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अलीगढ़ः 29 को आ सकते हैं डॉ. कफील, पुलिस ने दी रिपोर्ट
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डॉ. कफील को यहां सिविल लाइंस में दर्ज मुकदमे में हाईकोर्ट से राहत संबंधी आदेश के मामले में पुलिस ने अपनी रिपोर्ट न्यायालय में दे दी है। जिसमें पुलिस को अभियोजन मंजूरी मिले होने का उल्लेख किया है। वहीं इस मामले में न्यायालय में 29 सितंबर तारीख नियत है और डॉ. कफील न्यायालय में अपना पक्ष रखने उस दिन यहां आ सकते हैं। इसके बाद ही इस मुकदमे पर न्यायालय स्तर से निर्णय लिया जाएगा।
एएमयू में छात्रों के बीच दिए भाषण के बाद हुए उपद्रव से जोड़ते हुए डॉ. कफील पर सिविल लाइंस में मुकदमा दर्ज किया गया था। जिसमें आरोप था कि उनके उकसाने से छात्र आंदोलित हुए और उपद्रव हुआ। बाद में कफील की गिरफ्तारी मुंबई से हुई और उन पर रासुका तक की कार्रवाई की। इस मामले में डॉ. कफील ने हाईकोर्ट में यह याचिका दायर की कि बिना अभियोजन स्वीकृति के मुकदमा उन पर नहीं चल सकता। इस पर हाईकोर्ट ने उनकी याचिका स्वीकारते हुए उन्हें राहत देने संबंधी आदेश दिया। इधर, पुलिस की दलील है कि उनके पास पहले से अभियोजन की स्वीकृति है। इस मामले की निगरानी कर रहे सीओ तृतीय श्वेताभ पांडेय के अनुसार पुलिस स्तर से अपनी रिपोर्ट स्थानीय न्यायालय में दे दी गई है, जिसमें प्रकरण में अभियोजन स्वीकृति मिले होने का उल्लेख किया गया है। अब न्यायालय स्तर से निर्णय लिया जाएगा। वहीं डॉ. कफील के अधिवक्ता इरफान गाजी का कहना है कि इस मामले में न्यायालय को पुलिस ने क्या रिपोर्ट दी है। यह उनके संज्ञान में नहीं है। हां, न्यायालय में प्रकरण में 29 तारीख नियत है। उस दिन खुद डॉ. कफील आ सकते हैं और वे यहां आकर अपना पक्ष रख सकते हैं।
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एएमयू में छात्रों के बीच दिए भाषण के बाद हुए उपद्रव से जोड़ते हुए डॉ. कफील पर सिविल लाइंस में मुकदमा दर्ज किया गया था। जिसमें आरोप था कि उनके उकसाने से छात्र आंदोलित हुए और उपद्रव हुआ। बाद में कफील की गिरफ्तारी मुंबई से हुई और उन पर रासुका तक की कार्रवाई की। इस मामले में डॉ. कफील ने हाईकोर्ट में यह याचिका दायर की कि बिना अभियोजन स्वीकृति के मुकदमा उन पर नहीं चल सकता। इस पर हाईकोर्ट ने उनकी याचिका स्वीकारते हुए उन्हें राहत देने संबंधी आदेश दिया। इधर, पुलिस की दलील है कि उनके पास पहले से अभियोजन की स्वीकृति है। इस मामले की निगरानी कर रहे सीओ तृतीय श्वेताभ पांडेय के अनुसार पुलिस स्तर से अपनी रिपोर्ट स्थानीय न्यायालय में दे दी गई है, जिसमें प्रकरण में अभियोजन स्वीकृति मिले होने का उल्लेख किया गया है। अब न्यायालय स्तर से निर्णय लिया जाएगा। वहीं डॉ. कफील के अधिवक्ता इरफान गाजी का कहना है कि इस मामले में न्यायालय को पुलिस ने क्या रिपोर्ट दी है। यह उनके संज्ञान में नहीं है। हां, न्यायालय में प्रकरण में 29 तारीख नियत है। उस दिन खुद डॉ. कफील आ सकते हैं और वे यहां आकर अपना पक्ष रख सकते हैं।
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