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हत्यारोपियों की अपील खारिज
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हत्यारोपियों की अपील खारिज, उम्रकैद बरकरार
प्रयागराज। इलाहाबाद हाईकोर्ट ने हत्या के आरोपियों राम जी दुबे और विजय शंकर को सत्र न्यायालय मिर्जापुर द्वारा सुनाई गई उम्रकैद की सजा बरकरार रखी है और एक अन्य आरोपी दया राम को संदेह का लाभ देते हुए बरी कर दिया है। कोर्ट ने दयाराम को 6 माह के लिए 50 हजार के बांड और दो प्रतिभूति कोर्ट में जमा करने का आदेश दिया है। ताकि वह एसएलपी दाखिल होने पर सुप्रीम कोर्ट में हाजिर हो।
यह आदेश न्यायमूर्ति सुधीर अग्रवाल तथा न्यायमूर्ति ओम प्रकाश की खंडपीठ ने दयाराम और अन्य की अपील पर दिया है। अन्य आरोपियों की इस दौरान मौत हो चुकी है। कोर्ट ने दोनों आरोपियों को कोर्ट में समर्पण करने का निर्देश दिया है।
घटना 29 976 की है। घायल अमरनाथ ने कोतवाली देहात मिर्जापुर में प्राथमिकी दर्ज कराई थी। उसने आरोप लगाया कि चार आरोपी बांस काट रहे थे। आपत्ति करने पर उन्होंने हमला कर शम्भूनाथ की हत्या कर दी। घायल शिकायतकर्ता का दूर तक पीछा किया।
प्रयागराज। इलाहाबाद हाईकोर्ट ने हत्या के आरोपियों राम जी दुबे और विजय शंकर को सत्र न्यायालय मिर्जापुर द्वारा सुनाई गई उम्रकैद की सजा बरकरार रखी है और एक अन्य आरोपी दया राम को संदेह का लाभ देते हुए बरी कर दिया है। कोर्ट ने दयाराम को 6 माह के लिए 50 हजार के बांड और दो प्रतिभूति कोर्ट में जमा करने का आदेश दिया है। ताकि वह एसएलपी दाखिल होने पर सुप्रीम कोर्ट में हाजिर हो।
यह आदेश न्यायमूर्ति सुधीर अग्रवाल तथा न्यायमूर्ति ओम प्रकाश की खंडपीठ ने दयाराम और अन्य की अपील पर दिया है। अन्य आरोपियों की इस दौरान मौत हो चुकी है। कोर्ट ने दोनों आरोपियों को कोर्ट में समर्पण करने का निर्देश दिया है।
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घटना 29 976 की है। घायल अमरनाथ ने कोतवाली देहात मिर्जापुर में प्राथमिकी दर्ज कराई थी। उसने आरोप लगाया कि चार आरोपी बांस काट रहे थे। आपत्ति करने पर उन्होंने हमला कर शम्भूनाथ की हत्या कर दी। घायल शिकायतकर्ता का दूर तक पीछा किया।
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