{"_id":"5753363c4f1c1bd645108e0c","slug":"cmo-house-on-fire-wasted-medicines","type":"story","status":"publish","title_hn":"सीएमओ आवास पर आग लगी, दवाएं बर्बाद","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
सीएमओ आवास पर आग लगी, दवाएं बर्बाद
अमर उजाला ब्यूरो
Updated Sun, 05 Jun 2016 01:51 AM IST
विज्ञापन
आग
- फोटो : अलीगढ़/ब्यूरो
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
मलखान नगर स्थित मुख्य चिकित्सा अधिकारी के आवास पर शनिवार की शाम शार्ट सर्किट होने के कारण आग लग गई। आग जिस कमरे में लगी उसमें दवाएं और कुछ दस्तावेज आदि होने की बात कही जा रही है।
घटना की जानकारी होते ही सीएमओ डॉ. अरूप कुमार राय मौके पर पहुंच गए। आवास के ही बराबर सीएमओ कार्यालय के कर्मचारियों और स्टाफ ने मिलकर आग पर काबू पा लिया। घटना के विषय में सीएमओ डॉ. अरूप कुमार राय ने बताया कि जिस कमरे में आग लगी है उसे गोदाम की तरह इस्तेमाल किया जा रहा था। इस गोदाम में जो दवाएं रखी थीं वह एक्सपायरी हो चुकी थीं।
उन्होंने आग लगने के पीछे किसी षड्यंत्र से भी इनकार किया है। उन्होंने कहा कि इस कमरे में कोई ऐसा दस्तावेज नहीं था जिसे महत्वपूर्ण कहा जा सके। लेकिन हां इस कमरे के बराबर जो कमरा है उसमें जरूर महत्वपूर्ण दस्तावेज रखे हुए हैं। अगर आग उस कमरे तक पहुंचती तो निश्चित रूप से जरूरी दस्तावेजों का नुकसान होता।
विज्ञापन
गौरतलब है कि आग वाले कमरे और उसके बराबर वाले कमरे का विभाजन ईंटों की दीवार से नहीं बल्कि प्लाइवुड से हो रहा है। दूसरे कमरे को जब खुलवा कर देखा गया तो उसमें काला धुआं भर गया था। कुछ देर बाद आग इस तरफ भी आ सकती थी। सीएमओ ने घटना वाले कमरे से सारा सामान निकलवा लिया है। साथ ही बराबर वाले कमरे में रखे दस्तावेजों को भी सुरक्षित स्थान पर पहुंचा दिया गया है।
विज्ञापन
घटना की जानकारी होते ही सीएमओ डॉ. अरूप कुमार राय मौके पर पहुंच गए। आवास के ही बराबर सीएमओ कार्यालय के कर्मचारियों और स्टाफ ने मिलकर आग पर काबू पा लिया। घटना के विषय में सीएमओ डॉ. अरूप कुमार राय ने बताया कि जिस कमरे में आग लगी है उसे गोदाम की तरह इस्तेमाल किया जा रहा था। इस गोदाम में जो दवाएं रखी थीं वह एक्सपायरी हो चुकी थीं।
विज्ञापन
उन्होंने आग लगने के पीछे किसी षड्यंत्र से भी इनकार किया है। उन्होंने कहा कि इस कमरे में कोई ऐसा दस्तावेज नहीं था जिसे महत्वपूर्ण कहा जा सके। लेकिन हां इस कमरे के बराबर जो कमरा है उसमें जरूर महत्वपूर्ण दस्तावेज रखे हुए हैं। अगर आग उस कमरे तक पहुंचती तो निश्चित रूप से जरूरी दस्तावेजों का नुकसान होता।
विज्ञापन
गौरतलब है कि आग वाले कमरे और उसके बराबर वाले कमरे का विभाजन ईंटों की दीवार से नहीं बल्कि प्लाइवुड से हो रहा है। दूसरे कमरे को जब खुलवा कर देखा गया तो उसमें काला धुआं भर गया था। कुछ देर बाद आग इस तरफ भी आ सकती थी। सीएमओ ने घटना वाले कमरे से सारा सामान निकलवा लिया है। साथ ही बराबर वाले कमरे में रखे दस्तावेजों को भी सुरक्षित स्थान पर पहुंचा दिया गया है।