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Updated Sun, 04 Jun 2017 07:35 PM IST
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एक करोड़ रुपये बकाया है योगी जी
ब्यूरो, अमर उजाला, अलीगढ़।
माननीयों के आगमन पर उनके साथ चलने वाली वीआईपी टैक्सियां देना परिवहन निगम को भारी पड़ रहा है। माननीयों के काफिले में चलने वाली टैक्सियों का भाड़ा एक करोड़ रुपये से अधिक पहुंच गया है। पिछले दौरों पर आए कुछेक माननीयों को छोड़कर अन्य के काफिले में चलने वाली वीआईपी टैक्सियों का भाड़ा भुगतान अब तक नहीं किया गया है।
सोमवार को प्रदेश के मुखिया योगी आदित्यनाथ जनपद के दौरे पर हैं। प्रशासन की मांग पर उनके काफिले में चलने वाली नौ वीआईपी टैक्सियां परिवहन निगम ने सौंप दी हैं।
इन टैक्सियों को पुलिस ने अपनी सुरक्षा में लेकर पुलिस लाइन में खड़ा कर दिया है। जैसे ही सीएम हवाई पट्टी पर पहुंचेंगे यह गाड़ियां उन्हें बिठाकर निरीक्षण को निकल पड़ेगीं। इसी तरह पूर्व में भी माननीयों को जनपद में निरीक्षण व भ्रमण होता रहा है। इसके लिए लगातार परिवहन निगम टैक्सी उपलब्ध कराता रहा, लेकिन उसे इसका भाड़ा नहीं मिला।
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परिवहन विभाग इसके लिए संबंधित विभागों से लगातार पत्राचार तो करता रहता है, लेकिन इस ओर किसी का ध्यान नहीं है। इसलिए बकाया की रकम एक करोड़ रूपये से अधिक हो गई है। विभागीय अधिकारियों के अनुसार एक टैक्सी का भाड़ा एक दिन का 250 रुपये किराया, 35 रुपये प्रति किलोमीटर ईंधन और 15 प्रतिशत सर्विस टैक्स होता है।
भाड़ा मिले तो बढ़ें यात्रियों की सुविधाएं
अलीगढ़। माननीयों को वीआईपी टैक्सी देने का भाड़ा यदि समय पर मिल जाए तो यात्रियों की सुविधा में कितनी बढ़ोत्तरी हो सकती है, ये विचारणीय प्रश्न है। एक करोड़ रुपये में बस स्टैंड पर टिन शेड, पीने के पानी की व्यवस्था, एसी बसों का संचालन सहित खराब परिवहन व्यवस्था में भी सुधार हो सकता है।
वीआईपी मूवमेंट पर टैक्सी मांगने पर उपलब्ध कराई जाती है। टैक्सियों के भाड़े का बिल भेजने पर बकाया मिल जाता है। भाड़ा मिलने में ज्यादा परेशानी नहीं होती है। - अतुल त्रिपाठी आरएम रोडवेज।
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ब्यूरो, अमर उजाला, अलीगढ़।
माननीयों के आगमन पर उनके साथ चलने वाली वीआईपी टैक्सियां देना परिवहन निगम को भारी पड़ रहा है। माननीयों के काफिले में चलने वाली टैक्सियों का भाड़ा एक करोड़ रुपये से अधिक पहुंच गया है। पिछले दौरों पर आए कुछेक माननीयों को छोड़कर अन्य के काफिले में चलने वाली वीआईपी टैक्सियों का भाड़ा भुगतान अब तक नहीं किया गया है।
सोमवार को प्रदेश के मुखिया योगी आदित्यनाथ जनपद के दौरे पर हैं। प्रशासन की मांग पर उनके काफिले में चलने वाली नौ वीआईपी टैक्सियां परिवहन निगम ने सौंप दी हैं।
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इन टैक्सियों को पुलिस ने अपनी सुरक्षा में लेकर पुलिस लाइन में खड़ा कर दिया है। जैसे ही सीएम हवाई पट्टी पर पहुंचेंगे यह गाड़ियां उन्हें बिठाकर निरीक्षण को निकल पड़ेगीं। इसी तरह पूर्व में भी माननीयों को जनपद में निरीक्षण व भ्रमण होता रहा है। इसके लिए लगातार परिवहन निगम टैक्सी उपलब्ध कराता रहा, लेकिन उसे इसका भाड़ा नहीं मिला।
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परिवहन विभाग इसके लिए संबंधित विभागों से लगातार पत्राचार तो करता रहता है, लेकिन इस ओर किसी का ध्यान नहीं है। इसलिए बकाया की रकम एक करोड़ रूपये से अधिक हो गई है। विभागीय अधिकारियों के अनुसार एक टैक्सी का भाड़ा एक दिन का 250 रुपये किराया, 35 रुपये प्रति किलोमीटर ईंधन और 15 प्रतिशत सर्विस टैक्स होता है।
भाड़ा मिले तो बढ़ें यात्रियों की सुविधाएं
अलीगढ़। माननीयों को वीआईपी टैक्सी देने का भाड़ा यदि समय पर मिल जाए तो यात्रियों की सुविधा में कितनी बढ़ोत्तरी हो सकती है, ये विचारणीय प्रश्न है। एक करोड़ रुपये में बस स्टैंड पर टिन शेड, पीने के पानी की व्यवस्था, एसी बसों का संचालन सहित खराब परिवहन व्यवस्था में भी सुधार हो सकता है।
वीआईपी मूवमेंट पर टैक्सी मांगने पर उपलब्ध कराई जाती है। टैक्सियों के भाड़े का बिल भेजने पर बकाया मिल जाता है। भाड़ा मिलने में ज्यादा परेशानी नहीं होती है। - अतुल त्रिपाठी आरएम रोडवेज।