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घायल तारिक को बाइक पर लेकर भागे थे भाई
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23 फरवरी 2020 में ऊपरकोट इलाके में गोली लगने से घायल तारिक को अस्पताल ले जाते लोग उसके भाई। फाइल फोटो।
- फोटो : CITY OFFICE
उपद्रव शाम को जब शुरू हुआ तो तत्कालीन एसएसपी मुनीराज जी वहां खुद मोर्चा ले रहे थे। इसी बीच गोली से जख्मी तारिक को उसके भाई बाइक पर बीच में बैठाकर अस्पताल ले जा रहे थे। इस पर एसएसपी ने रास्ते में पूछा कि क्या हुआ? तो उसके भाइयों ने बताया कि गोली लगी है। तब उन्होंने घायल को सरकारी जीप से अस्पताल भिजवाया था।
जिला अस्पताल से उसे जेएन मेडिकल कॉलेज पहुंचाया गया। जहां उपचार के दौरान पता चला कि सीने से लगी गोली पीठ में जा फंसी है। इसके कुछ दिन बाद उसके ब्रेन में क्लाट की शिकायत हो गई। 10 मार्च के बाद उसे वेंटिलेटर पर ले लिया गया। मगर बाद में बचाया नहीं जा सका। तारिक की मौत की खबर पर प्रशासन बेहद सतर्क हो गया था। शहर में यलो स्कीम लागू कर कुल 25 सेक्टरों में बांटकर पुलिस बल तैनात किया गया था।
तारिक ने कहा था कि विनय ने मारी गोली
अलीगढ़। तारिक को जब भाई बाइक पर ले जा रहे थे। उसे रास्ते में जब एसएसपी ने रोका और पूछा तो उसी समय तारिक ने सबके सामने कहा था कि विनय ने गोली मारी है। इसी आधार पर नामजदगी की गई और विवेचना बढ़ी। मगर पुलिस मजबूत साक्ष्य नहीं खड़े कर पाई। बचाव के अधिवक्ताओं के अनुसार पुलिस ने तारिक के इसी बयान को 161 का बयान बनाया। पुलिस नियमावली के अनुसार यह नियम विरुद्ध है। यह बात अदालत में भी कही गई है।
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जिला अस्पताल से उसे जेएन मेडिकल कॉलेज पहुंचाया गया। जहां उपचार के दौरान पता चला कि सीने से लगी गोली पीठ में जा फंसी है। इसके कुछ दिन बाद उसके ब्रेन में क्लाट की शिकायत हो गई। 10 मार्च के बाद उसे वेंटिलेटर पर ले लिया गया। मगर बाद में बचाया नहीं जा सका। तारिक की मौत की खबर पर प्रशासन बेहद सतर्क हो गया था। शहर में यलो स्कीम लागू कर कुल 25 सेक्टरों में बांटकर पुलिस बल तैनात किया गया था।
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तारिक ने कहा था कि विनय ने मारी गोली
अलीगढ़। तारिक को जब भाई बाइक पर ले जा रहे थे। उसे रास्ते में जब एसएसपी ने रोका और पूछा तो उसी समय तारिक ने सबके सामने कहा था कि विनय ने गोली मारी है। इसी आधार पर नामजदगी की गई और विवेचना बढ़ी। मगर पुलिस मजबूत साक्ष्य नहीं खड़े कर पाई। बचाव के अधिवक्ताओं के अनुसार पुलिस ने तारिक के इसी बयान को 161 का बयान बनाया। पुलिस नियमावली के अनुसार यह नियम विरुद्ध है। यह बात अदालत में भी कही गई है।
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