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चुनाव के दौरान काटी मौज, अब वेतन के लाले
Updated Tue, 05 Dec 2017 02:14 AM IST
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चुनाव के दौरान काटी मौज, अब वेतन के लाले
ब्यूरो, अमर उजाला, अलीगढ़।
निकाय चुनाव के दौरान विभागीय कामों को छोड़ना समाज कल्याण विभाग के फील्ड अफसरों के लिए महंगा पड़ा है। जिला समाज कल्याण अधिकारी ने सात फील्ड अफसरों की नवंबर माह की सैलरी अग्रिम आदेशों तक रोक दी है।
नवंबर माह में समाज कल्याण विभाग के फील्ड अफसरों को आधार कार्ड, तहसीलों में संचालित योजनाओं के सत्यापन, समाजवादी पेंशन योजना की जांच, विधवा, दिव्यांग और वृद्धावस्था पेंशनरों के भौतिक सत्यापन समेत अन्य कामों की रिपोर्ट तैयार करने का लक्ष्य दिया गया था।
चुनाव बाद समीक्षा हुई तो पता चला कि इन अफसरों ने अपना काम किया ही नहीं। सातों फील्ड अफसर कोई रिपोर्ट पेश नहीं कर सके।
जिला समाज कल्याण अधिकारी नगेंद्र पाल सिंह ने कहा कि इन अफसरों का नवंबर माह का वेतन अग्रिम आदेशों तक रोक दिया गया है। साथ ही स्पष्टीकरण तलब किया गया है।
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ब्यूरो, अमर उजाला, अलीगढ़।
निकाय चुनाव के दौरान विभागीय कामों को छोड़ना समाज कल्याण विभाग के फील्ड अफसरों के लिए महंगा पड़ा है। जिला समाज कल्याण अधिकारी ने सात फील्ड अफसरों की नवंबर माह की सैलरी अग्रिम आदेशों तक रोक दी है।
नवंबर माह में समाज कल्याण विभाग के फील्ड अफसरों को आधार कार्ड, तहसीलों में संचालित योजनाओं के सत्यापन, समाजवादी पेंशन योजना की जांच, विधवा, दिव्यांग और वृद्धावस्था पेंशनरों के भौतिक सत्यापन समेत अन्य कामों की रिपोर्ट तैयार करने का लक्ष्य दिया गया था।
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चुनाव बाद समीक्षा हुई तो पता चला कि इन अफसरों ने अपना काम किया ही नहीं। सातों फील्ड अफसर कोई रिपोर्ट पेश नहीं कर सके।
जिला समाज कल्याण अधिकारी नगेंद्र पाल सिंह ने कहा कि इन अफसरों का नवंबर माह का वेतन अग्रिम आदेशों तक रोक दिया गया है। साथ ही स्पष्टीकरण तलब किया गया है।
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