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AI: एआई से रहें सावधान, हैकर अपना बनकर कर सकता है परेशान, आपका फोटो-आवाज बनाकर हो सकती है ठगी

Wed, 02 Aug 2023 02:35 AM IST
चमन शर्मा अमर उजाला नेटवर्क, अलीगढ़
अमर उजाला नेटवर्क, अलीगढ़ Published by: चमन शर्मा Updated Wed, 02 Aug 2023 02:35 AM IST
सार

हैकर आपको आपके किसी परिचित, करीबी, रिश्तेदार, परिजन की फोटो डीपी लगे नंबर से व्हाट्सएप कॉल करेगा। परेशानी बताकर तत्काल रुपये ऑनलाइन ट्रांसफर करने के लिए कहेगा। चूंकि कॉल परिचित ने किया है और आवाज भी मिलती हुई है। यह सुनकर आप आनन-फानन रुपये ट्रांसफर कर देंगे। 

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Be careful with AI, hackers can create problems by posing as their own
आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

साइबर हैकरों के लिए एआई यानी आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस सॉफ्टवेयर वरदान साबित हो रहा है। इस सॉफ्टवेयर के जरिये ठगी के मामले सामने आने लगे हैं। हालांकि जिले में अभी इसकी शिकायत नहीं आई। मगर साइबर एक्सपर्ट जनपदवासियों को इसके प्रति आगाह कर रहे हैं। साथ में बता रहे हैं कि इन दिनों वीडियो लाइक करने या ऑनलाइन जॉब के नाम पर ठगी के ज्यादा मामले आ रहे हैं। सोशल मीडिया पर इस तरह के प्रलोभनों से दूर रहें। इस तरह की ठगी में पांच मुकदमे दर्ज हुए हैं।

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दुनियाभर में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस चर्चा में है। इसे नई क्रांति के रूप में देखा जा रहा है, लेकिन इस तकनीक का गलत इस्तेमाल भी शुरू हो गया है। इसकी डीपफेक तकनीक की मदद से ठगी शुरू हो गई है। इस ठगी में हैकर आपको आपके किसी परिचित, करीबी, रिश्तेदार, परिजन की फोटो डीपी लगे नंबर से व्हाट्सएप कॉल करेगा। परेशानी बताकर तत्काल रुपये ऑनलाइन ट्रांसफर करने के लिए कहेगा। चूंकि कॉल परिचित ने किया है और आवाज भी मिलती हुई है। यह सुनकर आप आनन-फानन रुपये ट्रांसफर कर देंगे। 
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चूंकि इस ठगी में डीपफेक तकनीक का इस्तेमाल किया जा रहा है। इस तकनीक में असली और नकली के बीच अंतर करना चुनौतीपूर्ण हो जाता है। एआई तकनीक का उपयोग चेहरे की छवियों और आवाज रिकॉर्डिंग जैसे डाटा का विश्लेषण करने के लिए किया जाता है, जिससे हूबहू वीडियो बनाने में मदद मिलती है। ऐसे में असली और नकली का पता लगाना मुश्किल हो जाता है। इसलिए ऐसी कॉल आने पर सावधानी और चालाकी से जांच के बाद ही रुपया ट्रांसफर करने का निर्णय लें।
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ये हो रहे ठगी के शिकार
साइबर थाने में इन दिनों सर्वाधिक शिकायतें सोशल मीडिया पर आने वाले वीडियो को लाइक करने के ऑफर और ऑनलाइन जॉब से ठगी के आ रहे हैं। लाइक करने पर कहा जाता है कि आप जितने लाइक करेंगे, आपको रुपये मिलेंगे। फिर आपसे सत्यापन के नाम पर आपकी बैंक डिटेल पूछकर ठगी कर ली जाती है। इसी तरह ऑनलाइन जॉब के नाम पर आपकी बैंक डिटेल पूछकर ठगी की जाती है। साइबर थाने में ताजा ऐसे पांच मुकदमे दर्ज हुए हैं। जिसमें ऑनलाइन जॉब के नाम पर छह लाख, लाइक संबंधी ठगी में 11 व 22 लाख रुपये तक की ठगी के मुकदमे हैं।


एआई से ठगी की शिकायतें अभी अपने जिले में नहीं, मगर आसपास के जिलों में और बड़े शहरों में ऐसी शिकायतें आई हैं। लोगों को इसके प्रति सजग रहने की जरूरत है। किसी परिचित की आईडी और डीपी वाले नंबर से उसकी आवाज में अगर आपको कॉल आती है तो रुपया ट्रांसफर से पहले उसकी जांच कर लें। साथ में आपके सोशल मीडिया एकाउंट से फोटो व आपकी आवाज हैकर कापी करते हैं तो अपने एकाउंट को टू लॉक स्टैप सिस्टम से सुरक्षित रखें।-सुरेंद्र सिंह, इंस्पेक्टर साइबर थाना

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