फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Prayagraj News ›   allahabad news

आधुनिक युग के कबीर थे निदा

Tue, 09 Feb 2016 01:14 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो, इलाहाबाद
अमर उजाला ब्यूरो, इलाहाबाद Updated Tue, 09 Feb 2016 01:14 AM IST
विज्ञापन
allahabad news
मशहूर शायर निदा फाजली का इस दुनिया से रुखसत होना अदीबों को आहत कर गया है। इलाहाबाद से उनका गहरा नाता रहा। यहां से कवि-सम्मेलन मुशायरे का जब भी कोई न्योता मिला, वह अपने तमाम दूसरे कार्यक्रम रद्द करके आए। तकरीबन दो वर्ष पहले सांस्कृतिक केंद्र के राष्ट्रीय शिल्प मेले के मुशायरे में वह आए तो कोई नहीं जानता था कि अब निदा से दोबारा मुलाकात नहीं होगी।
विज्ञापन


वरिष्ठ शायर बुद्धिसेन शर्मा कहते हैं, निदा का जाना हम सभी को रुला गया है। सूफियाना मिजाज के निदा के चेहरे पर कभी भी गुस्सा नहीं दिखा। वह जितने बड़े शायर थे, उतने ही सहज। उनकी शख्सियत और रचनाएं दोनों बेमिसाल हैं। सुपरिचित कवि यश मालवीय ने कहा, निदा के साथ हमने अपना अभिभावक खो दिया है। वह जितने सहज व्यक्तित्व के मालिक थे, उतने ही अद्भुत रचनाकार। सहजता के साथ बड़ी से बड़ी बात कहना उन्हीं के बस का था। जाने-माने सर्जन डॉ.नीरज त्रिपाठी कहते हैं, वह जितने बड़े शायर थे, उतने ही बड़े जमीन से जुड़े इंसान भी। उनकी कमी हमेशा खलेगी। 28 दिसंबर 2013 की रात उन्हें होटल के कमरे से लेकर एनसीजेडसीसी में शिल्प मेले के मुशायरे तक लाया था। नहीं जानता था कि यही आखिरी मुलाकात होगी।
विज्ञापन


कवि राजेश कुमार ने कहा, निदा का जाना लगभग वैसा ही है, जैसे देखते-देखते नदी का समुद्र में विलीन हो जाना। पर नदियां समुद्र में विलीन कहां होती हैं। वह अपने गीत, गज़ल, दोहों के साथ हमेशा जिंदा रहेंगे। प्रोफेसर हेरंब चतुर्वेदी ने स्मृतियां सहेजीं। कहा, वह गंगा जमुनी तहजीब के नुमाइंदे थे। उनकी अभिव्यक्ति सहज, सरल थी। वह जोश के बहुत बड़े फैन थे, उन्हें दूसरों की भी बहुत सारी चीजें याद रहती थीं। डॉ.श्लेष गौतम ने कहा, निदा फाजली को इलाहाबाद बहुत प्रिय था, वह हर न्योते पर यहां आए। दोहे में असरदार तरीके से अपनी बात कहना उन्हें आता था। जयकृष्ण राय तुषार ने कहा, हमारे बीच से आधुनिक युग का कबीर चला गया। उनकी शायरी, उनके दोहे हमेशा याद रहेंगे। शैलेंद्र मधुर ने कहा, निदा की सादगी ही उनकी खूबी थी, वह हमेशा युवाओं के प्रेरणास्रोत रहेंगे।
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed