फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Aligarh News ›   Children licked sulphas mistaking it for powder

चूरन समझकर सल्फास चाटा: सात बच्चों ने 26 घंटे बाद पीया पानी, आईसीयू से स्पेशल वार्ड में शिफ्ट, एक है गंभीर

Sun, 03 Aug 2025 11:20 AM IST
चमन शर्मा अमर उजाला नेटवर्क, अलीगढ़
अमर उजाला नेटवर्क, अलीगढ़ Published by: चमन शर्मा Updated Sun, 03 Aug 2025 11:20 AM IST
सार

एक बच्ची गेहूं को घुन से बचाने में प्रयोग होने वाला सल्फास घर से चूरन समझकर उठा लाई थी। उसने जब आंगनबाड़ी केंद्र पर उसे चूरन समझकर खोला तो उसके साथ ही सात दूसरे बच्चों ने भी उसे चाट लिया था। जिससे आठ बच्चों की तबीयत खराब हो गई थी।

विज्ञापन
Children licked sulphas mistaking it for powder
मेडिकल में स्पेशल वार्ड के बाहर बैठे बच्चों के परिजन - फोटो : संवाद

विस्तार

अलीगढ़ में अतरौली तहसील के गांव नरौना आकापुर के कंपोजिट स्कूल परिसर में संचालित आंगनबाड़ी केंद्र पर चूरन समझकर सल्फास चाटने वाले सात बच्चों की तबीयत में सुधार हुआ है। इन बच्चों ने 26 घंटे के बाद 2 अगस्त की दोपहर को पानी पीया है। यह सभी जेएन मेडिकल कालेज में चिकित्सकों की कड़ी निगरानी में हैं। एक बच्चे की हालत अभी भी गंभीर बताई जा रही है। मेडिकल प्रशासन का कहना है कि सभी की हालत में सुधार है। अभी निगरानी में ही रहेंगे।

विज्ञापन


1 अगस्त को सुबह 11 बजे आठ बच्चों ने आंगनबाड़ी केंद्र पर चूरन समझकर सल्फास चाट लिया था। जब आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं को इसकी जानकारी हुई तो तत्काल बच्चों को ग्रामीणों की मदद से अस्पताल पहुंचाया गया। इनमें मुस्कान (3) पुत्री वीरेश, निखिल (4) पुत्र डोरीलाल, राधिका (4) और रोशनी (3) पुत्री सोनू, नेहा (5) और काव्या (4) पुत्री प्रशांत, सुमन (5) और यशकुमार पुत्र प्रेमशंकर हैं। यह सभी अतरौली के गांव नरौना आकापुर के रहने वाले हैं। 
विज्ञापन

यह भी पढ़ें ... Aligarh News: घर से चूरन समझ कर लाए विषाक्त को आंगनबाड़ी में बच्चों ने खाया, आठ की तबीयत खराब, मेडिकल रेफर
विज्ञापन
विज्ञापन

दरअसल एक बच्ची गेहूं को घुन से बचाने में प्रयोग होने वाला सल्फास घर से चूरन समझकर उठा लाई थी। उसने जब आंगनबाड़ी केंद्र पर उसे चूरन समझकर खोला तो उसके साथ ही सात दूसरे बच्चों ने भी उसे चाट लिया था। अस्पताल में तत्काल उपचार शुरू हो गया। सभी को ऑक्सीजन लगाई गई थी। ग्लूकोज चढ़ाया गया। 

2 अगस्त को ऑक्सीजन हटा दी गई। बच्चों की हालत में सुधार होने पर उन्हें स्पेशल वार्ड में भर्ती करा दिया गया है। चौबीस घंटे कड़ी निगरानी के बाद छह बच्चों को 26 घंटे बाद शनिवार दोपहर एक बजे से पानी दिया गया, जबकि एक बच्चे को दोपहर तीन बजे पानी दिया गया। एक बच्चे को पानी नहीं दिया गया है। डॉक्टरों के अनुसार, बच्चों की हालत पर नजर रखी जा रही है। हालत में सुधार है। डीपीओ केके राय ने बताया कि बच्चों के स्वास्थ्य में सुधार होने पर उन्हें पानी पिलाया गया है।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed