{"_id":"5d6e84f88ebc3e93bb4c4f50","slug":"up-bar-council-member-election-will-held-on-14-september-after-darvesh-yadav-murder","type":"feature-story","status":"publish","title_hn":"दरवेश यादव की हत्या के बाद खाली हुए पद पर होगा चुनाव, जारी हुई अधिसूचना","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
दरवेश यादव की हत्या के बाद खाली हुए पद पर होगा चुनाव, जारी हुई अधिसूचना
Wed, 04 Sep 2019 12:16 AM IST
Abhishek Saxena
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, आगरा
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, आगरा
Published by: Abhishek Saxena
Updated Wed, 04 Sep 2019 12:16 AM IST
विज्ञापन
दरवेश यादव (फाइल)
उत्तर प्रदेश बार काउंसिल की अध्यक्ष दरवेश यादव की हत्या के बाद खाली हुई सदस्य पद की सीट पर चुनाव 14 सितंबर को होगा। इसकी अधिसूचना जारी कर दी गई है। 11 की शाम पांच बजे तक नामांकन पत्र दाखिल किए जा सकते हैं। 13 को इन पत्रों की जांच होगी।
दरवेश की हत्या 12 जून को दीवानी कचहरी में की गई थी। हत्यारोपी मनीष बाबू शर्मा ने खुद को गोली मार ली थी। उसकी उपचार के दौरान मौत हो गई। 25 सदस्यीय यूपी बार काउंसिल में दरवेश की हत्या से 24 पद रह गए। तभी से एक पद खाली चल रहा है।
इसी पर चुनाव होना है। काउंसिल के अध्यक्ष हरिशंकर सिंह ने इसकी अधिसूचना जारी की है। नाम वापसी, मतदान और मतगणना 14 को ही होगी। चुनाव परिणाम भी उसी दिन जारी कर दिया जाएगा।
विज्ञापन
विज्ञापन
दरवेश की हत्या 12 जून को दीवानी कचहरी में की गई थी। हत्यारोपी मनीष बाबू शर्मा ने खुद को गोली मार ली थी। उसकी उपचार के दौरान मौत हो गई। 25 सदस्यीय यूपी बार काउंसिल में दरवेश की हत्या से 24 पद रह गए। तभी से एक पद खाली चल रहा है।
विज्ञापन
इसी पर चुनाव होना है। काउंसिल के अध्यक्ष हरिशंकर सिंह ने इसकी अधिसूचना जारी की है। नाम वापसी, मतदान और मतगणना 14 को ही होगी। चुनाव परिणाम भी उसी दिन जारी कर दिया जाएगा।
विज्ञापन
Trending Videos
नामांकन के लिए जमानत राशि एक हजार रुपये है। इसे नगद या ड्राफ्ट के रूप में जमा करना होगा। इसके जमा करने पर ही नामांकन मान्य होगा। चुनाव यूपी बार काउंसिल के कार्यालय पर होगा। यह प्रयागराज में महर्षि दयानंद मार्ग पर है।
हत्या की जांच अभी तक अधूरी
दरवेश यादव की हत्या की जांच अभी तक अधूरी है। पुलिस ने चश्मदीद लोगों के बयान तक दर्ज नहीं किए हैं। मनीष बाबू शर्मा की मौत के बाद से ही जांच की फाइल ठंडे बस्ते में है। इस मामले में अधिवक्ता विनीत गुलेचा और मनीष की पत्नी को भी नामजद कराया गया था। उनकी भूमिका की जांच भी पुलिस पूरी नहीं कर पाई है।
हत्या की जांच अभी तक अधूरी
दरवेश यादव की हत्या की जांच अभी तक अधूरी है। पुलिस ने चश्मदीद लोगों के बयान तक दर्ज नहीं किए हैं। मनीष बाबू शर्मा की मौत के बाद से ही जांच की फाइल ठंडे बस्ते में है। इस मामले में अधिवक्ता विनीत गुलेचा और मनीष की पत्नी को भी नामजद कराया गया था। उनकी भूमिका की जांच भी पुलिस पूरी नहीं कर पाई है।