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बैंक मैनेजर से 20 लाख की रंगदारी मांगने वाले दबोचे
अमर उजाला ब्यूूराे
Updated Fri, 17 Mar 2017 02:16 AM IST
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फिरौती मांगने के आरोपियों के बारे में जानकारी देते एसपी सिटी अतुल श्रीवास्तव।
- फोटो : Amar Ujala
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सासनी गेट इलाके में बैंक मैनेजर के बेटे का अपहरण कर हत्या की धमकी देकर 20 लाख की रंगदारी मांगने के दो आरोपी पुलिस ने सर्विलांस की मदद से दबोच लिए गए। खास बात ये है कि दोनों में से एक बैंक मैनेजर के बेटे का ही दोस्त है, जबकि दूसरा उसका नौकर है।
एसपी सिटी अतुल कुमार श्रीवास्तव ने बताया कि सासनीगेट निवासी आरके वार्ष्णेय सेंट्रल बैंक ऑफ इंडिया की खैर ब्रांच में मैनेजर हैं। उनका इकलौता बेटा अंकित वार्ष्णेय एक प्राइवेट इंश्योरेंस कंपनी में काम करता है। सात मार्च को उनके मोबाइल पर कॉल आई और उनसे 20 लाख की रंगदारी मांगते हुए कहा कि अगर रुपये नहीं दिए तो उनके बेटे का अपहरण कर हत्या कर दी जाएगी।
इस पर बैंक मैनेजर ने पुलिस को जानकारी दी। इस मामले में सर्विलांस की मदद ली गई तो पुलिस आरोपियों तक पहुंच गई। पुलिस ने दो आरोपी तरुण पुत्र गौरीशंकर निवासी धोबी वाली गली तुर्कमानगेट थाना कोतवाली व सुनील उर्फ सोनू पुत्र जयंतीलाल निवासी नौरंगाबाद पुलिस चौकी के पीछे छावनी को गिरफ्तार कर लिया।
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बैंक मैनेजर ने दोनों के खिलाफ धारा 384, 506 के तहत मुकदमा दर्ज कराया है। एसपी सिटी ने बताया कि अंकित वार्ष्णेय की तरुण से दोस्ती थी। तरुण डिश केबिल का काम करता है। अंकित की हैसियत देखकर उसके अपहरण की साजिश रची।
उसने अपने साथी लाइनमैन सोनू के मोबाइल में नया सिम डालकर बैंक मैनेजर को फोन कर 20 लाख की फिरौती मांगी। सर्विलांस के जरिये पुलिस अभियुक्तों तक पहुंचने में कामयाब हो गई। इस खुलासे में मुख्य भूमिका सर्विलांस के इंचार्ज छोटेलाल व एमपी सिंह की रही है।
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एसपी सिटी अतुल कुमार श्रीवास्तव ने बताया कि सासनीगेट निवासी आरके वार्ष्णेय सेंट्रल बैंक ऑफ इंडिया की खैर ब्रांच में मैनेजर हैं। उनका इकलौता बेटा अंकित वार्ष्णेय एक प्राइवेट इंश्योरेंस कंपनी में काम करता है। सात मार्च को उनके मोबाइल पर कॉल आई और उनसे 20 लाख की रंगदारी मांगते हुए कहा कि अगर रुपये नहीं दिए तो उनके बेटे का अपहरण कर हत्या कर दी जाएगी।
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इस पर बैंक मैनेजर ने पुलिस को जानकारी दी। इस मामले में सर्विलांस की मदद ली गई तो पुलिस आरोपियों तक पहुंच गई। पुलिस ने दो आरोपी तरुण पुत्र गौरीशंकर निवासी धोबी वाली गली तुर्कमानगेट थाना कोतवाली व सुनील उर्फ सोनू पुत्र जयंतीलाल निवासी नौरंगाबाद पुलिस चौकी के पीछे छावनी को गिरफ्तार कर लिया।
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बैंक मैनेजर ने दोनों के खिलाफ धारा 384, 506 के तहत मुकदमा दर्ज कराया है। एसपी सिटी ने बताया कि अंकित वार्ष्णेय की तरुण से दोस्ती थी। तरुण डिश केबिल का काम करता है। अंकित की हैसियत देखकर उसके अपहरण की साजिश रची।
उसने अपने साथी लाइनमैन सोनू के मोबाइल में नया सिम डालकर बैंक मैनेजर को फोन कर 20 लाख की फिरौती मांगी। सर्विलांस के जरिये पुलिस अभियुक्तों तक पहुंचने में कामयाब हो गई। इस खुलासे में मुख्य भूमिका सर्विलांस के इंचार्ज छोटेलाल व एमपी सिंह की रही है।