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जिले को तीन नए फायर स्टेशन मिले
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न्यूज डेस्क, अमर उजाला, अलीगढ़।
फायरी सीजन (अग्निकांडों का मौसम) शुरू होते ही अग्निकांडों से बचाव के लिए इस बार अतिरिक्त उपायों की व्यवस्था की गई है। इस बार जिले में आगामी तीन महीनों के लिए तीन अतिरिक्त फायर स्टेशन बनाए गए हैं। जो एक गाड़ी और निर्धारित स्टाफ के साथ वहीं पर तैनात रहेंगे। अग्निकांड होने की स्थिति में वहीं से घटना स्थल के लिए मूव कर जाएंगे। जिससे कम रेस्पांस समय में मौके पर पहुंच कर आग को नियंत्रित किया जा सकेगा।
गर्मियों की विधिवत शुरुआत हो चुकी है और अधिकतम तापमान 37 -38 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच रहा है। गर्मियों के समय में अग्निकांडों की संख्या भी बढ़ जाती है, जबकि जिले में फायर ब्रिगेड के संसाधन और क्षमता सीमित है। जिले में गूलर रोड स्थित फायर ब्रिगेड मुख्यालय सहित सात फायर स्टेशन हैं। अन्य छह में तस्वीर महल, ताला नगरी, अतरौली, गभाना, खैर और इगलास शामिल हैं।
जिले में कहीं भी अग्निकांड होने पर यहीं से संसाधन जाते हैं। इन सभी फायर स्टेशनों पर मुख्यालय को छोड़कर 26-26 कर्मियों का स्टाफ रहता है, लेकिन इस बार एहतियाती उपाय के तौर पर जिले में तीन नए अस्थायी फायर ब्रिगेड सृजित हुए हैं। यह टप्पल दादों और अकराबाद थाना मुख्यालयों पर बनाए गए हैं। यहां पर छह लोगों का स्टाफ और एक गाड़ी रहेगी। इनकी तैनाती तीन महीने वहीं पर रहेगी।
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हमारे पास भी सीमित संसाधन हैं। लेकिन शासन की ओर से निर्देश जारी किए गए हैं। इसलिए इसी स्टाफ में से तीन नए सृजित किए गए फायर ब्रिगेड को स्टाफ दिया जाएगा।
- विवेक शर्मा, सीएफओ
शहर में बंद हैं फायर हाईडेंट
अलीगढ़। शहर में ढाई दशक पहले तक विभिन्न स्थानों पर फायर हाईडेंट देखे जा सकते थे। अग्निकांड होने की स्थिति में इनसे बड़ी मात्रा में पानी लिया जा सकता था। यह सीधे नगर निगम के वाटर ओवर हैड टैंक से जुड़े रहते थे, लेकिन अब यह जमीन के नीचे दब गए हैं। कहीं कहीं यह अतिक्रमण की जद में भी आ गए हैं।
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फायरी सीजन (अग्निकांडों का मौसम) शुरू होते ही अग्निकांडों से बचाव के लिए इस बार अतिरिक्त उपायों की व्यवस्था की गई है। इस बार जिले में आगामी तीन महीनों के लिए तीन अतिरिक्त फायर स्टेशन बनाए गए हैं। जो एक गाड़ी और निर्धारित स्टाफ के साथ वहीं पर तैनात रहेंगे। अग्निकांड होने की स्थिति में वहीं से घटना स्थल के लिए मूव कर जाएंगे। जिससे कम रेस्पांस समय में मौके पर पहुंच कर आग को नियंत्रित किया जा सकेगा।
गर्मियों की विधिवत शुरुआत हो चुकी है और अधिकतम तापमान 37 -38 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच रहा है। गर्मियों के समय में अग्निकांडों की संख्या भी बढ़ जाती है, जबकि जिले में फायर ब्रिगेड के संसाधन और क्षमता सीमित है। जिले में गूलर रोड स्थित फायर ब्रिगेड मुख्यालय सहित सात फायर स्टेशन हैं। अन्य छह में तस्वीर महल, ताला नगरी, अतरौली, गभाना, खैर और इगलास शामिल हैं।
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जिले में कहीं भी अग्निकांड होने पर यहीं से संसाधन जाते हैं। इन सभी फायर स्टेशनों पर मुख्यालय को छोड़कर 26-26 कर्मियों का स्टाफ रहता है, लेकिन इस बार एहतियाती उपाय के तौर पर जिले में तीन नए अस्थायी फायर ब्रिगेड सृजित हुए हैं। यह टप्पल दादों और अकराबाद थाना मुख्यालयों पर बनाए गए हैं। यहां पर छह लोगों का स्टाफ और एक गाड़ी रहेगी। इनकी तैनाती तीन महीने वहीं पर रहेगी।
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हमारे पास भी सीमित संसाधन हैं। लेकिन शासन की ओर से निर्देश जारी किए गए हैं। इसलिए इसी स्टाफ में से तीन नए सृजित किए गए फायर ब्रिगेड को स्टाफ दिया जाएगा।
- विवेक शर्मा, सीएफओ
शहर में बंद हैं फायर हाईडेंट
अलीगढ़। शहर में ढाई दशक पहले तक विभिन्न स्थानों पर फायर हाईडेंट देखे जा सकते थे। अग्निकांड होने की स्थिति में इनसे बड़ी मात्रा में पानी लिया जा सकता था। यह सीधे नगर निगम के वाटर ओवर हैड टैंक से जुड़े रहते थे, लेकिन अब यह जमीन के नीचे दब गए हैं। कहीं कहीं यह अतिक्रमण की जद में भी आ गए हैं।