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Aligarh News: ग्रीन कॉरिडोर पर बैरिकेडिंग लगाकर रोके ऑटो-ई-रिक्शा, मचा घमासान, मुसाफिर हुए परेशान

Sat, 04 Apr 2026 12:39 PM IST
Chaman Kumar Sharma अमर उजाला नेटवर्क, अलीगढ़
अमर उजाला नेटवर्क, अलीगढ़ Published by: Chaman Kumar Sharma Updated Sat, 04 Apr 2026 12:39 PM IST
सार

सूतमिल चौराहे से बौनेर कट तक 10 किमी लंबा ग्रीन कॉरिडोर बनाया जा रहा है, जिस पर ऑटाे, ई-रिक्शा और टेंपो संचालन प्रतिबंधित है। इसके विरोध में इन वाहनों के चालकों ने नुमाइश मैदान पर प्रदर्शन किया। ऑटो और ई-रिक्शा भी वहीं पर खड़े कर दिए। यहां पर नारेबाजी के दौरान पुलिस से नोकझोंक भी हुई।

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Auto-rickshaws stopped on the green corridor Aligarh
ऑटो चालक यूनियन पदाधिकारी से वार्ता करते इंस्पेक्टर, नुमाइश मैदान में खड़े ऑटो - फोटो : संवाद

विस्तार

अलीगढ़ में ग्रीन कॉरिडोर पर सुबह छह बजे से रात दस बजे तक ऑटाे, ई-रिक्शा और टेंपो संचालन पर प्रतिबंध के चलते 3 अप्रैल को सूत मिल चौराहे से रसलगंज तक पांच स्थानों पर बैरिकेडिंग लगाकर इन वाहनों को रोक दिया गया। 

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बैरिकेडिंग मेलरोज बाईपास, एनसीसी कैंटीन, नुमाइश ग्राउंड, मसूदाबाद और रसलगंज पर लगाई गई, इससे ऑटो और ई-रिक्शा चालकों का सब्र टूट गया। उन्होंने पहले नुमाइश मैदान के साक्षरता द्वार और इसके बाद नगर निगम के सामने जबरदस्त प्रदर्शन किया। चालक इसका पुरजोर विरोध कर रहे हैं। इस दौरान मुसाफिरों को परेशानी का सामना करना पड़ा। 
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सूतमिल चौराहे से बौनेर कट तक 10 किमी लंबा ग्रीन कॉरिडोर बनाया जा रहा है, जिस पर ऑटाे, ई-रिक्शा और टेंपो संचालन प्रतिबंधित है। इसके विरोध में इन वाहनों के चालकों ने सुबह 10 से 12 बजे तक नुमाइश मैदान पर प्रदर्शन किया। ऑटो और ई-रिक्शा भी वहीं पर खड़े कर दिए। यहां पर नारेबाजी के दौरान पुलिस से नोकझोंक भी हुई। पुलिस ने सभी को वहां से हटा कर नगर निगम रवाना कर दिया। यहां से सभी नगर निगम की ओर चल पड़े। लगभग 60-70 वाहनों के काफिले से जेल रोड फ्लाईओवर पर जाम लग गया। दूसरे वाहनों को रुकना पड़ा। 
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कुछ देर में सभी नगर निगम के सेवा भवन कार्यालय के सामने पहुंच गए। यहां सड़क पर दोनों ओर इन वाहनों की कतारें लग गईं। चालकों ने नगर निगम के गेट के अंदर घुसने का प्रयास किया, लेकिन पुलिस ने रोक दिया। इसके बाद प्रदर्शन शुरू हो गया। यहां भी नारेबाजी हुई। लगभग एक घंटे तक प्रदर्शन होता रहा। इसके बाद सहायक नगर आयुक्त वीर सिंह ने एक प्रतिनिधि मंडल को बातचीत के लिए बुलाया। 

Auto-rickshaws stopped on the green corridor Aligarh
मुसाफिर परेशान - फोटो : संवाद

