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दो बच्चे के दावा करने वाली एक बच्चा लेकर गई
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आखिरकार दो बच्चे पैदा होने का दावा करने वाली संगीता जांच रिपोर्ट आने के बाद अस्पताल से चली ही गई। हालांकि उसे पहले ही डिस्चार्ज कर दिया गया था। उसे अस्पताल से घर भेजने के लिए पुलिस की सहायता भी अस्पताल प्रशासन को लेनी पड़ी। अस्पताल में वह 10 दिन रही, जो सामान्य से छह सात दिन अधिक है।
क्वार्सी के हैवतपुर की रहने वाली संगीता को 9 जून को मोहन लाल गौतम जिला महिला अस्पताल में प्रसव हुआ था। उसके एक बच्चा पैदा हुआ था, लेकिन उसका दावा था कि लेबर रूम में उसके दो बच्चे पैदा हुए थे।
इसके लिए उसने अपने अल्ट्रासाउंड में दो बच्चे होने की दलील दी। यह अल्ट्रासाउंड उसके दीन दयाल अस्पताल में हुए थे। मामला तूल पकड़ा तो चार सदस्यीय जांच कमेटी गठित की गई। जांच में स्पष्ट हुआ कि अल्ट्रासाउंड में तो एक ही बच्चा है, लेकिन हाथ से लिखने वाली रिपोर्ट में उसके दो बच्चे प्रदर्शित कर दिए गए हैं।
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इसके बाद अस्पताल में भी धरना प्रदर्शन किया गया था। जांच में जब तस्वीर साफ हो गई तो महिला को अस्पताल से डिस्चार्ज कर दिया गया, लेकिन वह अपने घर जाने के लिए तैयार नहीं हुई। महिला अस्पताल की सीएमएस डॉ. गीता प्रधान ने बताया कि महिला को पहले ही डिस्चार्ज कर दिया गया था।
जांच के बाद जब नौंवे दिन अस्पताल से जाने के लिए कहा तो वह बोली 10 दिन के बाद जाएंगे। अगले दिन पुलिस के सहयोग से महिला को घर के लिए रवाना कर दिया गया।
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क्वार्सी के हैवतपुर की रहने वाली संगीता को 9 जून को मोहन लाल गौतम जिला महिला अस्पताल में प्रसव हुआ था। उसके एक बच्चा पैदा हुआ था, लेकिन उसका दावा था कि लेबर रूम में उसके दो बच्चे पैदा हुए थे।
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इसके लिए उसने अपने अल्ट्रासाउंड में दो बच्चे होने की दलील दी। यह अल्ट्रासाउंड उसके दीन दयाल अस्पताल में हुए थे। मामला तूल पकड़ा तो चार सदस्यीय जांच कमेटी गठित की गई। जांच में स्पष्ट हुआ कि अल्ट्रासाउंड में तो एक ही बच्चा है, लेकिन हाथ से लिखने वाली रिपोर्ट में उसके दो बच्चे प्रदर्शित कर दिए गए हैं।
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इसके बाद अस्पताल में भी धरना प्रदर्शन किया गया था। जांच में जब तस्वीर साफ हो गई तो महिला को अस्पताल से डिस्चार्ज कर दिया गया, लेकिन वह अपने घर जाने के लिए तैयार नहीं हुई। महिला अस्पताल की सीएमएस डॉ. गीता प्रधान ने बताया कि महिला को पहले ही डिस्चार्ज कर दिया गया था।
जांच के बाद जब नौंवे दिन अस्पताल से जाने के लिए कहा तो वह बोली 10 दिन के बाद जाएंगे। अगले दिन पुलिस के सहयोग से महिला को घर के लिए रवाना कर दिया गया।