हॉस्टल की छत से कूदी छात्रा, हालत नाजुक
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महानगर के रामघाट रोड इलाके में शुक्रवार देर रात एक हॉस्टल के दूसरे माले से कूदकर छात्रा ने जान देने की कोशिश की। हालांकि छात्रा बच गई। मगर छात्रा की हालत बेहद नाजुक बनी हुई है। शरीर के कई हिस्सों में फ्रैक्चर के बाद उसे दिल्ली ले जाया गया है। इधर, इस पूरे मामले को हॉस्टल से दबा दिया गया है और एक्सीडेंट करार दिया गया है। फिलहाल परिजन हॉस्टल से सामान समेटकर ले गए हैं।
महानगर के क्वार्सी क्षेत्र के रामघाट रोड इलाके में एक निजी हॉस्टल में रहकर छात्रा एमबीबीएस एंट्रेस एग्जाम की तैयारी कर रही है। वह शहर के ही एक कोचिंग में पढ़ने जाती है। मूल रूप से एटा जनपद के जलेसर क्षेत्र की रहने वाली छात्रा ने एएमयू से 12वीं किया था।
इलाके के लोगों और प्रत्यक्षदर्शियों ने शुक्रवार देर रात करीब 9 बजे हुई घटना के विषय में बताया कि हॉस्टल के दूसरे माले से अचानक छात्रा हॉस्टल के पीछे की गली में जा गिरी। तेज आवाज से छात्रा के गिरने पर वहां भीड़ लग गई। अचानक शोरगुल पर हॉस्टल संचालक भी आ गए और मामले को मैनेज करते हुए चुपचाप वहां से छात्रा को ले आए।
उन्होंने उस समय यही प्रचारित किया कि टहलने निकली थी और किसी बाइक से टकरा गई। मगर जब पास के नर्सिंग होम ले जाया गया और शरीर के कई हिस्सों में फ्रैक्चर सामने आए तो यह कोई मानने को तैयार न हुआ कि छात्रा का एक्सीडेंट हुआ है।
इस घटना के बाद हॉस्टल से बाहर निकली चर्चा से सामने आया कि वह पिछले तीन-चार दिन से खाना भी नहीं खा रही थी और बेहद गुमशुम थी। चर्चा यहां तक है कि उसने एक सुसाइड नोट भी छोड़ा है, जिसमें यह सुसाइड मर्जी से करने की बात लिखी है और यह भी लिखा है कि परिजनों को इसे रोड एक्सीडेंट ही बताया जाए।
इधर, हालत ज्यादा नाजुक होने पर रात में ही छात्रा को यहां से दिल्ली रेफर कर दिया गया। खबर पर परिजन भी आ गए थे। खबर है कि परिजन यहां से सामान तक समेटकर ले गए हैं और वह यह भी कहकर गए हैं कि यह मात्र एक्सीडेंट नहीं लग रहा। इसकी जांच कराएंगे।
इस संबंध में हॉस्टल पर पहुंचकर जानकारी की कोशिश की गई तो वहां संचालक द्वारा साफ कह दिया गया कि ऐसा कोई मामला हमारे हॉस्टल से संबंधित नहीं है। बाहर किसी का एक्सीडेंट हुआ था, जिसे उसके परिजन ले गए। इस दौरान स्टाफ को नहीं बोलने दिया गया। वहीं एसओ क्वार्सी रविंद्र बहादुर के अनुसार उनके यहां भी ऐसी कोई सूचना नहीं आई है।