फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Aligarh News ›   National Gokul Mission: Cow and buffalo will give 12 to 14 liters of milk

राष्ट्रीय गोकुल मिशन : 12 से 14 लीटर दूध देंगी गाय व भैंस

Sun, 12 Jul 2020 02:21 AM IST
Aligarh Bureau अलीगढ़ ब्यूरो
Updated Sun, 12 Jul 2020 02:21 AM IST
विज्ञापन
National Gokul Mission: Cow and buffalo will give 12 to 14 liters of milk
आशीष श्रीवास्तव
विज्ञापन

अब तक चार-पांच लीटर दूध देने वाली गाय और पांच से छह लीटर दूध देने वाली भैस अब 12 से 14 लीटर दूध देंगी। यह चमत्कार राष्ट्रीय गोकुल मिशन के तहत कृत्रिम गर्भाधान के माध्यम से होगा। एक अगस्त से शुरू होने वाले इस कार्यक्रम के लिये पशुपालन विभाग ने 181 टीमें बनाई हैं। यह कार्यक्रम जिले के 500 गांवों में चलेगा और हर गांव में कम से कम 100 पशुओं का निशुल्क कृत्रिम गर्भाधान कराया जाएगा।
उत्तम नस्ल के सीमन का प्रयोग
नस्ल सुधार कार्यक्रम के तहत देशी गायों को हरियाणा की साहीवाल व गुजरात की गिर नस्ल के सांड़ के सीमन से गर्भवती कराया जाएगा। बताते चलें कि गिर नस्ल की गाय सबसे ज्यादा राजस्थान में पायी जाती हैं। देशी भैंसों को हरियाणा के उन्नत मुर्रा नस्ल के भैंसे के सीमन से गर्भवती कराया जाएगा।
विज्ञापन

बढ़ जाएगी दुग्ध उत्पादन क्षमता
मुख्य पशुपालन अधिकारी डा. घनश्याम सिंह ने बताया कि इस कार्यक्रम में पैदा होने वाली बछिया तीन वर्ष के बाद उन्नत नस्ल में तब्दील हो जाएगी। उसकी दुग्ध उत्पादन क्षमता 12 से 14 लीटर की होगी। बताते चलें कि अब तक देशी गाय चार से पांच लीटर तो भैंस पांच से छह लीटर तक दूध देती है। नस्ल सुधार कार्यक्रम का सबसे ज्यादा फायदा किसान व पशुपालकों को होगा। उन्हें कम लागत में ज्यादा दूध देने वाली गाय व भैंस मिलेंगी। दूध भी भरपूर मात्रा में मिलेगा। इसे बेचकर वे मोटा मुनाफा कमा सकेंगे।
विज्ञापन
विज्ञापन

पिछले साल 150 गांवों का था लक्ष्य
यूं तो कृत्रिम गर्भाधान कार्यक्रम लंबे समय से चल रहा है, लेकिन राष्ट्रीय गोकुल मिशन की शुरूआत पिछले साल से हुई थी। पिछले साल 150 गांवों में नस्ल सुधार कार्यक्रम चला था।

राष्ट्रीय कृत्रिम गर्भाधान कार्यक्रम एक अगस्त से शुरू होगा। इसके लिये 181 टीमें गठित कर ली गई हैं। इस कार्यक्रम में जिले के 500 गांवों को संतृप्त किये जाने की योजना है।
डा. घनश्याम सिंह, मुख्य पशुपालन अधिकारी
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed