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अलीगढ़ : घर से रुपये लेकर निकला है लापता एएमयू छात्र
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अलीगढ़ मुसलिम विश्वविद्यालय (एएमयू) के एबीके यूनियन स्कूल के लापता दसवीं के छात्र का रविवार को दूसरे दिन सुराग नहीं लगा है। मगर प्रारंभिक पुलिस जांच में यह निकलकर आ रहा है कि वह घर से रुपये लेकर गया है। साथ में उसने अपने उस दोस्त से भी रुपये मांगे थे, जिसके घर जाने की कहकर निकला था। फिलहाल पुलिस की टीमें छात्र की तलाश में लगी हैं और मोबाइल सर्विलांस का भी सहारा लिया जा रहा है।
यहां अपने मौसा के घर रहकर पढ़ाई कर रहा मूल रूप से गाजियाबाद के मोदीनगर के गांव कालसीना का दसवीं का छात्र मो.फईक शनिवार दोपहर करीब साढ़े तीन बजे दोदपुर में रहने वाले अपने दोस्त के पास जाने की कहकर गया था। तभी से वह गायब है। इस बीच परिवार को पता चला कि रास्ते में मोबाइल छीनने पर विवाद हुआ है। उस सूचना पर पुलिस भी आई।
हालांकि पुलिस ने उस सूचना को फर्जी पाया है। मौसा राहत अली ने उसी मोबाइल के झगड़े में बच्चे के अगवा होने का अंदेशा जताते हुए पुलिस को तहरीर दी। इसके बाद पुलिस को जब उसके दोस्त से कोई मदद नहीं मिली तो जांच की। इस जांच में सामने आया कि वह मौसा के घर से सात सौ रुपये लेकर निकला और फिर दोस्त से भी 500 रुपये मांगे।
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मगर वहां से रुपये नहीं मिले। इसके बाद छात्र का फोन बंद हुआ है। इंस्पेक्टर अरविंद राठी का मानना है कि छात्र के अपनी मर्जी से जाने का अंदेशा ज्यादा है। फिर भी जांच की जा रही है। सर्विलांस की मदद से बच्चे को तलाशने का प्रयास किया जा रहा है। जल्द तलाश लिया जाएगा।
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यहां अपने मौसा के घर रहकर पढ़ाई कर रहा मूल रूप से गाजियाबाद के मोदीनगर के गांव कालसीना का दसवीं का छात्र मो.फईक शनिवार दोपहर करीब साढ़े तीन बजे दोदपुर में रहने वाले अपने दोस्त के पास जाने की कहकर गया था। तभी से वह गायब है। इस बीच परिवार को पता चला कि रास्ते में मोबाइल छीनने पर विवाद हुआ है। उस सूचना पर पुलिस भी आई।
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हालांकि पुलिस ने उस सूचना को फर्जी पाया है। मौसा राहत अली ने उसी मोबाइल के झगड़े में बच्चे के अगवा होने का अंदेशा जताते हुए पुलिस को तहरीर दी। इसके बाद पुलिस को जब उसके दोस्त से कोई मदद नहीं मिली तो जांच की। इस जांच में सामने आया कि वह मौसा के घर से सात सौ रुपये लेकर निकला और फिर दोस्त से भी 500 रुपये मांगे।
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मगर वहां से रुपये नहीं मिले। इसके बाद छात्र का फोन बंद हुआ है। इंस्पेक्टर अरविंद राठी का मानना है कि छात्र के अपनी मर्जी से जाने का अंदेशा ज्यादा है। फिर भी जांच की जा रही है। सर्विलांस की मदद से बच्चे को तलाशने का प्रयास किया जा रहा है। जल्द तलाश लिया जाएगा।