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RMPSU: जुलाई के दूसरे सप्ताह में जारी होंगे स्नातक-परास्नातक रिजल्ट, एसवी कॉलेज में इस साल से शुरू होगी एमएड
Sun, 25 May 2025 04:55 PM IST
चमन शर्मा
अमर उजाला नेटवर्क, अलीगढ़
अमर उजाला नेटवर्क, अलीगढ़
Published by: चमन शर्मा
Updated Sun, 25 May 2025 04:55 PM IST
सार
अलीगढ़ के एसवी कॉलेज में इसी शैक्षिक सत्र से एमएड की पढ़ाई शुरू होगी। अगले शैक्षिक सत्र से बीएएलएलबी और डी. फार्मा पाठ्यक्रम भी लाने की तैयारी है।
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राजा महेंद्र प्रताप सिंह यूनिवर्सिटी अलीगढ़
- फोटो : अमर उजाला
विस्तार
राजा महेंद्र प्रताप सिंह राज्य विश्वविद्यालय (आरएमपीयू) से संबद्ध महाविद्यालयों में जुलाई के दूसरे सप्ताह में स्नातक और परास्नातक के फाइनल नतीजे जारी होंगे। 24 मई को विवि के परीक्षा नियंत्रक धीरेंद्र कुमार ने कार्यभार संभालने के बाद ये बातें अमर उजाला से कहीं।
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उन्होंने कहा कि इस बार विश्वविद्यालय का पूरा प्रयास होगा कि सबसे पहले बीए, बीएससी, बी.कॉम, बीसीए, बीएलएलबी, बीबीए और एमए, एमएससी, एम.कॉम, एलएलबी, एलएलएम, एमबीए, एमसीए के फाइनल नतीजे घोषित होंगे। इसका फायदा विद्यार्थियों को होगा। वह अपने पसंद के कॉलेज और पाठ्यक्रम में समय के अंदर दाखिला ले सकते हैं।
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उन्होंने कहा कि महाविद्यालयों से समन्वय स्थापित कर उनसे आंतरिक और प्रयोगात्मक अंकों को वेबसाइट पर अपलोड करने के लिए कहा जाएगा, जिससे परीक्षा परिणाम घोषित होने में देरी न हो सके। जल्द ही महाविद्यालयों को इस बाबत पत्र जारी किया जाएगा। उनकी प्राथमिकता समय से परीक्षा और परिणाम घोषित कराना है। इससे पहले विवि में तैनात रहे परीक्षा नियंत्रक अजय कृष्ण यादव को प्रयागराज के उच्च निदेशालय से संबद्ध कर दिया गया था।
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एसवी कॉलेज में इस साल से शुरू होगी एमएड की पढ़ाई
अलीगढ़ के एसवी कॉलेज में इसी शैक्षिक सत्र से एमएड की पढ़ाई शुरू होगी। अगले शैक्षिक सत्र से बीएएलएलबी और डी. फार्मा पाठ्यक्रम भी लाने की तैयारी है। दोनों पाठ्यक्रम रोजगारपरक हैं। कॉलेज में बीएड की पढ़ाई हो रही है। अब कॉलेज प्रशासन और कॉलेज प्रबंध समिति ने मिलकर एमएड पाठ्यक्रम लाने की तैयारी शुरू कर दी। दोनों के सामूहिक प्रयास से एमएड की पढ़ाई की अनुमति मिल गई। पाठ्यक्रम में 30 सीटें होंगी। इसकी पढ़ाई सेल्फ फाइनेंस में होगी। अगले साल नए दो पाठ्यक्रमों की पढ़ाई होगी। पाठ्यक्रम लाने की कवायद शुरू हो गई है। नए पाठ्यक्रम आने से विद्यार्थियों को लाभ होगा। हालांकि, दोनों पाठ्यक्रमों की पढ़ाई डीएस कॉलेज में हो रही है।