फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Aligarh News ›   Just 10 minutes to turn the lives of Bitia

बस 10 मिनट के फेर में गई बिटिया की जान

Thu, 31 Dec 2015 01:41 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो/अलीगढ़
अमर उजाला ब्यूरो/अलीगढ़ Updated Thu, 31 Dec 2015 01:41 AM IST
विज्ञापन
Just 10 minutes to turn the lives of Bitia
हरदुआगंज कांड के दूसरे आरोपी ने जेल जाने से पहले जो कुछ बताया वह वाकई चौंकाने वाला है। दरिंदगी के आरोप में जेल गए किशोर की मानें तो बस दस मिनट के फेर में बिटिया की जान चली गई।
विज्ञापन


हालांकि उसे इस बात का कतई अंदेशा नहीं था कि चतरा व गोल्डी उसे मार देंगे। वह तो बस उसकी इज्जत से खेलने की खातिर उनके साथ आ गया था। मगर अजय व बुग्गी वाले के आने पर पूरा खेल बिगड़ गया।
विज्ञापन


पुलिस पूछताछ में उसने बताया कि पहले से चतरा-गोल्डी प्लानिंग के तहत ईख के खेत पर उसका इंतजार कर रहे थे। उन्होंने इसी प्लानिंग के तहत ईख में फसल को उजाड़ कर खाली स्थान बनाया था।
विज्ञापन
विज्ञापन


 जब वह अंदर हुज्जत में लगे थे तो बिटिया शोर मचा रही थी। मगर तभी अजय व बुग्गी वाले को आता देख बिटिया का मुंह बंद किया गया। यह बस इसलिए किया गया कि चीख की आवाज बाहर न जाए।


मगर बाहर बिटिया की साइकिल पड़ी थी और बिटिया की चीखें नहीं रुक पा रही थीं। यही पूरा खेल बिगड़ गया और बिटिया को जान से हाथ धोना पड़ा। जेल जाने से पहले  उसने बार-बार यही कहा कि उसे इस घटना का पछतावा है।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed