{"_id":"66d284d4e84ea24c0c001519","slug":"two-youths-committed-fraud-in-the-police-recruitment-examination-in-agra-2024-08-31","type":"feature-story","status":"publish","title_hn":"यूपी पुलिस भर्ती परीक्षा 2024: खाकी की चाहत में बदला नाम, आगरा में दो फर्जी अभ्यर्थी गिरफ्तार","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
यूपी पुलिस भर्ती परीक्षा 2024: खाकी की चाहत में बदला नाम, आगरा में दो फर्जी अभ्यर्थी गिरफ्तार
Sat, 31 Aug 2024 08:19 AM IST
धीरेन्द्र सिंह
अमर उजाला नेटवर्क, आगरा
अमर उजाला नेटवर्क, आगरा
Published by: धीरेन्द्र सिंह
Updated Sat, 31 Aug 2024 08:19 AM IST
सार
आगरा में यूपी पुलिस भर्ती परीक्षा की पहली पाली में अलीगढ़ तो दूसरी में एटा का युवक पकड़ा गया। दोनों ने उम्र कम दिखाने के लिए फर्जी आधार कार्ड बनवाए थे।
विज्ञापन
पुलिस भर्ती परीक्षा
- फोटो : अमर उजाला
विस्तार
आगरा में खाकी वर्दी पहनने की चाहत में दो युवकों ने फर्जीवाड़ा किया। उम्र अधिक होने पर दूसरे नाम से हाईस्कूल और इंटरमीडिएट की परीक्षा दी। शुक्रवार को दूसरे चरण की परीक्षा में पहली और दूसरी पाली में अलीगढ़ और एटा के अभ्यर्थियों को पकड़ा गया। दोनों ने दो-दो आधार कार्ड बनवाए थे। इनके खिलाफ परीक्षा अधिनियम और धोखाधड़ी की धारा में केस दर्ज किए गए। वहीं परीक्षा में 23520 में से 16214 अभ्यर्थी ही परीक्षा देने आए। 7306 अनुपस्थित रहे।
विज्ञापन
सिपाही भर्ती परीक्षा में बायोमेट्रिक के साथ एआई से फर्जी अभ्यर्थियों की धरपकड़ की जा रही है। परीक्षा पहले चरण में 23, 24 और 25 अगस्त को हुई थी। दूसरे और आखिरी चरण की परीक्षा शुक्रवार को 27 सेंटरों पर आयोजित हुई। इसमें 23520 अभ्यर्थियों का पंजीकरण था। पहली पाली में 8091 और दूसरी पाली में 8123 ही शामिल हुए। 16214 ने परीक्षा दी, जबकि 7306 अभ्यर्थियों ने परीक्षा छोड़ दी। परीक्षा की निगरानी 840 सीसीटीवी कैमरों से की गई। तीन स्तरीय सुरक्षा व्यवस्था थी।
विज्ञापन
विज्ञापन
डीसीपी मुख्यालय सैयद अली अब्बास ने बताया कि पहली पाली की परीक्षा में सदर स्थित बीडी जैन काॅलेज में फर्जी अभ्यर्थी पकड़ा गया। मूल रूप से शिवनगर, अलीगढ़ निवासी अरुण ने अपना नाम बदलकर अंकुर कुमार रख लिया था। उसकी जन्मतिथि 1987 की है। उसने हाईस्कूल की परीक्षा दी। मगर, भर्ती के लिए उसकी उम्र की सीमा निकल गई। वह 37 साल का है।
सामान्य वर्ग में सिपाही की भर्ती के लिए अधिकतम उम्र 25 वर्ष चाहिए। मगर, वो सिपाही बनना चाहता था, इसलिए धोखाधड़ी की। उसने अपना नाम बदलकर अंकुर रख लिया। दूसरा आधार कार्ड बनवाया। इसमें वर्ष फरवरी 1996 की जन्मतिथि दर्शायी। इसके बाद हाईस्कूल और इंटरमीडिएट की परीक्षा दी। पुलिस भर्ती की परीक्षा देने आ गया। सत्यापन के दाैरान उसके दो आधार कार्ड सामने आए। पूछताछ में उसने सच बता दिया। उसके खिलाफ थाना सदर में केस दर्ज किया गया।
7 साल कम कर ली उम्र
शाहगंज स्थित राजकीय इंटर काॅलेज में दूसरी पाली की परीक्षा में एटा के रहने वाले राकेश को पकड़ा गया। उसने पहली बार हाईस्कूल की परीक्षा कासगंज के आदर्श इंटर काॅलेज से दी थी। उसका असली नाम किशन है। उसकी जन्मतिथि 14 मई 1987 थी। उसने अपनी जन्मतिथि 1 जुलाई 1994 कर ली। उसकी उम्र 7 साल कम हो गई। बाद में राकेश कुमार के नाम से हाईस्कूल की परीक्षा नगला पीपल, फिरोजाबाद के इंटर काॅलेज से दी। वह सिपाही बनना चाहता था। इसकी तैयारी में लगा था। मगर, उम्र निकलने की वजह से परीक्षा में नहीं बैठ सकता था। इसलिए फर्जीवाड़ा किया। उसे नहीं पता था कि पकड़ा जाएगा।
शाहगंज स्थित राजकीय इंटर काॅलेज में दूसरी पाली की परीक्षा में एटा के रहने वाले राकेश को पकड़ा गया। उसने पहली बार हाईस्कूल की परीक्षा कासगंज के आदर्श इंटर काॅलेज से दी थी। उसका असली नाम किशन है। उसकी जन्मतिथि 14 मई 1987 थी। उसने अपनी जन्मतिथि 1 जुलाई 1994 कर ली। उसकी उम्र 7 साल कम हो गई। बाद में राकेश कुमार के नाम से हाईस्कूल की परीक्षा नगला पीपल, फिरोजाबाद के इंटर काॅलेज से दी। वह सिपाही बनना चाहता था। इसकी तैयारी में लगा था। मगर, उम्र निकलने की वजह से परीक्षा में नहीं बैठ सकता था। इसलिए फर्जीवाड़ा किया। उसे नहीं पता था कि पकड़ा जाएगा।
कई संदेह के घेरे में आए
पुलिस भर्ती परीक्षा में इस बार एआई की मदद ली जा रही है। फर्जी अभ्यर्थियों को चिह्नित किया जा रहा है। इसमें कई पर फर्जी होने का शक जताया गया। हालांकि इस बार दो ही निकले। इसके अलावा पूर्व में शाहगंज और मंटोला में दो फर्जी अभ्यर्थी पकड़े गए थे। इस बार कोई साॅल्वर नहीं पकड़ा गया है। हालांकि परीक्षा केंद्रों के बाहर एसटीएफ को भी लगाया गया है। कई पुलिस के टारगेट पर हैं।
पुलिस भर्ती परीक्षा में इस बार एआई की मदद ली जा रही है। फर्जी अभ्यर्थियों को चिह्नित किया जा रहा है। इसमें कई पर फर्जी होने का शक जताया गया। हालांकि इस बार दो ही निकले। इसके अलावा पूर्व में शाहगंज और मंटोला में दो फर्जी अभ्यर्थी पकड़े गए थे। इस बार कोई साॅल्वर नहीं पकड़ा गया है। हालांकि परीक्षा केंद्रों के बाहर एसटीएफ को भी लगाया गया है। कई पुलिस के टारगेट पर हैं।