आजादी के बाद पहली बार: अलीगढ़ शहर को मिली महिला विधायक, भाजपा की मुक्ता राजा ने सपा प्रत्याशी को दी शिकस्त
अलीगढ़ शहर विधानसभा क्षेत्र में नया कीर्तिमान बना है। पहली बार यहां से किसी महिला का निर्वाचन हुआ है। भाजपा प्रत्याशी मुक्ता राजा ने जीत दर्ज की है। वह कहती हैं कि यह सब जनता का प्यार और शीर्ष नेतृत्व के आशीर्वाद का परिणाम है।
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आजादी के बाद पहली बार शहर विधान सभा क्षेत्र से किसी महिला का निर्वाचन हुआ है। भाजपा विधायक संजीव राजा की पत्नी व प्रत्याशी मुक्ता राजा ने सपा नेता एवं उद्योगपति जफर आलम को पराजित कर यह गौरव हासिल किया है। पूरे देश में अमृत महोत्सव मनाया जा रहा है। उत्तर प्रदेश विधान सभा चुनाव 2022 में अलीगढ़ शहर विधान सभा क्षेत्र में नया कीर्तिमान बना है। पहली बार यहां से किसी महिला का निर्वाचन हुआ है। भाजपा प्रत्याशी मुक्ता राजा यहां से निर्वाचित हुई हैं।
उन्होंने पूर्व विधायक एवं उद्योगपति जफर आलम को 12499 मतों से पराजित कर यह उपलब्धि हासिल की है। करीब दो दशक पुराने मारपीट के एक मामले में विधायक संजीव राजा को न्यायालय द्वारा सजा सुनाए जाने के बाद भाजपा द्वारा मुक्ता राजा को प्रत्याशी बनाया गया था। मुक्ता राजा कहती हैं कि यह सब जनता का प्यार और शीर्ष नेतृत्व के आशीर्वाद का परिणाम है। विधायक संजीव राजा कहते हैं कि यह गर्व की बात है। देशवासी अमृत महोत्सव मना रहे हैं। शहर में अभी महिला दिवस की धूम है। इस जीत से महिलाओं के बीच एक मजबूत संदेश गया है।
जिले के सियासी इतिहास पर गौर करें तो सबसे पहले जिले में इगलास सीट से चौ.चरण सिंह की पत्नी गायत्री देवी विधायक निर्वाचित हुईं। दूसरी बार उनकी बेटी डॉ. ज्ञानवती भी इस सीट से विधायक बनीं। इसके बाद ज्ञानवती खैर से भी निर्वाचित हुईं। तीसरी विधायक के रूप में पूर्व विधायक मलखान सिंह की पत्नी विमलेश सिंह इगलास से निर्वाचित हुईं। कोल से रामसखी कठेरिया विधायक चुनी गईं। इसी तरह अतरौली से राजवीर सिंह राजू भैया की पत्नी प्रेमलता वर्मा दो बार विधायक रह चुकी हैं। अब छठवीं महिला विधायक के रूप में मुक्ता राजा शहर सीट से निर्वाचित हुई हैं।