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अलीगढ़ : मंडल में कोरोना ने फिर दी दस्तक, जिले में लापरवाही
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रेलवे रोड बाजार में बिना मास्क के घूम रहे लोग । अमर उजाला
- फोटो : CITY OFFICE
अलीगढ़ मंडल में फिर से कोरोना ने दस्तक दे दी है। एटा, कासगंज के बाद हाथरस में तीन मामले सामने आने के बाद अलीगढ़ में स्वास्थ्य टीमों को अलर्ट कर दिया गया है। रेलवे स्टेशन, बस स्टैंड व अन्य जगहों पर बाहर से आने वाले लोगों का कोविड टेस्ट किया जा रहा है। मगर, लोग कोरोना को लेकर बेपरवाह दिख रहे हैं, फिर चाहें बाजार हो या बस स्टैंड। सभी जगहों पर लोग बिना मास्क और सामाजिक दूरी के देखे जा सकते हैं।
उनकी यह लापरवाही फिर से भारी पड़ सकती है। 3 जुलाई 2021 से जनपद में कोविड-19 का कोई केस नहीं मिला है। मंडल के अलीगढ़ के अतिरिक्त हाथरस, एटा एवं कासगंज जनपद भी कोरोना मुक्त हो गए थे। लेकिन हाथरस में कोरोना के तीन नए केस मिलने के बाद अधिकारियों की चिंता बढ़ गई है।
एटा एवं कासगंज में भी कोरोना के एक-एक सक्रिय केस है, यानी मंडल में कुल पांच सक्रिय केस हैं। पड़ोसी जनपद में कोरोना संक्रमण के मामले मिलने के बाद स्वास्थ्य विभाग की टीमों को अलर्ट कर दिया गया है। सबसे बड़ी चिंता है कि लोग मास्क, दो गज दूरी एवं हाथ की सफाई का ख्याल नहीं रख रहे हैं।
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अब कोरोना कर्फ्यू खत्म हो गया है। बाजार और शैक्षणिक संस्थान भी खुल गए हैं। राजनीतिक एवं सामाजिक गतिविधियों में काफी भीड़ जुट रही है। सड़कों पर यातायात जाम का नजारा अक्सर देखने को मिल रहा है। रक्षाबंधन के त्योहार में भी काफी संख्या में बाहर के लोगों का यहां आना-जाना हुआ है। ऐसे में कोरोना के खतरे से इंकार नहीं किया जा सकता।
जिला सर्विलांस अधिकारी डॉ. अनुपम भास्कर ने बताया कि आसपास के जनपदों में कोरोना के केस को देखते हुए टीमों को अलर्ट कर दिया गया है। उन्होंने बताया कि जनपद की सीमा, रेलवे स्टेशन एवं बस स्टैंड पर बाहर से आने वाले लोगों का नमूना लिया जा रहा है। उन्होंने कहा कि किसी को बुखार, खासी या अन्य लक्षण महसूस हों तो चिकित्सक को जरूर दिखाएं।
मंडलीय सर्विलांस अधिकारी डॉ. देवेंद्र वार्ष्णेय ने कहा कि मंडल में कोरोना के पांच सक्रिय केस हैं। मौसम बदल रहा है, इसलिए सावधान रहने की जरूरत है। उन्होंने कहा कि मंडल में हर तीसरे व्यक्ति को कोविड का टीका (प्रथम डोज) लग चुका है। उन्होंने लोगों से दो गज की दूरी, मास्क एवं हाथ की सफाई करने का आग्रह किया है।
पीकू में मॉक ड्रिल आज
कोरोना के संभावित खतरों के बीच शुक्रवार को पीडियाट्रिक आईसीयू (पीकू) की तैयारियों का मॉक ड्रिल के माध्यम से जायजा लिया जाएगा। कमियों को दूर किया जाएगा। बच्चों पर कोरोना के संभावित खतरे को देखते हुए जनपद में जेएन मेडिकल कॉलेज एवं पं. दीनदयाल उपाध्याय संयुक्त चिकित्सालय में पिडियाट्रिक आईसीयू (पीकू) बनाया गया है। दोनों एल-2 अस्पताल हैं।
सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र अतरौली, इगलास, खैर एवं चंडौस में भी पीकू बनाए गए हैं। जिला सर्विलांस अधिकारी डॉ. अनुपम भास्कर ने बताया कि सभी पीकू में तैयारियां पूरी हो गई हैं। ऑक्सीजन, उपकरण एवं दवाइयां उपलब्ध करा दी गई हैं। शुक्रवार को पीकू में मॉक ड्रिल कर तैयारियों का परीक्षण किया जाएगा। लखनऊ के स्वास्थ्य निदेशक डॉ. विकास सिंघल भी इसमें शामिल होंगे। अगर कुछ कमी मिलती है तो उसे दूर किया जाएगा।
मेगा टीकाकरण शिविर आज
