अलीगढ़: प्रशासन को सता रही 'पांच जनवरी' की चिंता, क्या फिर से बिगड़ सकता है माहौल!
15 दिसंबर की रात एनआरसी और सीएए के विरोध के चलते अलीगढ़ मुस्लिम यूनिवर्सिटी को प्रशासन ने बंद करके प्रदर्शन को थाम तो दिया, मगर पुलिस-प्रशासन को पांच जनवरी की चिंता सताने लगी है। आशंका है कि पांच को विवि खुलते ही छात्र कोई खुराफात न कर दें, इसको लेकर कड़ी सतर्कता बरती जा रही है। एलआईयू से लगातार रिपोर्ट ली जा रही है। वहीं, एएमयू के माहौल को भांपने के लिए विवि प्रशासन को ही जिम्मेदारी दी गई है।
पुलिस सूत्रों के मुताबिक 15 दिसंबर के बाद अचानक से एएमयू की छुट्टी करने से छात्र अपने-अपने घरों को चले गए। इससे विरोध प्रदर्शन को हवा दे रहे कुछ छात्र खुद को अकेला देख बैकफुट पर आ गए थे। हालांकि उनका छिटपुट धरना प्रदर्शन जारी रहा। मगर, जिस प्रकार का माहौल उन्होंने 15 दिसंबर यहां उससे पहले जुमे की नमाज के बाद छात्रों को एकत्रित कर बनाया था।
इससे आशंका है कि वह विवि खुलते ही एक बार फिर से मुद्दे को तूल देने की कोशिश कर सकते हैं। मगर, इनके मंसूबों को कामयाब नहीं होने दिया जाएगा। एसएसपी के मुताबिक खुफिया तंत्र से लगातार इनपुट लिया जा रहा है। विवि प्र्रशासन से लगातार वार्ता जारी है। पांच जनवरी से विवि में फिर से शांतिपूर्ण माहौल के बीच पढ़ाई होगी।
शाहजमाल और चरखवालान के खुराफातियों की तलाश जारी
वहीं 20 दिसंबर को जुमे की नमाज के बाद शाहजमाल और चरखवालान में हुई पत्थरबाजी में पुलिस लगातार खुराफातियों को चिरहृंत करने के काम में जुटी है। जिन 30 से अधिक पत्थरबाजों के फोटो पुलिस ने पत्थरबाजी के बाद जारी किए थे, उनकी गिरफ्तारी को लगातार दबिश दी जा रही है।
इंस्पेक्टर देहली गेट धीरेंद्र मोहन शर्मा के मुताबिक पत्थरबाजी की घटना को अंजाम देने के बाद अधिक खुराफाती अंडरग्राउंड हो गए हैं। उनकी तलाश जारी है। उनके परिवार वालों को आरोपियों की जल्द से जल्द गिरफ्तारी कराने को समझाया जा रहा है। अगर, वह गिरफ्तापी नहीं देंगे तो नियमानुसार कुर्की की कार्रवाई तक की जाएगी।