{"_id":"5952a1384f1c1ba10a8b47a7","slug":"14985874918-sikandhra-rahu-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"मुख्यमंत्री आवास पर आत्मदाह की चेतावनी ","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
मुख्यमंत्री आवास पर आत्मदाह की चेतावनी
ब्यूरो, अमर उजाला, सिकंदराराऊ।
Updated Tue, 27 Jun 2017 11:53 PM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
कोतवाली के गांव ईसेपुर निवासी किसान ने चौकी अगसौली की पुलिस पर लूट के आरोपियों को बचाने का आरोप लगाया है। उन्होंने मुख्यमंत्री को पत्र लिखा है जिसमें न्याय न मिलने पर मुख्यमंत्री आवास पर 25 जुलाई को पत्नी सहित आत्मदाह की चेतावनी दी है।
गांव निवासी किसान राजवीर सिंह ने पत्र में उल्लेख किया है कि 3 जून को गांव में ट्रांसफॉर्मर बदलने के लिए विभाग की टीम आई थी। गांव निवासी रघुवीर, ज्ञानसिंह, विनोद ने ट्रांसफॉर्मर की जगह बदलने को विरोध किया। इन तीनों मिलकर उसे पीटा और जेब से 1500 रुपये और मोबाइल लूट लिए।
कोतवाली पुलिस ने एसपी के आदेश पर बमुश्किल 7 जून को रिपोर्ट दर्ज की। आरोप है कि चौकी प्रभारी नामजदों को बचा रहे हैं। नामजद दबंग उसे धमका रहे हैं। पत्र में चेतावनी दी गई है कि यदि उसके साथ न्याय नहीं हुआ तो वह सपत्नीक लखनऊ में मुख्यमंत्री आवास के समक्ष 25 जुलाई को आत्मदाह करेंगे।
विज्ञापन
इधर कोतवाल प्रमोद कुमार द्विवेदी का कहना है कि मामला लूट का नहीं है केवल मारपीट का है। पुलिस जांच में सामने आया है कि लूट की बात गलत लिखाई गई है।
विज्ञापन
गांव निवासी किसान राजवीर सिंह ने पत्र में उल्लेख किया है कि 3 जून को गांव में ट्रांसफॉर्मर बदलने के लिए विभाग की टीम आई थी। गांव निवासी रघुवीर, ज्ञानसिंह, विनोद ने ट्रांसफॉर्मर की जगह बदलने को विरोध किया। इन तीनों मिलकर उसे पीटा और जेब से 1500 रुपये और मोबाइल लूट लिए।
विज्ञापन
कोतवाली पुलिस ने एसपी के आदेश पर बमुश्किल 7 जून को रिपोर्ट दर्ज की। आरोप है कि चौकी प्रभारी नामजदों को बचा रहे हैं। नामजद दबंग उसे धमका रहे हैं। पत्र में चेतावनी दी गई है कि यदि उसके साथ न्याय नहीं हुआ तो वह सपत्नीक लखनऊ में मुख्यमंत्री आवास के समक्ष 25 जुलाई को आत्मदाह करेंगे।
विज्ञापन
इधर कोतवाल प्रमोद कुमार द्विवेदी का कहना है कि मामला लूट का नहीं है केवल मारपीट का है। पुलिस जांच में सामने आया है कि लूट की बात गलत लिखाई गई है।