उत्तर प्रदेश ऑटो चालक यूनियन के अलीगढ़ मंडल अध्यक्ष सचिन उर्फ शिवा और न्यू जनता ऑटो चालक एंड ई-रिक्शा यूनियन के जिलाध्यक्ष सुनील शर्मा ने वार्ता की। सहायक नगर आयुक्त ने स्पष्ट कहा कि शनिवार को जिलाधिकारी और नगर आयुक्त के समक्ष अपनी समस्या बताएं। नगर निगम के बाहर जाम न लगाएं। मौके पर मौजूद सीओ तृतीय सर्वम सिंह ने भी उन्हें समझाया। शिवा और सुनील ने कहा कि ऑटो और ई-रिक्शा चालक गरीब परिवारों से हैं। अगर उन्हें चलने नहीं दिया गया तो परिवार को कैसे पालेंगे। यह बहुत बड़ी समस्या है। शनिवार को जिलाधिकारी के समक्ष अपनी मांग उठाएंगे।

ऑटो और ई-रिक्शा चालकों को पूर्व में नोटिस दिया गया था। इसके बाद नुमाइश तक की मोहलत दी गई। अब इस पर और विचार करना संभव नहीं है। ग्रीन कॉरिडोर जनता की सुविधा के लिए है।-प्रेम प्रकाश मीणा, नगर आयुक्त।


ऑटो वालों का दर्द
सूत मिल से बस स्टैंड तक नहीं चलने दिया जा रहा है। सभी कागज बनवाने के बाद पुलिस वाले रोक रहे हैं।-शाबिर, ई-रिक्शा चालक।
सूत मिल से गांधीपार्क नहीं आने दिया गया। कागज बनवाने का क्या लाभ हुआ। कुछ समझ नहीं आ रहा है।-शैलेंद्र, ऑटो चालक।
बीते 11 साल से सूत मिल से रसलगंज तक ऑटो चला रहे हैं। पहली बार रोका गया है, अब हम क्या करेंगे।-आसिफ, ऑटो चालक।
रोड टैक्स, नगर निगम का टैक्स, सब जमा किया। अब गाड़ी नहीं चलाने दे रहे हैं। खाली ऑटो भी रोक रहे हैं।-प्रदीप कुमार, ऑटो चालक।

मुसाफिर बोले
सूत मिल चौराहे से रेलवे रोड आने के लिए टेंपो नहीं मिला, जो मिला उसने 25 रुपये मांगे। बाद में बस से आए।-बच्चू सिंह।
सूत मिल चौराहे से क्वार्सी जाने के लिए ऑटो नहीं मिले। जिससे परेशानी हुई। काफी देर बाद साधन मिला तब पहुंचे।-मुकेश कुमार।

नहीं चलने दिया तो जान दे देंगे : विकास
नगर निगम के बाहर खड़े विकास कुमार ने बताया कि उन्होंने कर्ज लेकर ऑटो लिया है, जिसकी हर महीने की किस्त 15 हजार की है। 1700 रुपये नगर निगम की फीस दी। अब अगर चलने नहीं दिया गया तो परिवार सहित धरने पर बैठेंगे। इसके बाद भी समाधान नहीं हुआ तो परिवार सहित जान दे देंगे। बस स्टैंड से सूत मिल की ओर गाड़ी चलाते हैं, लेकिन शुक्रवार को पुलिस ने चलने नहीं दिया। अब उनके सामने परिवार पालने का दूसरा कोई साधन नहीं है।

रसलगंज से बौनेर तक चलते रहे ऑटो
इस दौरान रसलगंज से बौनेर कट तक कहीं भी बैरिकेडिंग लगाकर ऑटो और ई-रिक्शा को रोका नहीं गया। जिससे इस ओर मुसाफिरों को परेशानी नहीं हुई। हालांकि इन वाहनों की संख्या अन्य दिनों की तुलना में कुछ कम रही।

क्या है ग्रीन कॉरिडोर प्रोजेक्ट, जिसमें ऑटो पर रहेगा प्रतिबंध

  • सूतमिल चौराहे से बौनेर कट तक बन रहा ग्रीन कॉरिडोर
  • सुबह छह बजे से दस बजे तक केवल ई-बसें ही चलेंगी
  • ई-ऑटाे, ई-रिक्शा और सीएनजी टेंपो पर रहेगा प्रतिबंध
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