जनपद में आज मेगा टीकाकरण का आयोजन किया जा रहा है। जनपद को 66 लोगों को टीका लगाने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है। इससे पूर्व दो बार मेगा टीकाकरण का आयोजन हुआ है। पहली बार जनपद प्रदेश में दूसरा स्थान हासिल हुआ था। वहीं दूसरी बार जनपद में सबसे अधिक टीकाकरण हुआ था। स्वास्थ्य विभाग के अधिकारी मेगा टीकाकरण की तैयारी में जुटे हुए हैं।
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उनकी यह लापरवाही फिर से भारी पड़ सकती है। 3 जुलाई 2021 से जनपद में कोविड-19 का कोई केस नहीं मिला है। मंडल के अलीगढ़ के अतिरिक्त हाथरस, एटा एवं कासगंज जनपद भी कोरोना मुक्त हो गए थे। लेकिन हाथरस में कोरोना के तीन नए केस मिलने के बाद अधिकारियों की चिंता बढ़ गई है।
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एटा एवं कासगंज में भी कोरोना के एक-एक सक्रिय केस है, यानी मंडल में कुल पांच सक्रिय केस हैं। पड़ोसी जनपद में कोरोना संक्रमण के मामले मिलने के बाद स्वास्थ्य विभाग की टीमों को अलर्ट कर दिया गया है। सबसे बड़ी चिंता है कि लोग मास्क, दो गज दूरी एवं हाथ की सफाई का ख्याल नहीं रख रहे हैं।
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अब कोरोना कर्फ्यू खत्म हो गया है। बाजार और शैक्षणिक संस्थान भी खुल गए हैं। राजनीतिक एवं सामाजिक गतिविधियों में काफी भीड़ जुट रही है। सड़कों पर यातायात जाम का नजारा अक्सर देखने को मिल रहा है। रक्षाबंधन के त्योहार में भी काफी संख्या में बाहर के लोगों का यहां आना-जाना हुआ है। ऐसे में कोरोना के खतरे से इंकार नहीं किया जा सकता।
जिला सर्विलांस अधिकारी डॉ. अनुपम भास्कर ने बताया कि आसपास के जनपदों में कोरोना के केस को देखते हुए टीमों को अलर्ट कर दिया गया है। उन्होंने बताया कि जनपद की सीमा, रेलवे स्टेशन एवं बस स्टैंड पर बाहर से आने वाले लोगों का नमूना लिया जा रहा है। उन्होंने कहा कि किसी को बुखार, खासी या अन्य लक्षण महसूस हों तो चिकित्सक को जरूर दिखाएं।
मंडलीय सर्विलांस अधिकारी डॉ. देवेंद्र वार्ष्णेय ने कहा कि मंडल में कोरोना के पांच सक्रिय केस हैं। मौसम बदल रहा है, इसलिए सावधान रहने की जरूरत है। उन्होंने कहा कि मंडल में हर तीसरे व्यक्ति को कोविड का टीका (प्रथम डोज) लग चुका है। उन्होंने लोगों से दो गज की दूरी, मास्क एवं हाथ की सफाई करने का आग्रह किया है।
पीकू में मॉक ड्रिल आज
कोरोना के संभावित खतरों के बीच शुक्रवार को पीडियाट्रिक आईसीयू (पीकू) की तैयारियों का मॉक ड्रिल के माध्यम से जायजा लिया जाएगा। कमियों को दूर किया जाएगा। बच्चों पर कोरोना के संभावित खतरे को देखते हुए जनपद में जेएन मेडिकल कॉलेज एवं पं. दीनदयाल उपाध्याय संयुक्त चिकित्सालय में पिडियाट्रिक आईसीयू (पीकू) बनाया गया है। दोनों एल-2 अस्पताल हैं।
सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र अतरौली, इगलास, खैर एवं चंडौस में भी पीकू बनाए गए हैं। जिला सर्विलांस अधिकारी डॉ. अनुपम भास्कर ने बताया कि सभी पीकू में तैयारियां पूरी हो गई हैं। ऑक्सीजन, उपकरण एवं दवाइयां उपलब्ध करा दी गई हैं। शुक्रवार को पीकू में मॉक ड्रिल कर तैयारियों का परीक्षण किया जाएगा। लखनऊ के स्वास्थ्य निदेशक डॉ. विकास सिंघल भी इसमें शामिल होंगे। अगर कुछ कमी मिलती है तो उसे दूर किया जाएगा।
मेगा टीकाकरण शिविर आज
जनपद में आज मेगा टीकाकरण का आयोजन किया जा रहा है। जनपद को 66 लोगों को टीका लगाने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है। इससे पूर्व दो बार मेगा टीकाकरण का आयोजन हुआ है। पहली बार जनपद प्रदेश में दूसरा स्थान हासिल हुआ था। वहीं दूसरी बार जनपद में सबसे अधिक टीकाकरण हुआ था। स्वास्थ्य विभाग के अधिकारी मेगा टीकाकरण की तैयारी में जुटे हुए हैं।