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सख्ती के चलते अतरौली में सबसे ज्यादा परीक्षा छोड़ रहे हैं परीक्षार्थी
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न्यूज डेस्क, अमर उजाला, अलीगढ़।
यूपी बोर्ड परीक्षा में इस वर्ष पिछले वर्ष की तुलना में और ज्यादा सख्ती की गई है। सीसीटीवी कैमरा, वाइस रिकार्डर के साथ हर परीक्षा केंद्रों पर स्टेटिक मजिस्ट्रेटों को तैनात किया गया है। यही कारण है कि काफी संख्या में परीक्षार्थी परीक्षा छोड़ रहे हैं।
पूरे जिले में विगत दिनों में दोनों पालियों में हुई हाईस्कूल व इंटर की हिंदी की परीक्षा में जिले में 20 प्रतिशत परीक्षार्थियों ने परीक्षा छोड़ी। केवल अतरौली में यह आंकड़ा 33 प्रतिशत तक पहुंचा था।
हाईस्कूल की अंग्रेजी की परीक्षा में जिले में 19 प्रतिशत परीक्षार्थी गैर हाजिर रहे। जबकि अतरौली में 29 प्रतिशत ने परीक्षा छोड़ी थी। हाईस्कूल के गणित की परीक्षा में जिले में 23 प्रतिशत परीक्षार्थियों ने परीक्षा छोड़ी। खैर में 16 प्रतिशत, अलीगढ़ में 13 प्रतिशत ने परीक्षा छोड़ दी। जबकि अतरौली में 36 प्रतिशत परीक्षार्थियों ने गणित की परीक्षा छोड़ी।
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जानकारों की माने तो यह आंकड़ा 45 प्रतिशत तक जाने की उम्मीद है। क्योंकि अभी हाईस्कूल की ही गणित की परीक्षा हुई है। इंटर की बाकी है। इंटर की गणित की परीक्षा छोड़ने वाले परीक्षार्थियों का आंकड़ा तेजी बढ़ सकता है।
डीआईओएस डॉ. धर्मेंद्र शर्मा ने बताया कि परीक्षार्थियों द्वारा परीक्षा का छोड़ना बताता है कि परीक्षाएं नकल विहीन ही संपन्न कराई जा रही हैं। आने वाली परीक्षाओं में भी हमारा प्रयास रहेगा कि जिले पर लगे नकल के धब्बे को इस बार पूरे तरीके से धो दें।
शुक्रवार-शनिवार को होने वाली परीक्षा में जुटे अफसर
शुक्रवार व शनिवार को महत्वपूर्ण परीक्षाएं होनी है। यह परीक्षाएं मुख्य रूप से परीक्षार्थियों के आंकड़ों को अगली परीक्षा में कम भी कर देती है। ऐसे में इन परीक्षाओं के मद्देनजर अफसर विभिन्न तैयारियों में जुटे हैं।
सुबह की पाली में शुक्रवार को जहां हाईस्कूल की वाणिज्य की परीक्षा होगी, वहीं इसी पाली में इंटर की भौतिक विज्ञान की परीक्षा प्रस्तावित है। जबकि शनिवार को हाईस्कूल के सामाजिक विज्ञान के साथ इंटर के वाणिज्य वर्ग के परीक्षार्थी गणित की परीक्षा देंगे।
ऐसे में एहतियातन प्रशासन अभी से ही इन परीक्षाओं की प्लानिंग कर रहा है। अब तक आई खामियों को भी दुरुस्त किया जा रहा है।
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यूपी बोर्ड परीक्षा में इस वर्ष पिछले वर्ष की तुलना में और ज्यादा सख्ती की गई है। सीसीटीवी कैमरा, वाइस रिकार्डर के साथ हर परीक्षा केंद्रों पर स्टेटिक मजिस्ट्रेटों को तैनात किया गया है। यही कारण है कि काफी संख्या में परीक्षार्थी परीक्षा छोड़ रहे हैं।
पूरे जिले में विगत दिनों में दोनों पालियों में हुई हाईस्कूल व इंटर की हिंदी की परीक्षा में जिले में 20 प्रतिशत परीक्षार्थियों ने परीक्षा छोड़ी। केवल अतरौली में यह आंकड़ा 33 प्रतिशत तक पहुंचा था।
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हाईस्कूल की अंग्रेजी की परीक्षा में जिले में 19 प्रतिशत परीक्षार्थी गैर हाजिर रहे। जबकि अतरौली में 29 प्रतिशत ने परीक्षा छोड़ी थी। हाईस्कूल के गणित की परीक्षा में जिले में 23 प्रतिशत परीक्षार्थियों ने परीक्षा छोड़ी। खैर में 16 प्रतिशत, अलीगढ़ में 13 प्रतिशत ने परीक्षा छोड़ दी। जबकि अतरौली में 36 प्रतिशत परीक्षार्थियों ने गणित की परीक्षा छोड़ी।
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जानकारों की माने तो यह आंकड़ा 45 प्रतिशत तक जाने की उम्मीद है। क्योंकि अभी हाईस्कूल की ही गणित की परीक्षा हुई है। इंटर की बाकी है। इंटर की गणित की परीक्षा छोड़ने वाले परीक्षार्थियों का आंकड़ा तेजी बढ़ सकता है।
डीआईओएस डॉ. धर्मेंद्र शर्मा ने बताया कि परीक्षार्थियों द्वारा परीक्षा का छोड़ना बताता है कि परीक्षाएं नकल विहीन ही संपन्न कराई जा रही हैं। आने वाली परीक्षाओं में भी हमारा प्रयास रहेगा कि जिले पर लगे नकल के धब्बे को इस बार पूरे तरीके से धो दें।
शुक्रवार-शनिवार को होने वाली परीक्षा में जुटे अफसर
शुक्रवार व शनिवार को महत्वपूर्ण परीक्षाएं होनी है। यह परीक्षाएं मुख्य रूप से परीक्षार्थियों के आंकड़ों को अगली परीक्षा में कम भी कर देती है। ऐसे में इन परीक्षाओं के मद्देनजर अफसर विभिन्न तैयारियों में जुटे हैं।
सुबह की पाली में शुक्रवार को जहां हाईस्कूल की वाणिज्य की परीक्षा होगी, वहीं इसी पाली में इंटर की भौतिक विज्ञान की परीक्षा प्रस्तावित है। जबकि शनिवार को हाईस्कूल के सामाजिक विज्ञान के साथ इंटर के वाणिज्य वर्ग के परीक्षार्थी गणित की परीक्षा देंगे।
ऐसे में एहतियातन प्रशासन अभी से ही इन परीक्षाओं की प्लानिंग कर रहा है। अब तक आई खामियों को भी दुरुस्त किया जा रहा है।