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हत्या कर फेंका गया था एएमयूकर्मी का शव, मुकदमा दर्ज
Updated Thu, 25 Oct 2018 02:20 AM IST
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क्राइम न्यूज, अमर उजाला, अलीगढ़
आखिरकार परिवार का अंदेशा सही साबित हुआ। सिविल लाइंस इलाके के जमालपुर फाटक के पास मिले एएमयूकर्मी के शव को हत्या कर फेंका गया था। उसके शरीर पर पिटाई की गंभीर चोटों के निशान पाए गए थे। पैर की हड्डी तक फ्रैक्चर मिली। इसी आधार पर एसएसपी के निर्देश पर प्रकरण में सिविल लाइंस पुलिस ने हत्या का मुकदमा दर्ज आरोपियों तक पहुंचने के प्रयास शुरू कर दिए हैं। इस मामले में सर्विलांस की मदद से पुलिस आरोपियों तक पहुंचने को प्रयासरत है।
जमालपुर निवासी 25 वर्षीय मो.आमिर पुत्र रहीश खां एएमयू लाइब्रेरी में संविदा पर कार्यरत था। 15 अक्तूबर की देर शाम वह खाना खाने के बाद घर से टहलने की कहकर निकला था। इसके बाद वह नहीं लौटा। हालांकि देर रात के बाद परिवार ने खोजबीन भी की, मगर जब कहीं सुराग नहीं मिला तो परिजन यह सोचकर घर लौट आए कि कहीं घूमने निकल गया होगा। इसके बाद सुबह जमालपुर रेलवे फाटक के पास लाइन के सहारे उसका शव पड़ा मिला तो लोगों ने परिवार व पुलिस को खबर दी। इस मामले में सिविल लाइंस पुलिस सुसाइड मानकर जांच की बात कह रही थी। मगर बाद में परिजनों ने जब तर्क दिए कि उसके पैरों व शरीर के अन्य हिस्सों पर पिटाई की चोटों के निशान हैं। पैर में एक फ्रैक्चर भी है। इस तर्क के साथ एसएसपी के सामने साक्ष्य पेश किए तो एसएसपी के निर्देश पर पिता की तहरीर पर अज्ञात में हत्या का मुकदमा दर्ज किया गया है। इंस्पेक्टर सिविल लाइंस के अनुसार मामले में सर्विलांस आदि की मदद से आरोपियों तक पहुंचने के प्रयास किए जा रहे हैं। वहीं बुधवार को भी पीड़ित परिवार ने एसएसपी से मुलाकात कर अपडेट की जानकारी ली। बताया कि थाना पुलिस के स्तर से संभव मदद मिलती नहीं दिख रही है। इस पर एसएसपी ने सिविल लाइंस पुलिस को तेज गति से जांच व कार्रवाई के निर्देश दिए।
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आखिरकार परिवार का अंदेशा सही साबित हुआ। सिविल लाइंस इलाके के जमालपुर फाटक के पास मिले एएमयूकर्मी के शव को हत्या कर फेंका गया था। उसके शरीर पर पिटाई की गंभीर चोटों के निशान पाए गए थे। पैर की हड्डी तक फ्रैक्चर मिली। इसी आधार पर एसएसपी के निर्देश पर प्रकरण में सिविल लाइंस पुलिस ने हत्या का मुकदमा दर्ज आरोपियों तक पहुंचने के प्रयास शुरू कर दिए हैं। इस मामले में सर्विलांस की मदद से पुलिस आरोपियों तक पहुंचने को प्रयासरत है।
जमालपुर निवासी 25 वर्षीय मो.आमिर पुत्र रहीश खां एएमयू लाइब्रेरी में संविदा पर कार्यरत था। 15 अक्तूबर की देर शाम वह खाना खाने के बाद घर से टहलने की कहकर निकला था। इसके बाद वह नहीं लौटा। हालांकि देर रात के बाद परिवार ने खोजबीन भी की, मगर जब कहीं सुराग नहीं मिला तो परिजन यह सोचकर घर लौट आए कि कहीं घूमने निकल गया होगा। इसके बाद सुबह जमालपुर रेलवे फाटक के पास लाइन के सहारे उसका शव पड़ा मिला तो लोगों ने परिवार व पुलिस को खबर दी। इस मामले में सिविल लाइंस पुलिस सुसाइड मानकर जांच की बात कह रही थी। मगर बाद में परिजनों ने जब तर्क दिए कि उसके पैरों व शरीर के अन्य हिस्सों पर पिटाई की चोटों के निशान हैं। पैर में एक फ्रैक्चर भी है। इस तर्क के साथ एसएसपी के सामने साक्ष्य पेश किए तो एसएसपी के निर्देश पर पिता की तहरीर पर अज्ञात में हत्या का मुकदमा दर्ज किया गया है। इंस्पेक्टर सिविल लाइंस के अनुसार मामले में सर्विलांस आदि की मदद से आरोपियों तक पहुंचने के प्रयास किए जा रहे हैं। वहीं बुधवार को भी पीड़ित परिवार ने एसएसपी से मुलाकात कर अपडेट की जानकारी ली। बताया कि थाना पुलिस के स्तर से संभव मदद मिलती नहीं दिख रही है। इस पर एसएसपी ने सिविल लाइंस पुलिस को तेज गति से जांच व कार्रवाई के निर्देश दिए।
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