{"_id":"5f0b738a8ebc3e63750f6499","slug":"aligarh-news-city-office-news-ali238477449","type":"story","status":"publish","title_hn":"कोरोना काल : दूरियों से मिटाया जा रहा रिश्तों पर जमा मैल","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
कोरोना काल : दूरियों से मिटाया जा रहा रिश्तों पर जमा मैल
विज्ञापन
स्मृति गौतम।
- फोटो : CITY OFFICE
राहुल दक्ष
कोरोना काल समाज को कई बदलाव दे रहा है। अब लोग पूरी तरह वर्चुअल दुनिया (मोबाइल की दुनिया) पर निर्भर हैं। अब पारिवारिक विवादों में होने वाले समझौते भी तकनीक के माध्यम से हो रहे हैं। डीएम द्वारा घरेलू हिंसा के मामलों के लिए स्थापित वुमन प्रोटेक्शन सेल (डब्ल्यूपीसी) अब शिकायतों में पक्ष व विपक्ष की सुनवाई फोन पर कर रही है। अब तक टीम ने 15 मामलों में फोन पर ही समझौता कराया है। यह अपने आप में अनूठा और सफल प्रयोग साबित हो रहा है।
वुमन प्रोटेक्शन सेल की प्रभारी स्मृित गौतम के मुताबिक लाकडाउन के बाद से अब तक घरेलू हिंसा के 50 मामले सेल में दर्र्ज किए गए हैं। अधिकांश मामले पति पत्नी या सास बहू के बीच के विवाद के हैं। कोरोना काल के चलते लोगों को सुनवाई के लिए नहीं बुलाया जा रहा था। इससे शिकायतों की लिस्ट लंबी हो रही थी। इसलिये शिकायतकर्ता और आरोपी पक्ष से फोन पर बात करना शुरू किया। टीम की मेंबर नीतू ने लोगों को रिश्ते निभाने की सीख दी और समझौते कराए।
लाकडाउन में विवाद, अब शिकायत
पारिवारिक विवादों में अचानक बढ़ोतरी हो गई है। लाकडाउन के चलते महिलाएं शिकायतें दर्ज नहीं करा सकीं। मगर, अब पुरानी शिकायतों को लेकर हर रोज वुमन प्रोटेक्शन सेल में पहुंच रहीं हैं। कई ने तो डाक के माध्यम से शिकायत भेजीं हैं। डब्ल्यूपीसी इंचार्ज स्मृति गौतम के मुताबिक पिछले एक जून से हर रोज चार से पांच शिकायतें घरेलू विवादों की आ रही हैं।
विज्ञापन
केस-1
छह माह का विवाद, डेढ़ घंटे में निपटा
स्मृित गौतम के मुताबिक बन्नादेवी इलाके की दो बहनों की शादी गभाना के दो सगे भाईयों से हुई थी। छोटी बहन की पति से अनबन हुई तो वह मायके आ गई। यह विवाद महिला थाने तक पहुंच गया। इसके कारण जनवरी से बड़ी बहन भी अपने पति को छोड़ छोटी बहन के साथ मायके में रहने लगी। मामला सेल में आया तो बड़ी बहन और उसके पति से डेढ़ घंटे बातचीत की गई और उन दोनों के बीच समझौता करा गया।
केस-2
दंपति को मनाया, फिर से घर बसवाया
दूसरा मामला पॉलीमुकीमपुर के एक दंपति का आया। इन्होंने डेढ़ साल पहले प्रेम विवाह किया था। विवाह बाद एक बच्ची भी हो गई। कुछ दिनों से दोनों में अनबन होने लगी। महिला ने अपने पति के खिलाफ डब्ल्यूपीसी में शिकायत की। इनके विवाद की सुनवाई भी फोन पर हुई। दोनों को एक-एक कर समझाया। फिर कांफ्रेंस कॉल के जरिये दोनों की बात कराई और उन्हें फिर से एक किया।
विज्ञापन
कोरोना काल समाज को कई बदलाव दे रहा है। अब लोग पूरी तरह वर्चुअल दुनिया (मोबाइल की दुनिया) पर निर्भर हैं। अब पारिवारिक विवादों में होने वाले समझौते भी तकनीक के माध्यम से हो रहे हैं। डीएम द्वारा घरेलू हिंसा के मामलों के लिए स्थापित वुमन प्रोटेक्शन सेल (डब्ल्यूपीसी) अब शिकायतों में पक्ष व विपक्ष की सुनवाई फोन पर कर रही है। अब तक टीम ने 15 मामलों में फोन पर ही समझौता कराया है। यह अपने आप में अनूठा और सफल प्रयोग साबित हो रहा है।
वुमन प्रोटेक्शन सेल की प्रभारी स्मृित गौतम के मुताबिक लाकडाउन के बाद से अब तक घरेलू हिंसा के 50 मामले सेल में दर्र्ज किए गए हैं। अधिकांश मामले पति पत्नी या सास बहू के बीच के विवाद के हैं। कोरोना काल के चलते लोगों को सुनवाई के लिए नहीं बुलाया जा रहा था। इससे शिकायतों की लिस्ट लंबी हो रही थी। इसलिये शिकायतकर्ता और आरोपी पक्ष से फोन पर बात करना शुरू किया। टीम की मेंबर नीतू ने लोगों को रिश्ते निभाने की सीख दी और समझौते कराए।
विज्ञापन
लाकडाउन में विवाद, अब शिकायत
पारिवारिक विवादों में अचानक बढ़ोतरी हो गई है। लाकडाउन के चलते महिलाएं शिकायतें दर्ज नहीं करा सकीं। मगर, अब पुरानी शिकायतों को लेकर हर रोज वुमन प्रोटेक्शन सेल में पहुंच रहीं हैं। कई ने तो डाक के माध्यम से शिकायत भेजीं हैं। डब्ल्यूपीसी इंचार्ज स्मृति गौतम के मुताबिक पिछले एक जून से हर रोज चार से पांच शिकायतें घरेलू विवादों की आ रही हैं।
विज्ञापन
केस-1
छह माह का विवाद, डेढ़ घंटे में निपटा
स्मृित गौतम के मुताबिक बन्नादेवी इलाके की दो बहनों की शादी गभाना के दो सगे भाईयों से हुई थी। छोटी बहन की पति से अनबन हुई तो वह मायके आ गई। यह विवाद महिला थाने तक पहुंच गया। इसके कारण जनवरी से बड़ी बहन भी अपने पति को छोड़ छोटी बहन के साथ मायके में रहने लगी। मामला सेल में आया तो बड़ी बहन और उसके पति से डेढ़ घंटे बातचीत की गई और उन दोनों के बीच समझौता करा गया।
केस-2
दंपति को मनाया, फिर से घर बसवाया
दूसरा मामला पॉलीमुकीमपुर के एक दंपति का आया। इन्होंने डेढ़ साल पहले प्रेम विवाह किया था। विवाह बाद एक बच्ची भी हो गई। कुछ दिनों से दोनों में अनबन होने लगी। महिला ने अपने पति के खिलाफ डब्ल्यूपीसी में शिकायत की। इनके विवाद की सुनवाई भी फोन पर हुई। दोनों को एक-एक कर समझाया। फिर कांफ्रेंस कॉल के जरिये दोनों की बात कराई और उन्हें फिर से एक किया।