फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Aligarh News ›   Rebellion of the no-confidence motion rumor

दोबारा अविश्वास प्रस्ताव की अफवाह से हलचल

Tue, 10 Oct 2017 01:44 AM IST
अमर उजाला ब्यूूराे
अमर उजाला ब्यूूराे Updated Tue, 10 Oct 2017 01:44 AM IST
विज्ञापन
Rebellion of the no-confidence motion rumor
ex. minister Jaiveer Singh - फोटो : Amar Ujala
जिला पंचायत प्रकरण में सोमवार को एक बार फिर से कुछ घंटों के लिए हलचल हुई, लेकिन जिलाधिकारी के बयान ने सभी अफवाहों पर पूर्ण विराम लगा दिया। 
विज्ञापन


दरअसल, सोमवार दोपहर बाद अचानक जिला पंचायत अध्यक्ष के विरोधी खेमे ने कहना शुरू कर दिया कि अविश्वास प्रस्ताव दोबारा से आएगा। इस संबंध में आदेश दिए गए हैं। कुछ ही देर में पूरे जिले के फोन अलीगढ़ से लखनऊ, इलाहाबाद और दिल्ली तक घनघना गए। जिला पंचायत में सत्तारूढ़ दल और विरोधी दल, दोनों में हलचल मच गई। आलम ये था कि विरोधी दल ने कुछ जिला पंचायत सदस्यों को एक जगह एकत्र भी कर लिया, लेकिन बाद में मामला टांय टांय फिस्स हो गया। बता दें कि इस मामले मेंे सोमवार को हाईकोर्ट में तारीख थी। अगली तारीख 23 अक्तूबर लगी है।

क्या है मामला ः जिपं अध्यक्ष उपेंद्र सिंह नीटू के खिलाफ पहली जुलाई से ही विरोधी खेमा अविश्वास प्रस्ताव की मांग कर रहा है। ये प्रस्ताव छह अक्तूबर को जब बोर्ड के समक्ष आया तो विरोधी खेमे का एक भी सदस्य वोटिंग करने नहीं आया। जिससे अविश्वास प्रस्ताव खारिज हो गया। जिपं अधिनियम की धारा 28 के तहत एक बार अविश्वास प्रस्ताव खारिज होने पर एक साल तक दूसरा अविश्वास प्रस्ताव नहीं आ सकता है। 
विज्ञापन


इधर, सोमवार को खारिज प्रस्ताव को दोबारा से लाने की अफवाह फैलाई गई। गौर हो कि 52 सदस्यों वाली अलीगढ़ जिला पंचायत में 28 सदस्यों पर अविश्वास प्रस्ताव पास हो सकता था, लेकिन काफी जोड़तोड़ करने के बाद भी विरोधी खेमा छह अक्तूबर को इस आंकड़े तक नहीं पहुंच सका।  
विज्ञापन
विज्ञापन


जिला पंचायत में अविश्वास प्रस्ताव प्रक्रिया दोबारा से करने के संबंध में उच्च न्यायालय का कोई आदेश नहीं मिला है। न ही मुझे न्यायालय ने तलब किया है। यह महज अफवाह है। मैं सोमवार को मुख्य निर्वाचन आयुक्त की निर्वाचन संबंधी बैठक में भाग लेने आगरा आया हूं। इस तरह के आदेशों की मुझे कोई सूचना नहीं है। जिला पंचायत अध्यक्ष के विरोधी गुट द्वारा इस मामले में हाईकोर्ट में याचिका दायर करने की बात जरूर सुनी है। शुक्रवार को अविश्वास प्रस्ताव मामले में आयोजित प्रक्रिया पूरी तरह नियम अनुसार थी। यदि न्यायालय का इस मामले में कोई आदेश आता है, तो उसका पालन किया जाएगा।  

- ऋषिकेश भास्कर याशोद, डीएम अलीगढ़  

हारे हुए हमारे विरोधी अपनी राजनीतिक खीज मिटाने के लिए तरह-तरह की अनर्गल  अफवाहें फैला रहे हैं। अदालत के आदेश के संदर्भ में लोगों को गुमराह कर रहे हैं। जिला पंचायत एवं क्षेत्र पंचायत अधिनियम की धारा 28 के एक से लेकर 11 तक की प्रक्रिया पूर्ण हो चुकी है। धारा 28 की  उपधारा 12 व 13 के अनुसार अब एक वर्ष तक कोई अविश्वास प्रस्ताव नहीं लाया जा सकता।  विरोधियों की हकीकत छह अक्तूबर को ही सबके   सामने आ चुकी है। भाजपा के उपेंद्र सिंह नीटू  अध्यक्ष थे, अध्यक्ष हैं और पूरे कार्यकाल तक  अध्यक्ष रहेंगे।  -ठा. जयवीर सिंह, पूर्व कबीना मंत्री एवं भाजपा नेता 
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed