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जमानतगीरों के अभाव में तीन बंदी काट रहे सजा
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मैनपुरी। जमानतगीरों के अभाव में जिला जेल में तीन बंदी सजा काट रहे हैं। तीनों की संबंधित न्यायालयों से जमानत मंजूर हो चुकी है लेकिन जमानतगीर नहीं होने के कारण उनकी रिहाई नहीं हो पा रही है।
रिपोर्ट दर्ज होने के बाद विभिन्न अपराधों में पुलिस संबंधित आरोपियों को जेल भेजती है। खुद को निर्दोष बताते हुए आरोपी न्यायालय में जमानत पाने के लिए आवेदन करते हैं। जमानत मंजूर होने के बाद जमानत दाखिल करने पर उनको जेल से रिहा कर दिया जाता है। जेल में तीन ऐसे बंदी हैं जिनकी जिला न्यायालय से जमानत मंजूर हो चुकी है। बंदियों के पास जमानतगीर नहीं होने से उनकी जेल से रिहाई नहीं हो पा रही हैं। परिवार के लोग जमानगीरों की व्यवस्था नहीं कर सके हैं। इससे तीनों जेल काट रहे हैं।
थाना एलाऊ में दर्ज हत्या के एक मुकदमे में अनेग सिंह की पांच फरवरी 2018 को हाईकोर्ट से जमानत मंजूर हो चुकी है। परिजन जमानतगीरों की व्यवस्था नहीं कर सके हैं। जिसके चलते वह जेल में बंद चल रहा है।
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थाना कोतवाली में दर्ज मिलावटी शराब बेचने के मुकदमे में देवेंद्र की स्पेशल जज डकैती की कोर्ट से 15 सितंबर 2021 को जमानत मंजूर हो चुकी है। उसकी जमानत लेेने को कोई जमानतगीर इससे वह जेल में ही है।
मादक पदार्थ रखने के आरोप में थाना बिछवां में दर्ज एक मुकदमे में बक्से खां की स्पेशल जज डकैती की कोर्ट से 30 नवंबर 2021 को जमानत हो चुकी है। जमानतगीर नहीं मिल पाने से वह जेल से रिहा नहीं हो पा रहा है।
जेल में तीन बंदी ऐसे हैं जिनकी जमानत किसी न किसी अदालत से मंजूर हो चुकी है। उनके पास जमानतगीर नहीं होने से उनकी जेल से रिहाई नहीं हो पा रही है।
पवन कुमार त्रिवेदी, जेलर
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रिपोर्ट दर्ज होने के बाद विभिन्न अपराधों में पुलिस संबंधित आरोपियों को जेल भेजती है। खुद को निर्दोष बताते हुए आरोपी न्यायालय में जमानत पाने के लिए आवेदन करते हैं। जमानत मंजूर होने के बाद जमानत दाखिल करने पर उनको जेल से रिहा कर दिया जाता है। जेल में तीन ऐसे बंदी हैं जिनकी जिला न्यायालय से जमानत मंजूर हो चुकी है। बंदियों के पास जमानतगीर नहीं होने से उनकी जेल से रिहाई नहीं हो पा रही हैं। परिवार के लोग जमानगीरों की व्यवस्था नहीं कर सके हैं। इससे तीनों जेल काट रहे हैं।
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थाना एलाऊ में दर्ज हत्या के एक मुकदमे में अनेग सिंह की पांच फरवरी 2018 को हाईकोर्ट से जमानत मंजूर हो चुकी है। परिजन जमानतगीरों की व्यवस्था नहीं कर सके हैं। जिसके चलते वह जेल में बंद चल रहा है।
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थाना कोतवाली में दर्ज मिलावटी शराब बेचने के मुकदमे में देवेंद्र की स्पेशल जज डकैती की कोर्ट से 15 सितंबर 2021 को जमानत मंजूर हो चुकी है। उसकी जमानत लेेने को कोई जमानतगीर इससे वह जेल में ही है।
मादक पदार्थ रखने के आरोप में थाना बिछवां में दर्ज एक मुकदमे में बक्से खां की स्पेशल जज डकैती की कोर्ट से 30 नवंबर 2021 को जमानत हो चुकी है। जमानतगीर नहीं मिल पाने से वह जेल से रिहा नहीं हो पा रहा है।
जेल में तीन बंदी ऐसे हैं जिनकी जमानत किसी न किसी अदालत से मंजूर हो चुकी है। उनके पास जमानतगीर नहीं होने से उनकी जेल से रिहाई नहीं हो पा रही है।
पवन कुमार त्रिवेदी, जेलर