{"_id":"58a0b6314f1c1b5a33d845f0","slug":"water22","type":"story","status":"publish","title_hn":"शहर के कई हिस्सों में नहीं पहुंचा पानी","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
शहर के कई हिस्सों में नहीं पहुंचा पानी
शहर के कई हिस्सों में नहीं पहुंचा पानी
Updated Mon, 13 Feb 2017 12:53 AM IST
विज्ञापन
आगरा में रही पानी की किल्लत
- फोटो : Amar Ujala
सिकंदरा वाटर वर्क्स से पोषित इलाकों में रविवार को पेयजल की किल्लत रही। वाटर वर्क्स में एमबीबीआर प्लांट की सफाई के चलते समस्या पैदा हुई है। जलकल विभाग के अधिकारियों को कहना है कि सोमवार को भी जलापूर्ति प्रभावित रहेगी।
सिकंदरा स्थित 144 एमएलडी ट्रीटमेंट प्लांट का संचालन ठप हो गया है। यमुना में बढ़ते प्रदूषण से प्लांट की शोधन क्षमता प्रभावित हुई है, जिसकी वजह से प्लांट की सफाई करनी पड़ रही है। जीएम जलकल विभाग एसके वर्मा ने बताया कि गंगाजल प्रोजेक्ट की टीम ने रविवार को प्लांट की सफाई की, जिसके चलते बोदला, आवास विकास कालोनी, शाहगंज, केदार नगर सहित कई क्षेत्रों में जलापूर्ति प्रभावित रही। प्लांट की सफाई का कार्य 70 फीसदी हो चुका है, शेष कार्य सोमवार को किया जाएगा।
इनबाक्स...
काला हो गया कालिंदी की जल
आगरा। यमुना नदी में प्रदूषण की मात्रा बढ़ती जा रही है। हालात यह है कि यमुना का पानी पूरी तरह से काला हो गया है। दूषित पानी से सिकंदरा वाटर वर्क्स तो ठप हो ही चुका है, जीवनी मंडी वाटर वर्क्स में जल शोधन में परेशानी आ रही है। पानी शुद्ध करने के लिए एलम और क्लोरीन की डोज बढ़ाने पड़ी है। जलकल विभाग के जीएम का कहना है कि जलशोधन के लिए एलम की मात्रा बढ़ाकर करीब 200 पीपीएम तक करनी पड़ी है। पानी का रंग साफ करने के लिए 80 पीपीएम तक क्लोरीन प्रयोग की जा रही है।
विज्ञापन
विज्ञापन
सिकंदरा स्थित 144 एमएलडी ट्रीटमेंट प्लांट का संचालन ठप हो गया है। यमुना में बढ़ते प्रदूषण से प्लांट की शोधन क्षमता प्रभावित हुई है, जिसकी वजह से प्लांट की सफाई करनी पड़ रही है। जीएम जलकल विभाग एसके वर्मा ने बताया कि गंगाजल प्रोजेक्ट की टीम ने रविवार को प्लांट की सफाई की, जिसके चलते बोदला, आवास विकास कालोनी, शाहगंज, केदार नगर सहित कई क्षेत्रों में जलापूर्ति प्रभावित रही। प्लांट की सफाई का कार्य 70 फीसदी हो चुका है, शेष कार्य सोमवार को किया जाएगा।
विज्ञापन
इनबाक्स...
काला हो गया कालिंदी की जल
आगरा। यमुना नदी में प्रदूषण की मात्रा बढ़ती जा रही है। हालात यह है कि यमुना का पानी पूरी तरह से काला हो गया है। दूषित पानी से सिकंदरा वाटर वर्क्स तो ठप हो ही चुका है, जीवनी मंडी वाटर वर्क्स में जल शोधन में परेशानी आ रही है। पानी शुद्ध करने के लिए एलम और क्लोरीन की डोज बढ़ाने पड़ी है। जलकल विभाग के जीएम का कहना है कि जलशोधन के लिए एलम की मात्रा बढ़ाकर करीब 200 पीपीएम तक करनी पड़ी है। पानी का रंग साफ करने के लिए 80 पीपीएम तक क्लोरीन प्रयोग की जा रही है।
विज्ञापन