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अलीगढ़ : 35 हजार के बाद 13 हजार मांगे तो पैदा हुआ शक
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नोएडा में बैठकर देश भर के बेरोजगारों को ठगी का शिकार बनाने वाले रैकेट पर क्वार्सी की गुरजीत कौर को 35 हजार रुपये जाने के बाद शक हुआ। उससे 13 हजार रुपये और मांगे गए। इस पर जब उसने सख्त लहजे में बात की तो उल्टा सीधा कहा गया। इसी बात पर गुरजीत ने क्वार्सी पुलिस से संपर्क किया और साइबर सेल को पूरी बात बताई। इसके बाद हरकत में आई पुलिस टीम ने इस पूरे रैकेट का भंडाफोड़ किया।
एसपी सिटी के अनुसार गुरजीत से 35 हजार रुपये जमा कराए जा चुके थे और 13 हजार रुपये और मांगे जा रहे थे। गुरजीत ने पुलिस को बताया कि बेरोजगारी के चलते वैसे ही वह परेशान थी। ऊपर से इस रैकेट ने उससे रुपये ठग लिए। पुलिस जांच में यह भी सामने आया कि कई बेरोजगारों से इस रैकेट ने 50-50 हजार रुपये तक ठगे हैं।
एक एकाउंट में आए 4.20 लाख, करोड़ों के खेल का अनुमान
एसपी सिटी के अनुसार इस एक मामले की जांच में सामने आया है कि जिस एकाउंट में गुरजीत कौर ने रुपये डाले थे। उसमें पिछले एक महीने में 4.20 लाख रुपये डाले गए हैं। रैकेट के अनुसार यह व्यापार लॉकडाउन से कुछ समय पहले ही शुरू किया गया है। इनके अन्य कई बैंक एकाउंट सामने आए हैं। उनकी जांच कराई जा रही है। अनुमान है कि अब तक कई करोड़ रुपये का यह लोग गबन कर चुके हैं। नोएडा पुलिस को भी इसकी सूचना दे दी गई है। वह भी अपने स्तर से जांच कर रही है।
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नौकरी ने दिया आइडिया, खूब खर्च की रकम
पकड़े गए तीनों युवक एमबीए, एमसीए और बीटेक पास हैं। पूर्व में वह इसी तरह की कंसलटेंसी फर्मों में नौकरी कर चुके हैं। वहीं से इन्हें यह आइडिया आया कि कैसे रकम पैदा की जा सकती है। जिन ऑनलाइन वेबसाइटों से ये लोग डाटा चोरी करते थे। वहां से डाटा खरीदा भी जाता है। इन्होंने भी कई बार डाटा खरीदा है। ये लोग यह कहकर डाटा खरीदते थे कि हमारी कंपनी में जॉब निकले हैं। इसके बाद यह ठगी करते थे और रकम को जमकर खर्च किया है। जांच में यह बात सामने आई है। इनके दफ्तर में छह सात लड़के लड़कियां काल सेंटर पर काम करने के लिए कार्यरत थे। उनको यह लोग सिखाकर बैठाते थे और उन्हें नौकरी देते थे। साथ में किसी को न बताने की धमकी देकर उनकी आईडी भी अपने पास जब्त रखते थे।
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एसपी सिटी के अनुसार गुरजीत से 35 हजार रुपये जमा कराए जा चुके थे और 13 हजार रुपये और मांगे जा रहे थे। गुरजीत ने पुलिस को बताया कि बेरोजगारी के चलते वैसे ही वह परेशान थी। ऊपर से इस रैकेट ने उससे रुपये ठग लिए। पुलिस जांच में यह भी सामने आया कि कई बेरोजगारों से इस रैकेट ने 50-50 हजार रुपये तक ठगे हैं।
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एक एकाउंट में आए 4.20 लाख, करोड़ों के खेल का अनुमान
एसपी सिटी के अनुसार इस एक मामले की जांच में सामने आया है कि जिस एकाउंट में गुरजीत कौर ने रुपये डाले थे। उसमें पिछले एक महीने में 4.20 लाख रुपये डाले गए हैं। रैकेट के अनुसार यह व्यापार लॉकडाउन से कुछ समय पहले ही शुरू किया गया है। इनके अन्य कई बैंक एकाउंट सामने आए हैं। उनकी जांच कराई जा रही है। अनुमान है कि अब तक कई करोड़ रुपये का यह लोग गबन कर चुके हैं। नोएडा पुलिस को भी इसकी सूचना दे दी गई है। वह भी अपने स्तर से जांच कर रही है।
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नौकरी ने दिया आइडिया, खूब खर्च की रकम
पकड़े गए तीनों युवक एमबीए, एमसीए और बीटेक पास हैं। पूर्व में वह इसी तरह की कंसलटेंसी फर्मों में नौकरी कर चुके हैं। वहीं से इन्हें यह आइडिया आया कि कैसे रकम पैदा की जा सकती है। जिन ऑनलाइन वेबसाइटों से ये लोग डाटा चोरी करते थे। वहां से डाटा खरीदा भी जाता है। इन्होंने भी कई बार डाटा खरीदा है। ये लोग यह कहकर डाटा खरीदते थे कि हमारी कंपनी में जॉब निकले हैं। इसके बाद यह ठगी करते थे और रकम को जमकर खर्च किया है। जांच में यह बात सामने आई है। इनके दफ्तर में छह सात लड़के लड़कियां काल सेंटर पर काम करने के लिए कार्यरत थे। उनको यह लोग सिखाकर बैठाते थे और उन्हें नौकरी देते थे। साथ में किसी को न बताने की धमकी देकर उनकी आईडी भी अपने पास जब्त रखते थे।