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राकेश सिंह को जारी लेटरपैड पर दी गई थी धमकी
Updated Fri, 03 Nov 2017 01:26 AM IST
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राकेश सिंह को जारी लेटरपैड पर दी गई थी धमकी
ब्यूरो अमर उजाला अलीगढ़।
पूर्व विधायक ठाकुर राकेश सिंह के विधायक कार्यकाल में जिस लेटरपैड पर अधिवक्ता अनूप कौशिक को धमकी दी गई थी। वह लेटरपैड विधानसभा से तत्कालीन विधायक ठा. राकेश सिंह के नाम से ही जारी हुआ था। सूचना का अधिकार अधिनियम के तहत मांगी गई सूचना में विधानसभा सचिवालय से अब इसका खुलासा हुआ है।
अधिवक्ता अनूप कौशिक जब शहर के कई बिल्डरों के खिलाफ अवैध निर्माण आदि की शिकायत आदि कर रहे थे, तब सपा के छर्रा से विधायक रहे ठा. राकेश सिंह के लेटरपैड पर उन्हें धमकी मिली थी कि वह अपनी पैरवी वापस ले लें, वरना गंभीर नतीजा भुगतना होगा। चुनाव हारने के बाद इसी तरह का दूसरा पत्र विधायक के लेटरपैड पर ही जारी हुआ था, जिसमें एक बिल्डर की पैरवी का उल्लेख था। इस मामले में जब तत्कालीन विधायक राकेश सिंह से पूछा गया था तो उन्होंने साफ कहा था कि यह लेटरपैड उनका नहीं है, न ही उनके हस्ताक्षर हैं। हालांकि इस मामले में खुद पूर्व विधायक की ओर से कोर्ट के आदेश पर क्वार्सी थाने में मुकदमा दर्ज कराया गया।
इधर, अनूप कौशिक ने आरटीआई के तहत विधानसभा सचिवालय से सूचना मांगी थी। अब विधानसभा के जनसूचना अधिकारी व संयुक्त सचिव अनिल कुमार सिंह ने उन्हें अवगत कराया है कि यह दोनों लेटरपैड क्रमांक ख-5-279237 व क-5-267120 विधायक राकेश सिंह द्वारा ही विधानसभा सचिवालय से प्राप्त किए गए थे।
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ब्यूरो अमर उजाला अलीगढ़।
पूर्व विधायक ठाकुर राकेश सिंह के विधायक कार्यकाल में जिस लेटरपैड पर अधिवक्ता अनूप कौशिक को धमकी दी गई थी। वह लेटरपैड विधानसभा से तत्कालीन विधायक ठा. राकेश सिंह के नाम से ही जारी हुआ था। सूचना का अधिकार अधिनियम के तहत मांगी गई सूचना में विधानसभा सचिवालय से अब इसका खुलासा हुआ है।
अधिवक्ता अनूप कौशिक जब शहर के कई बिल्डरों के खिलाफ अवैध निर्माण आदि की शिकायत आदि कर रहे थे, तब सपा के छर्रा से विधायक रहे ठा. राकेश सिंह के लेटरपैड पर उन्हें धमकी मिली थी कि वह अपनी पैरवी वापस ले लें, वरना गंभीर नतीजा भुगतना होगा। चुनाव हारने के बाद इसी तरह का दूसरा पत्र विधायक के लेटरपैड पर ही जारी हुआ था, जिसमें एक बिल्डर की पैरवी का उल्लेख था। इस मामले में जब तत्कालीन विधायक राकेश सिंह से पूछा गया था तो उन्होंने साफ कहा था कि यह लेटरपैड उनका नहीं है, न ही उनके हस्ताक्षर हैं। हालांकि इस मामले में खुद पूर्व विधायक की ओर से कोर्ट के आदेश पर क्वार्सी थाने में मुकदमा दर्ज कराया गया।
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इधर, अनूप कौशिक ने आरटीआई के तहत विधानसभा सचिवालय से सूचना मांगी थी। अब विधानसभा के जनसूचना अधिकारी व संयुक्त सचिव अनिल कुमार सिंह ने उन्हें अवगत कराया है कि यह दोनों लेटरपैड क्रमांक ख-5-279237 व क-5-267120 विधायक राकेश सिंह द्वारा ही विधानसभा सचिवालय से प्राप्त किए गए थे।
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