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जीएसटी ः चार्टर्ड अकाउंटेंट भी असमंजस में

Wed, 05 Jul 2017 01:14 AM IST
ब्यूूराे, अमर उजाला, अलीगढ़।
ब्यूूराे, अमर उजाला, अलीगढ़। Updated Wed, 05 Jul 2017 01:14 AM IST
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GST: Chartered accountant too confused
gst in uttarakhand
देश में जीएसटी लागू होने के बाद जिले के निर्यातक शांत पड़ गए हैं। पिछले चार दिन से औद्योगिक आस्थान एवं तालानगरी में सन्नाटा पसरा है। जीएसटी के प्रावधान को लेकर निर्यातक ही नहीं, बल्कि चार्टर्ड अकाउंटेंट भी असमंजस में हैं। आईटीसी (इनपुट टैक्स क्रेडिट) को लेकर निर्यातक सबसे ज्यादा चिंता में हैं। उल्लेखनीय है कि अलीगढ़ में करीब 250 निर्यातक हैं, जो यूरोप से लेकर खाड़ी एवं दूसरे देशों में व्यापार करते हैं। अनुमानित तौर पर सालाना एक हजार करोड़ रुपये से अधिक का हार्डवेयर एवं ताले का निर्यात होता है। 
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वर्जन 
जीएसटी लागू होने के बाद निवेश बढ़ गया है। 1 करोड़ के माल पर 28 लाख टैक्स और उसके बाद रिफंड। पहले 90 प्रतिशत रिफंड, बाद में 10 प्रतिशत। कुछ भी साफ नहीं है। सीए भी सही जानकारी नहीं दे पा रहे हैं। इसलिए निर्यातक शांत बैठ गए हैं। 
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- ई. दिनेश चंद्र वार्ष्णेय, सचिव अलीगढ़ एक्सपोर्टर एसोसिएशन 

जीएसटी को लेकर असमंजस की स्थिति है। ताले एवं हार्डवेयर पर 18 से 28 प्रतिशत जीएसटी है। आईटीसी को लेकर निर्यातक टेंशन में हैं। कपड़ा, कोल्ड स्टोर से लेकर जेनरल स्टोर संचालक परेशान है। कई वस्तुओं पर टैक्स की दर स्पष्ट नहीं है। 
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- विजय कुमार, सीए 

सूरत की घटना के बाद कपड़ा व्यापारियों में हलचल 
गुजरात के सूरत में कपड़ा व्यापारियों की पुलिस से झड़प के कारण अलीगढ़ के कपड़ा व्यापारियों में हलचल है। हालांकि अभी कोई साफ-साफ कुछ बोलने को तैयार नहीं है। दी अलीगढ़ क्लाथ मर्चेंट एसोसिएशन के सचिव श्याम राजमहल ने कहा कि सरकार को व्यापारियों के साथ बैठ कर बातचीत करनी चाहिए। तानाशाही के दूरगामी परिणाम अच्छे नहीं होते। पहली बार वस्त्र पर टैक्स लगाया गया है, जो अनुचित है। सरकार को इस पर विचार करना चाहिए।

 
जीएसटी से निजीकरण को मिलेगा बढ़ावा : भाकपा 
भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी की ओर से ‘जीएसटी से किसका फायदा’ विषय पर गोष्ठी का आयोजन किया गया। राजेंद्र कुमार माहेश्वरी ने कहा कि जीएसटी से निजीकरण एवं काले धन को बढ़ावा मिलेगा। इसलिए रियल एस्टेट, शराब और निजी स्कूलों को जीएसटी के दायरे से बाहर रखा गया है। गरीबों ने अब जन धन अकाउंट खोला, तो 8 फीसदी सर्विस टैक्स देना होगा। इकबाल मंद ने कहा कि सेनेटरी पैड पर सरकार 12 फीसदी, जबकि सोने पर तीन फीसदी टैक्स लगा रही है। इस अवसर पर एहतेशाम बेग, इरफान अंसारी, हरीश चंद लोधी, राजेश सैनी, सोमा वर्मा, मोहम्मद नईम, गिरीश लोधी, शुभम, सुभाष कुमार, सुरेंद्र वर्मा आदि उपस्थित थे।
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