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महिला अस्पताल में मरीज की मौत पर हंगामा
Updated Thu, 07 Dec 2017 01:29 AM IST
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महिला अस्पताल में मरीज की मौत पर हंगामा
ब्यूरो, अमर उजाला अलीगढ़।
मोहनलाल गौतम जिला महिला अस्पताल में आपरेशन के 24 घंटे बाद महिला की हालत बिगड़ने के बाद उसकी मौत हो गई। इस पर महिला के परिजनों ने हंगामा किया। अस्पताल प्रशासन का कहना है कि महिला का सीजेरियन आपरेशन हुआ था। उसे तीन दिन पानी के लिए मना किया गया था, लेकिन उसने बोतल से पानी पी लिया, जिससे पानी उसके फेफड़ों में चला गिया और उसकी मौत हो गई।
नौरंगाबाद निवासी प्रकाश ने अपनी पत्नी शालू को प्रसव के लिए दो दिन पहले जिला महिला अस्पताल में भर्ती कराया था। यहां पर उसका सफल सीजेरियन आपरेशन हो गया। अस्पताल की सीएमएस डॉ. गीता प्रधान कहती हैं कि आपरेशन के बाद उसकी तबियत में सुधार हो रहा था। उसे तीन दिन पानी पीने के लिए मना किया गया था। लेकिन वार्ड में भर्ती अन्य मरीजों के तीमारदारों ने बताया कि रात को शालू ने बोतल से मुंह लगाकर पानी पी लिया, जिससे पानी उसके फेफड़ों में चला गया।
बुधवार को उसकी हालत बिगड़ी तो उसे आपरेशन थिएटर ले जाया गया, जहां उसने दम तोड़ दिया। महिला की मौत के बाद परिजनों ने हंगामा किया। लेकिन परिजनों को बताया कि बच्चा स्वस्थ है। महिला की अपनी लापरवाही उसकी मौत का कारण बनी। बाद में अस्पताल के अन्य स्टाफ के पहुंचने और समझाने के बाद ही मामला शांत हुआ।
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ब्यूरो, अमर उजाला अलीगढ़।
मोहनलाल गौतम जिला महिला अस्पताल में आपरेशन के 24 घंटे बाद महिला की हालत बिगड़ने के बाद उसकी मौत हो गई। इस पर महिला के परिजनों ने हंगामा किया। अस्पताल प्रशासन का कहना है कि महिला का सीजेरियन आपरेशन हुआ था। उसे तीन दिन पानी के लिए मना किया गया था, लेकिन उसने बोतल से पानी पी लिया, जिससे पानी उसके फेफड़ों में चला गिया और उसकी मौत हो गई।
नौरंगाबाद निवासी प्रकाश ने अपनी पत्नी शालू को प्रसव के लिए दो दिन पहले जिला महिला अस्पताल में भर्ती कराया था। यहां पर उसका सफल सीजेरियन आपरेशन हो गया। अस्पताल की सीएमएस डॉ. गीता प्रधान कहती हैं कि आपरेशन के बाद उसकी तबियत में सुधार हो रहा था। उसे तीन दिन पानी पीने के लिए मना किया गया था। लेकिन वार्ड में भर्ती अन्य मरीजों के तीमारदारों ने बताया कि रात को शालू ने बोतल से मुंह लगाकर पानी पी लिया, जिससे पानी उसके फेफड़ों में चला गया।
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बुधवार को उसकी हालत बिगड़ी तो उसे आपरेशन थिएटर ले जाया गया, जहां उसने दम तोड़ दिया। महिला की मौत के बाद परिजनों ने हंगामा किया। लेकिन परिजनों को बताया कि बच्चा स्वस्थ है। महिला की अपनी लापरवाही उसकी मौत का कारण बनी। बाद में अस्पताल के अन्य स्टाफ के पहुंचने और समझाने के बाद ही मामला शांत हुआ।
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