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Heart Attacks Symptoms: नाचते गाते और एक्सरसाइज करते-करते हार्ट अटैक से क्यों हो रही मौतें? ये गलतियां न करें
Thu, 20 Feb 2025 12:28 PM IST
धीरेन्द्र सिंह
अमर उजाला नेटवर्क, आगरा
अमर उजाला नेटवर्क, आगरा
Published by: धीरेन्द्र सिंह
Updated Thu, 20 Feb 2025 12:28 PM IST
सार
Heart Attack Symptoms In Hindi: हार्ट अटैक का नाम सुनते ही सीधा मौत का डर दिखाई देता है। पिछले कुछ महीनों में ऐसे मामले सामने आए हैं, जिनमें 20 से 30 साल के युवा हार्ट अटैक में अपनी जान गवां रहे हैं। ऐसा क्यों हो रहा है, जब इस बारे में विशेषज्ञों से बात की गई, तो जानें उनका क्या कहना है...
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हार्ट अटैक के बढ़ते मामले
- फोटो : amarujala.com
विस्तार
Heart Attack Ke Lakshan: नृत्य करते, खेलते-कूदते या व्यायाम करते हार्ट अटैक। आए दिन ऐसी घटनाएं हो रही हैं, जिसमें 20-30 की उम्र के युवाओं की जान जा रही है। इसके लिए चिकित्सक बाहर का खाना, देर रात तक जागना और तनाव को बड़ी वजह मान रहे हैं। चिकित्सकों का मानना है कि जो लोग सप्ताह में 4-5 बार बाहर का भोजन कर रहे हैं उन्हें हार्ट अटैक का तीन गुना ज्यादा खतरा है।
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हृदय रोग विशेषज्ञ डॉ. राजकुमार गुप्ता बताते हैं कि एक अध्ययन के अनुसार 82 फीसदी लोग अपने नौकरी-कार्य के चलते तनाव में हैं। 76 फीसदी चिंतित रहते हैं और 56 फीसदी 7 घंटे से भी कम नींद ले रहे हैं। बीते 5 सालों में बाहर के खाने और फास्ट फूड का चलन तीन गुना से अधिक बढ़ गया है।
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दरअसल, रेस्तरां, स्टॉल समेत अन्य में भोज्य पदार्थों को बनाने के लिए तेल बार-बार गर्म किया जाता है, जिसके चलते ये जहर के समान हो जाता है। इसमें पकी सामग्री के इस्तेमाल से हृदय की नस संकुचित होने लगती हैं। अगर सप्ताह में कोई 4-5 बार बाहर का भोजन करता है तो ऐसे लोगों में हार्ट अटैक का खतरा भी तीन गुना बढ़ जाता है। स्वस्थ दिनचर्या और संतुलित खान-पान से हृदय रोग का खतरा काफी कम हो जाता है।
एंजियोप्लास्टी, एंजियोग्राफी में हर तीसरा मरीज युवा
एसएन मेडिकल कॉलेज के हृदय रोग विभाग के डॉ. सौरभ नागर ने बताया कि ओपीडी में 50 फीसदी मरीज युवा हैं। कैथ लैब में एंजियोग्राफी-एंजियोप्लास्टी करवाने वाले हर तीसरे मरीज की उम्र भी 30 साल से कम है। इसकी बड़ी वजह देर रात तक जगना, कंप्यूटर-मोबाइल चलाना, नौकरी-करियर का तनाव और धूम्रपान-एल्कोहल है। इससे हृदय रोग पनप रहा है।
एसएन मेडिकल कॉलेज के हृदय रोग विभाग के डॉ. सौरभ नागर ने बताया कि ओपीडी में 50 फीसदी मरीज युवा हैं। कैथ लैब में एंजियोग्राफी-एंजियोप्लास्टी करवाने वाले हर तीसरे मरीज की उम्र भी 30 साल से कम है। इसकी बड़ी वजह देर रात तक जगना, कंप्यूटर-मोबाइल चलाना, नौकरी-करियर का तनाव और धूम्रपान-एल्कोहल है। इससे हृदय रोग पनप रहा है।
इन बातों का रखें ख्याल
- धूम्रपान-एल्कोहल से बचें। पास में कोई धूम्रपान करे तो मास्क लगा लें।
- बाजार के भोजन, फास्ट फूड की लत न लगाएं। घर का भोजन करें।
- मोटा अनाज, दाल, हरी सब्जी, सलाद, फल अधिक खाएं।
- रात 8 बजे से पहले भोजन कर लें, 7-8 घंटे की नींद लें।
- रोजाना 45 मिनट तेज गति से चलें, पैदल चलने की आदत डालें।
- महिलाएं घरेलू कार्य करें, योग, ध्यान करें।
- धूम्रपान-एल्कोहल से बचें। पास में कोई धूम्रपान करे तो मास्क लगा लें।
- बाजार के भोजन, फास्ट फूड की लत न लगाएं। घर का भोजन करें।
- मोटा अनाज, दाल, हरी सब्जी, सलाद, फल अधिक खाएं।
- रात 8 बजे से पहले भोजन कर लें, 7-8 घंटे की नींद लें।
- रोजाना 45 मिनट तेज गति से चलें, पैदल चलने की आदत डालें।
- महिलाएं घरेलू कार्य करें, योग, ध्यान करें।