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मांगे नहीं मानी गईं तो फिर से करेंगे आंदोलन
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धनीपुर मंडी खुलने के बाद श्री श्री धनेश्वर महादेव मंदिर आढ़तियों के साथ बैठक करते अध्यक्ष सुरेश ?
- फोटो : CITY OFFICE
21 तारीख से बंद धनीपुर मंडी जब सोमवार को खुली तो पहले दिन आधे से कम संख्या में ही किसान अपनी उपज लेकर आए। दोपहर में गल्ला व्यापार कल्याण समिति ने बैठक की। यहां पदाधिकारियों ने कहा कि सरकार ने अगर मंडी शुल्क में कटौती की मांगें नहीं मानी तो फिर से आंदोलन किया जाएगा।
मंडी में सोमवार को सुबह 12 बजे तक तकरीबन एक हजार धान के बोरों की आवक हुई। तकरीबन 650 बोरे मक्का व बाजरा के आए। गेहूं की भी आवक हुई। लेकिन किसानों की संख्या कम थी। मंगलवार-बुधवार से आवक और किसानों की संख्या में इजाफा होने का अनुमान लगाया गया। दोपहर मेें गल्ला व्यापार कल्याण समिति ने बैठक की तो अध्यक्ष सुरेश चंद लोधी ने कहा कि मंडी शुल्क ढाई प्रतिशत है। जबकि विभिन्न नवीनतम कंपनियों को मंडी से बाहर टैक्स में छूट दी जा रही है।
इसीलिए हरियाणा की तर्ज पर एक प्रतिशत मंडी शुल्क होना चाहिए या कंपनियों की खरीद फरोख्त का शुल्क समान होना चाहिए। सरकार अगर 15 दिनों में निर्णय नहीं लेती है तो फिर से जनआंदोलन किया जाएगा। मंडी शुल्क में कटौती नहीं होती है तो फिर से मंडी बंद कर दी जाएगी। इसके साथ ही विधानसभा, मंडी निदेशक, कृषि विभाग को घेरा जाएगा। लखनऊ में अनशन भी करेंगे। बैठक में देवेंद्र पाल सिंह, मनोज कुमार सिंह, सुनील छतारी, सतेंद्र सिंह, सतीश सिंघल, मुनिया सिंह, बॉबी, देव कुमार, संजय गोयल, सोम प्रताप सिंह, देवेंद्र कुमार शर्मा आदि मौजूद रहे।
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मंडी में सोमवार को सुबह 12 बजे तक तकरीबन एक हजार धान के बोरों की आवक हुई। तकरीबन 650 बोरे मक्का व बाजरा के आए। गेहूं की भी आवक हुई। लेकिन किसानों की संख्या कम थी। मंगलवार-बुधवार से आवक और किसानों की संख्या में इजाफा होने का अनुमान लगाया गया। दोपहर मेें गल्ला व्यापार कल्याण समिति ने बैठक की तो अध्यक्ष सुरेश चंद लोधी ने कहा कि मंडी शुल्क ढाई प्रतिशत है। जबकि विभिन्न नवीनतम कंपनियों को मंडी से बाहर टैक्स में छूट दी जा रही है।
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इसीलिए हरियाणा की तर्ज पर एक प्रतिशत मंडी शुल्क होना चाहिए या कंपनियों की खरीद फरोख्त का शुल्क समान होना चाहिए। सरकार अगर 15 दिनों में निर्णय नहीं लेती है तो फिर से जनआंदोलन किया जाएगा। मंडी शुल्क में कटौती नहीं होती है तो फिर से मंडी बंद कर दी जाएगी। इसके साथ ही विधानसभा, मंडी निदेशक, कृषि विभाग को घेरा जाएगा। लखनऊ में अनशन भी करेंगे। बैठक में देवेंद्र पाल सिंह, मनोज कुमार सिंह, सुनील छतारी, सतेंद्र सिंह, सतीश सिंघल, मुनिया सिंह, बॉबी, देव कुमार, संजय गोयल, सोम प्रताप सिंह, देवेंद्र कुमार शर्मा आदि मौजूद रहे।
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