{"_id":"5e8f25d48ebc3e77b6385957","slug":"there-is-no-ration-in-my-house-i-am-going-to-sell-blood-police-help-couple","type":"feature-story","status":"publish","title_hn":"Lockdown in Agra: सर मेरे घर में राशन नहीं, मैं खून बेचने जा रहा हूं...","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Lockdown in Agra: सर मेरे घर में राशन नहीं, मैं खून बेचने जा रहा हूं...
Fri, 10 Apr 2020 12:02 AM IST
Abhishek Saxena
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, आगरा
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, आगरा
Published by: Abhishek Saxena
Updated Fri, 10 Apr 2020 12:02 AM IST
सार
हेलो कंट्रोल रूम : आलू और प्याज भेज दीजिए
विज्ञापन
हरीपर्वत पुलिस स्टेशन आगरा
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
लॉकडाउन में घरों में रहने को मजबूर लोगों के सामने आर्थिक संकट भी खड़ा हो गया है। इस कारण लोग कुछ भी करने पर मजबूर हो रहे हैं। बृहस्पतिवार को न्यू आगरा क्षेत्र के एक दंपती को कोई रास्ता नजर नहीं आया तो वह अपना खून बेचकर ही रुपयों का इंतजाम करने के लिए निकल पड़े।
मगर, पुलिस ने चेकिंग में पकड़ लिया। उनकी बात सुनकर हर कोई सन्न रह गया। पुलिस ने न सिर्फ दंपती को भोजन कराया, बल्कि आगे भी मदद का भरोसा दिलाया।
बृहस्पतिवार दोपहर हरीपर्वत चौराहे पर पुलिस चेकिंग कर रही थी। तभी पैदल एक युवक और महिला आते दिखे। पुलिस ने दोनों को रोक लिया। उनसे घर से बाहर आने का कारण पूछा। पहले तो युवक सकपकाया। बाद में कहा कि वह ऑटो चलाता है। लॉकडाउन की वजह से काम नहीं है। इस कारण एक रुपया भी नहीं मिल पा रहा है। हाल ही में शादी हुई थी।
विज्ञापन
मगर, पुलिस ने चेकिंग में पकड़ लिया। उनकी बात सुनकर हर कोई सन्न रह गया। पुलिस ने न सिर्फ दंपती को भोजन कराया, बल्कि आगे भी मदद का भरोसा दिलाया।
बृहस्पतिवार दोपहर हरीपर्वत चौराहे पर पुलिस चेकिंग कर रही थी। तभी पैदल एक युवक और महिला आते दिखे। पुलिस ने दोनों को रोक लिया। उनसे घर से बाहर आने का कारण पूछा। पहले तो युवक सकपकाया। बाद में कहा कि वह ऑटो चलाता है। लॉकडाउन की वजह से काम नहीं है। इस कारण एक रुपया भी नहीं मिल पा रहा है। हाल ही में शादी हुई थी।
विज्ञापन
ससुराल और मायके वाले भी साथ नहीं दे रहे हैं। राशन का इंतजाम नहीं है। गैस भी दो दिन की बची है। इस कारण मैं और मेरी पत्नी खून बेचने जा रहे हैं। यह सुनकर पुलिसकर्मी सन्न रह गए। बाद में पुलिसकर्मियों ने युवक के दर्द को समझा।
थाना हरीपर्वत के प्रभारी निरीक्षक ने युवक को खाने-पीने का इंतजाम करने का भरोसा दिलाया। युवक न्यू आगरा क्षेत्र का रहने वाला था। इस पर न्यू आगरा पुलिस को जानकारी दी गई। इसके बाद युवक को भोजन उपलब्ध कराया।
हेलो कंट्रोल रूम: आलू और प्याज भेज दीजिए
हेलो कंट्रोल रूम... मैं वजीरपुरा से बोल रहा हूं। मेरे घर में सब्जी नहीं है। मुझे पांच किलोग्राम आलू और एक किलोग्राम प्याज चाहिए। मैं मोहल्ले के बाहर खड़ा हुआ हूं। पुलिस कंट्रोल रूम पर आई इस सूचना ने पुलिस को परेशानी में डाल दिया। सब्जी और राशन की दुकान पहले से ही बंद थीं। ऐसे में युवक की मांग को पुलिस पूरी नहीं कर पाई।
थाना हरीपर्वत के प्रभारी निरीक्षक ने युवक को खाने-पीने का इंतजाम करने का भरोसा दिलाया। युवक न्यू आगरा क्षेत्र का रहने वाला था। इस पर न्यू आगरा पुलिस को जानकारी दी गई। इसके बाद युवक को भोजन उपलब्ध कराया।
हेलो कंट्रोल रूम: आलू और प्याज भेज दीजिए
हेलो कंट्रोल रूम... मैं वजीरपुरा से बोल रहा हूं। मेरे घर में सब्जी नहीं है। मुझे पांच किलोग्राम आलू और एक किलोग्राम प्याज चाहिए। मैं मोहल्ले के बाहर खड़ा हुआ हूं। पुलिस कंट्रोल रूम पर आई इस सूचना ने पुलिस को परेशानी में डाल दिया। सब्जी और राशन की दुकान पहले से ही बंद थीं। ऐसे में युवक की मांग को पुलिस पूरी नहीं कर पाई।