बनाया और एक छात्र को कमरा खाली करने के लिए मजबूर कर दिया। हिंदू हॉस्टल में कमरा नंबर 60, 70 एवं 92 में अराजक तत्वों ने तला लगा दिया। जीएन झा हॉस्टल में अराजकतत्वों ने अधीक्षक से जबर्दस्ती कमरा नंबर 24-ए की चाभी ले ली।

विज्ञापन


ताराचंद हॉस्टल में कुछ अराजकतत्वों ने जबर्दस्ती गेट खुलवाकर चार पहिया वाहनों के साथ प्रवेश किया और कर्मचारियों पर कमरों में लगे तालों की चाभी देने का दबाव बनाया। वहीं, हॉलैंड हॉल और एसएसएल हॉस्टल में रात के वक्त दो दिनों से बमबाजी की घटनाएं हो रही हैं। छात्रावासों से निष्कासित अराजक तत्व फिर से सक्रिय हो गए हैं। ऐसे अराजकतत्वों के खिलाफ पहले से मुकदमे दर्ज हैं। डीएस-एसएसपी से आग्रह किया गया है कि इनके खिलाफ लंबित विधिक कार्रवाई तत्काल शुरू की जाए ताकि उच्च न्यायालय के आदेश का अनुपालन सुनिश्चित हो सके।

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed