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नहीं पता चला मौत का कारण, बिसरा सुरक्षित
Updated Sun, 03 Sep 2017 12:28 AM IST
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नहीं पता चला मौत का कारण, बिसरा सुरक्षित
ब्यूरो, अमर उजाला, हाथरस।
गांव चिंतापुर बदन के 22 वर्षीय ट्रक ड्राइवर अजय की मौत की गुत्थी पोस्टमार्टम के बाद उलझ गई है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट ने अजय की मौत को हत्या मानकर चल रही पुलिस की उलझन बढ़ा दी है।
पोस्टमार्टम में अजय की मौत का कारण पता नहीं चल सका है, लिहाजा उसका बिसरा सुरक्षित रख लिया गया है। जिसे जांच के लिए फॉरेंसिक लैब भेजा जाएगा।
पोस्टमार्टम में अजय के शरीर में अंदरूनी चोटों के भी निशान डॉक्टरों को नही मिले हैं। इससे उसकी पीट-पीटकर हत्या किए जाने की बात भी अब पुलिस के गले नहीं उतर रही।
हैरत की बात यह है कि अजय अपनी मौत के समय नशे में था। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में उसके नशे में होने की पुष्टि हुई है। कोतवाल अनिल कुमार सिंह का कहना है कि पोस्टमार्टम से मौत का कारण साफ नहीं हो सका है। बिसरा की जांच रिपोर्ट आने पर ही इस बारे में ज्यादा कुछ कहा जा सकता है।
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हालांकि अजय की मौत के दूसरे दिन भी पुलिस आरोपियों तक नहीं पहुंच सकी। कई दबिशों के बावजूद चारों आरोपी पुलिस की पकड़ से दूर ही रहे। मालूम हो कि शुक्रवार दोपहर अजय मंडी में पड़ा मिला था। उसके एक पड़ोसी युवक ने परिजनों को सूचित किया था। मौके पर पहुंचे परिजनों को अजय ने पेट में तेज दर्द होने की बात बताई थी और नगला अलगर्जी के चार लोगों पर उसे बुरी तरह पीटने का आरोप लगाया था।
परिजन अजय को अस्पताल लेकर पहुंचे। जहां उसे मृत घोषित कर दिया गया था। कोतवाली हाथरस गेट पुलिस ने अजय के पिता महेंद्र सिंह की शिकायत पर सभी चार आरोपियों के विरुद्ध हत्या के आरोप में मुकदमा दर्ज किया था।
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ब्यूरो, अमर उजाला, हाथरस।
गांव चिंतापुर बदन के 22 वर्षीय ट्रक ड्राइवर अजय की मौत की गुत्थी पोस्टमार्टम के बाद उलझ गई है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट ने अजय की मौत को हत्या मानकर चल रही पुलिस की उलझन बढ़ा दी है।
पोस्टमार्टम में अजय की मौत का कारण पता नहीं चल सका है, लिहाजा उसका बिसरा सुरक्षित रख लिया गया है। जिसे जांच के लिए फॉरेंसिक लैब भेजा जाएगा।
पोस्टमार्टम में अजय के शरीर में अंदरूनी चोटों के भी निशान डॉक्टरों को नही मिले हैं। इससे उसकी पीट-पीटकर हत्या किए जाने की बात भी अब पुलिस के गले नहीं उतर रही।
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हैरत की बात यह है कि अजय अपनी मौत के समय नशे में था। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में उसके नशे में होने की पुष्टि हुई है। कोतवाल अनिल कुमार सिंह का कहना है कि पोस्टमार्टम से मौत का कारण साफ नहीं हो सका है। बिसरा की जांच रिपोर्ट आने पर ही इस बारे में ज्यादा कुछ कहा जा सकता है।
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हालांकि अजय की मौत के दूसरे दिन भी पुलिस आरोपियों तक नहीं पहुंच सकी। कई दबिशों के बावजूद चारों आरोपी पुलिस की पकड़ से दूर ही रहे। मालूम हो कि शुक्रवार दोपहर अजय मंडी में पड़ा मिला था। उसके एक पड़ोसी युवक ने परिजनों को सूचित किया था। मौके पर पहुंचे परिजनों को अजय ने पेट में तेज दर्द होने की बात बताई थी और नगला अलगर्जी के चार लोगों पर उसे बुरी तरह पीटने का आरोप लगाया था।
परिजन अजय को अस्पताल लेकर पहुंचे। जहां उसे मृत घोषित कर दिया गया था। कोतवाली हाथरस गेट पुलिस ने अजय के पिता महेंद्र सिंह की शिकायत पर सभी चार आरोपियों के विरुद्ध हत्या के आरोप में मुकदमा दर्ज किया था।