फ्लैट में शव मिलने का मामला : महिला की मौत से पहले खाते से निकाले गए थे डेढ़ लाख रुपये
महिला की हत्या के मामले में पुलिस डॉक्टर मित्रा से लगातार पूछताछ कर रही है, लेकिन उन्होंने हर सवाल का जवाब न में दिया है। अधिकारियों का कहना है कि डॉक्टर द्वारा जांच में सहयोग न किए जाने पर पुलिस लगातार साक्ष्यों को इकट्ठा कर रही है।
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
रामबाग में डॉक्टर दीपकेंदु मित्रा के फ्लैट में महिला की हत्या के मामले में एक अहम जानकारी सामने आई है। महिला और डॉक्टर का ज्वाइंट एकाउंट था। महिला की हत्या से कुछ दिन पहले इस एकाउंट से डेढ़ लाख रुपये निकाले गए थे। पुलिस को शक है कि इस रकम का प्रयोग सुपारी किलिंग के लिए भी हो सकता है।
महिला की हत्या के मामले में पुलिस डॉक्टर मित्रा से लगातार पूछताछ कर रही है, लेकिन उन्होंने हर सवाल का जवाब न में दिया है। अधिकारियों का कहना है कि डॉक्टर द्वारा जांच में सहयोग न किए जाने पर पुलिस लगातार साक्ष्यों को इकट्ठा कर रही है। पुलिस को यह भी शक था कि महिला की हत्या सुपारी किलर द्वारा की गई है। एक दिन पहले ही पुलिस ने महिला के खाते की जांच की तो पता चला कि उसमें डॉक्टर का ही नंबर लिंक है।
बृहस्पतिवार को पता चला कि खाते में महिला और डॉक्टर ज्वाइंट एकाउंट होल्डर थे। ट्रांजैक्शन की जांच की गई तो महिला की मौत से कुछ दिन पहले एकाउंट से डेढ़ लाख रुपये निकाले गए थे। इस बारे में पूछने पर भी डॉक्टर कुछ नहीं बता रहे हैं कि उन्होंने यह रकम किसको दी। पुलिस को शक है कि इस रकम का इस्तेमाल सुपारी किलिंग के लिए भी हो सकता है।
डॉक्टर के कॉल डीटेल्स रिकार्ड से पुलिस ने शक के आधार पर कुछ लोगों की सूची बनाई थी, जिनसे पूछताछ की जानी है। फिलहाल पुलिस इस मामले में फूंक फूंककर कदम रख रही है। डॉक्टर के खिलाफ पुख्ता सुबूत खोजे जा रहे हैं जो अब तक नहीं मिले हैं। सूत्रों का कहना है नए कमिश्नर के आने के बाद ही डॉक्टर के खिलाफ पुलिस कोई कार्रवाई करेगी। इस मामले के विवेचक सीओ सत्येंद्र तिवारी ने बताया कि खाते से डेढ़ लाख के ट्रांजैक्शन की जानकारी मिली है। यह पता लगाने का प्रयास किया जा रहा है कि किसे और किस कारण से यह रकम दी गई।