फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Prayagraj News ›   Allahabad High Court: Government should decide on giving pay scale of X-ray technician to therapy operator

Allahabad High Court : थेरेपी ऑपरेटर को एक्स-रे टेक्नीशियनन का वेतनमान देने पर निर्णय ले सरकार

Thu, 21 Dec 2023 11:17 AM IST
विनोद सिंह अमर उजाला नेटवर्क, प्रयागराज
अमर उजाला नेटवर्क, प्रयागराज Published by: विनोद सिंह Updated Thu, 21 Dec 2023 11:17 AM IST
सार

यह आदेश न्यायमूर्ति अजीत कुमार की एकल पीठ ने आगरा के सरोजनी नायडू मेडिकल कॉलेज के रेडियोथेरेपी विभाग में तैनात थेरेपी ऑपरेटर संजय कुमार सिंह राठौर की याचिका पर अधिवक्ता सुनील यादव को सुन कर पारित किया।

विज्ञापन

विस्तार

इलाहाबाद हाईकोर्ट ने चिकित्सा शिक्षा विभाग के महनिदेशक को मेडिकल कॉलेज में तैनात रेडियो थेरेपी ऑपरेटर को एक्स-राय टेक्निशियन के मुताबिक वेतनमान प्रदान करने पर निर्णय लेते हुए तीस दिन के भीतर बकाया वेतन का भुगतान करने का आदेश दिया है।

विज्ञापन

यह आदेश न्यायमूर्ति अजीत कुमार की एकल पीठ ने आगरा के सरोजनी नायडू मेडिकल कॉलेज के रेडियोथेरेपी विभाग में तैनात थेरेपी ऑपरेटर संजय कुमार सिंह राठौर की याचिका पर अधिवक्ता सुनील यादव को सुन कर पारित किया।

विज्ञापन


मामला आगरा मेडिकल कॉलेज का है। याची की नियुक्ति वर्ष 2006 में थेरेपी ऑपरेटर के पद पर हुई थी। जिसके बाद विभाग ने भाभा एटमिक रिसर्च सेंटर से रेडिएशन सेफ्टी का प्रमाण पत्र हासिल करने के लिए, शासन की विशेष अनुमति से याची को एक्स रे टेक्नीशियन का प्रशिक्षण दिलवाया था। विभाग में याची से नियमित रूप से रेडियो थेरेपी ऑपरेटर का काम लिया जा रहा है।

विज्ञापन
विज्ञापन

सभी मेडिकल कॉलेजों के एक्सरे तकनीशियनों को 4200 का वेतनमान दिया जा रहा है, जबकि याची इस लाभ से वंचित चल रहा था। याची ने शासन स्तर प्रत्यावेदन दिया था, जिसके क्रम में महानिदेशक ने प्रधानाचार्य से आख्या तलब की थी, लेकिन कोई अंतिम निर्णय नही लिया गया। जिससे क्षुब्द याची ने हाईकोर्ट का दरवाजा खटखटाया था।

याची के अधिवक्ता सुनील यादव ने दलील दी कि रेडियो थेरेपी ऑपरेटर का पद एक्स-रे तकनीशियन कैडर का पद है। पूर्व में निर्गत शासनादेश के जरिए इसका पदनाम बदल दिया गया था, जबकि रेडियो थेरपी ऑपरेटर का कार्य एक्स-राय टेक्निशियन के समान ही है। इसलिए समान कार्य के लिए समान वेतन के सिद्धांत के मुताबिक याची मेडिकल कॉलेजों के एक्सरे तकनीशियनों के समान वेतनमान पाने का हकदार है।

कोर्ट ने याचिका को निस्तारित करते हुए चिकित्सा शिक्षा विभाग के महानिदेशक को याची के वेतन विसंगतियों पर विधि अनुसार निर्णय लेते हुए आदेश पारित करने और तीस दिन के भीतर संशोधित वेतनमान के मुताबिक बकाए वेतन का भुगतान करने का आदेश दिया।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed