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यूपी: कारोबारी के बेटे का अपहरण कर हत्या की, पड़ोसी युवकों ने ही दिया घटना को अंजाम
Wed, 02 Oct 2019 01:56 AM IST
Trainee Trainee
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, अलीगढ़
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, अलीगढ़
Published by: Trainee Trainee
Updated Wed, 02 Oct 2019 01:56 AM IST
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मौके पर कार्रवाई करते हुए पुलिसकर्मी।
- फोटो : फाइल फोटो
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महानगर के देहली गेट थाना क्षेत्र के मैलरोज बाईपास इलाके से मंगलवार सुबह कारोबारी के इकलौते बेटे का अपहरण कर उसकी हत्या कर दी गई। हत्या के बाद आरोपियों द्वारा कारोबारी पिता से दस लाख रुपये की फिरौती मोबाइल पर मांगी गई। हालांकि फिरौती की खबर मिलते ही परिवारजनों के पैरों तले जमीन खिसक गई और बच्चे की सकुशल वापसी के जतन शुरू कर दिए।
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खबर पाकर पुलिस भी बच्चे की खोज में जुट गई। इसी दौरान एक सीसीटीवी में बच्चे को बाइक पर ले जाते एक युवक कैद पाया गया। जिसकी मदद से देर रात पुलिस ने अपहरण में शामिल दोनों पड़ोसी आरोपियों को दबोच लिया और उनकी निशानदेही से महरावल इलाके से रेलवे ट्रैक के सहारे से प्लास्टिक के बोरे में बंद बच्चे की लाश बरामद कर ली गई।
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मैलरोज बाईपास स्थित कामाख्या मंदिर के पास रहने वाले हरीश चंद अग्रवाल का घर में ही हाथ के दस्ताने बनाने का कारोबार है। परिवार में पत्नी संगीता के अलावा एक 13 वर्षीय बेटा युग अग्रवाल और उससे छोटी बेटी वंशिका है। दोनों बच्चे खैर रोड के कृष्ण वल्र्ड इंटरनेशनल स्कूल में पढ़ते थे। जिनमें युग सातवीं का छात्र था।
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मंगलवार को स्कूल में अभिभावक मीटिंग थी। दस बजे के बाद हरीश और उनकी पत्नी बच्चों के साथ स्कूल जाने की तैयारी कर रहे थे। इसी बीच करीब 9.30 से 9.45 बजे के मध्य युग मौलवी नगर में परचून की दुकान पर गोला लेने गया था। इसके बाद से वह घर नहीं लौटा। चूंकि स्कूल जाने को देरी हो रही थी। इसलिए बच्चे की तलाश शुरू कर दी गई। मगर बच्चे का कहीं कोई सुराग नहीं लगा।
इसी दौरान करीब 11 बजे एक अंजान नंबर से पिता के मोबाइल पर फोन आया। फोन करने वाले ने युग के अपहरण की बात बताई और उसे छोडऩे की एवज में 10 लाख रुपये की फिरौती मांगी। यह सुनते ही परिजन पुलिस को सूचना देने बन्नादेवी पहुंचे। मगर वाकया देहली गेट का होने के कारण उन्हें देहली गेट भेजा गया।
इस खबर पर देहली गेट पुलिस हरकत में आ गई। अभी पुलिस खोजबीन कर रही थी और घटनास्थल पर पहुंचकर जांच कर रही थी। इसी बीच दोपहर करीब ढाई बजे फिरौती के लिए दूसरी कॉल भी पिता के मोबाइल पर उसी नंबर से आई।
इसी बीच पुलिस ने किशन वाटिका चौराहे पर एक फैक्ट्री के बाहर लगे सीसीटीवी के फुटेज खंगाले तो उसमें एक डिस्कवर बाइक सवार युवक बालक युग को लेकर जाते हुए कैद पाया गया। हालांकि उस युवक को कोई पहचान नहीं पा रहा था। मगर उस बाइक की पहचान जरूर हो गई थी। देर शाम पुलिस ने फिरौती मांगने वाले मोबाइल नंबर और बाइक के आधार पर मोहल्ले के सचिन उर्फ कल्लू व गगन नाम के युवक हिरासत में लिए गए।
जिनसे देर रात हुई पूछताछ में बच्चे की अपहरण के चंद मिनट बाद ही हत्या किया जाना और शव महरावल के पास फेंका जाना बताया, जिसके आधार पर देर रात पुलिस ने शव बरामद कर लिया। देर रात शव पोस्टमार्टम केंद्र ले आया गया था, जहां रोते-बिलखते परिजन भी पहुंच गए थे।
देहली गेट थाने के इंस्पेक्टर इंद्रेश सिंह ने बताया कि पड़ोस के ही दो युवक बच्चे के अपहरण और हत्या में शामिल थे। दोनों को गिरफ्तार कर बच्चे का शव बरामद कर लिया गया है। दोनों ने बच्चे के अपहरण के कुछ देर बाद ही हत्या कर दी थी। यह बात उन्होंने स्वीकारी है। आगे की कार्यवाही जारी है।