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स्टांप चोरी में `1.56 करोड़ का जुर्माना
अमर उजाला ब्यूरो/अलीगढ़
Updated Sat, 17 Oct 2015 01:56 AM IST
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बिल्डर एग्रीमेंट के बजाय मुख्तारनामा कर स्टांप चोरी के तीन मामलों में डीएम ने एक बिल्डर पर 1.56 करोड़ रुपया अर्थदंड लगाया है। इस मामले में बिल्डर को नोटिस थमाते हुए निर्धारित समय सीमा में अर्थदंड जमा करने के आदेश दिये हैं।
मैसर्स सांगवान लैडको प्राइवेट लिमिटेड जीएफ-एफ-29 इंद्रप्रकाश बिल्डिंग बारह खंभा रोड नई दिल्ली द्वारा 528 चिरंजीविहार गाजियाबाद निवासी निदेशक नरेंद्र कुमार, जो हाल निवासी डी-9 विक्रम कालोनी, पर एआईजी स्टांप ने स्टांप अधिनियम में डीएम न्यायालय में वाद दायर कराया थ्ज्ञा। इन पर ग्राम महुआखेड़ा की एक तथा असदपुर कयाम की दो जमीनों का किसानों से 50 रुपये के मुख्तारनामा पर एग्रीमेंट करने का आरोप था।
जबकि एग्रीमेंट की भाषा बिल्डर्स एग्रीमेंट की तरह थी। न्यायालय ने माना कि बिल्डर्स एग्रीमेंट में ज्यादा स्टांप शुल्क जमा करने की नीयत से मुख्तारनामा का सहारा लिया गया। इन तीनों मामलों में बिल्डर पर करीब 1.56 करोड़ रुपये का अर्थदंड लगाया गया है। निर्धारित सीमा में अर्थदंड न देने पर बिल्डर को ब्याज भी देना होगा।
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मैसर्स सांगवान लैडको प्राइवेट लिमिटेड जीएफ-एफ-29 इंद्रप्रकाश बिल्डिंग बारह खंभा रोड नई दिल्ली द्वारा 528 चिरंजीविहार गाजियाबाद निवासी निदेशक नरेंद्र कुमार, जो हाल निवासी डी-9 विक्रम कालोनी, पर एआईजी स्टांप ने स्टांप अधिनियम में डीएम न्यायालय में वाद दायर कराया थ्ज्ञा। इन पर ग्राम महुआखेड़ा की एक तथा असदपुर कयाम की दो जमीनों का किसानों से 50 रुपये के मुख्तारनामा पर एग्रीमेंट करने का आरोप था।
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जबकि एग्रीमेंट की भाषा बिल्डर्स एग्रीमेंट की तरह थी। न्यायालय ने माना कि बिल्डर्स एग्रीमेंट में ज्यादा स्टांप शुल्क जमा करने की नीयत से मुख्तारनामा का सहारा लिया गया। इन तीनों मामलों में बिल्डर पर करीब 1.56 करोड़ रुपये का अर्थदंड लगाया गया है। निर्धारित सीमा में अर्थदंड न देने पर बिल्डर को ब्याज भी देना होगा।
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