फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Agra News ›   The fate of Nalanda Crown may be like Twin Towers

Agra News: ट्विन टावर जैसा न हो जाए नालंदा क्राउन का हश्र, खरीददारों के फंसे हैं 500 करोड़ रुपये

Tue, 30 Aug 2022 07:01 AM IST
आगरा ब्यूरो अमर उजाला ब्यूरो, आगरा
अमर उजाला ब्यूरो, आगरा Published by: आगरा ब्यूरो Updated Tue, 30 Aug 2022 07:01 AM IST
सार

2011 में नालंदा बिल्डर्स एंड डेवलपर्स ने नालंदा क्राउन का प्रोजेक्ट शुरू किया प्रोजेक्ट 2014 में पूरा होना था। 248 फ्लैट बनने थे, लेकिन 11 साल बाद भी यह अधूरे हैं। 

विज्ञापन
The fate of Nalanda Crown may be like Twin Towers
ट्विन टावर - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

आगरा में शास्त्रीपुरम स्थित नालंदा क्राउन का हश्र ट्विन टावर जैसा हो सकता है। यह प्रोजेक्ट 11 साल से अधूरा पड़ा है। 200 से अधिक फ्लैट बिक चुके हैं, फिर भी आठ मंजिला बिल्डिंग अधूरी पड़ी है। सड़क, सीवर, पेयजल व्यवस्था तो दूर यहां खिड़की-दरवाजे तक नहीं लगे हैं। खरीददारों के 500 करोड़ रुपये फंसे हैं। पीड़ितों का कहना है कि ट्विन टावर के लिए लड़ाई लड़ने वाली एमरॉल्ड आरडब्ल्यूए की तर्ज पर अब वह बिल्डरों की धोखाधड़ी के खिलाफ हाईकोर्ट की शरण लेंगे।

विज्ञापन

2014 में पूरा होना था  प्रोजेक्ट 

2011 में नालंदा बिल्डर्स एंड डेवलपर्स ने नालंदा क्राउन का प्रोजेक्ट शुरू किया प्रोजेक्ट 2014 में पूरा होना था। 248 फ्लैट बनने थे, लेकिन 11 साल बाद भी यह अधूरे हैं। नालंदा ग्रुप ने प्रोजेक्ट फेल होने के बाद बिना खरीददारों की सहमति के इसे उन्नति फॉर्च्यून ग्रुप को बेच दिया। उन्नति फार्च्यून ग्रुप भी दिवालिया हो चुका है। ऐसे में अब तीसरे बिल्डर नोएडा के बासु डवलपर्स ने प्रोजेक्ट को खरीद लिया है।

विज्ञापन

ये कहते हैं खरीदने वाले

फ्लैट खरीदने वाले हिमांशु कटारा, ज्योति लता और सुषमा पत्नी राहुल देव का कहना है कि बैंक से कर्ज लेकर फ्लैट बुक कराया था। 11 साल में कब्जा नहीं मिला। फ्लैट की पूरी कीमत का भुगतान हो चुका है। हमें अब एमरॉल्ड की तरह हाईकोर्ट और सुप्रीम कोर्ट जाना पड़ेगा। धोखाधड़ी करने वाले बिल्डरों के विरुद्ध एफआईआर दर्ज कराने के लिए आंदोलन करेंगे।

विज्ञापन
विज्ञापन


ये बोले निदेशक

नालंदा बिल्डर्स के निदेशक राधेश्याम शर्मा का कहना है कि हमारा अब इस प्रोजेक्ट से कोई लेना देना नहीं है। दूसरे बिल्डर को प्रोजेक्ट हस्तांरित कर दिया है। वहीं अब काम पूरा कराएंगे। वहीं बासु बिल्डर्स के निदेशक पंकज मित्तल ने बताया कि हस्तांतरण की प्रक्रिया चल रही है। दिवाली तक 50 फ्लैट तैयार करा देंगे।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed