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प्रियांशी बनीं एक दिन की जीआरपी थानाध्यक्ष
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मैनपुरी। रेलवे कॉलोनी निवासी प्रियांशी बृहस्पतिवार को एक दिन के लिए जीआरपी थानाध्यक्ष बनीं। इस दौरान उन्होने थाने में आने वाली शिकायतों को सुना। रेलवे स्टेशन पर निरीक्षण कर रहे लोगों को कोरोना संक्रमण के प्रति जागरूक किया। अधीनस्थों से विभागीय कार्यों की जानकारी ली।
मिशन शक्ति के तहत चलाए जा रहे अभियान के क्रम में बृहस्पतिवार को रेलवे कॉलोनी निवासी प्रियांशी जीआरपी की एक दिन की थानेदार बनीं। प्रियांशी ने थानाध्यक्ष बलराम सिंह के साथ सबसे पहले रेलवे स्टेशन परिसर का निरीक्षण किया। इस दौरान रेलवे ट्रैक व परिसर में गंदगी को देख एक दिन की थानेदार ने संबंधित सफाईकर्मियों को साफ सफाई के लिए निर्देशित किया। थाने पहुंचने के बाद अधीनस्थों से परिचय लेने के साथ ही विभागीय कार्य के बारे में जानकारी ली।
एक दिन की थानेदार प्रियांशी ने बताया कि उनके पिता शिव कुमार सिंह पूर्व में स्टेशन अधीक्षक रहे हैं। प्रियांशी ने बताया कि एक दिन के चार्ज के बाद समाज में पुलिस की जरूरत और जिम्मेदारी का अहसास हुआ। उनका भी सपना पुलिस अधिकारी बन कर समाज सेवा करने का है। वह इसके लिए पूरी लगन के साथ प्रयासरत हैं।
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मिशन शक्ति के तहत चलाए जा रहे अभियान के क्रम में बृहस्पतिवार को रेलवे कॉलोनी निवासी प्रियांशी जीआरपी की एक दिन की थानेदार बनीं। प्रियांशी ने थानाध्यक्ष बलराम सिंह के साथ सबसे पहले रेलवे स्टेशन परिसर का निरीक्षण किया। इस दौरान रेलवे ट्रैक व परिसर में गंदगी को देख एक दिन की थानेदार ने संबंधित सफाईकर्मियों को साफ सफाई के लिए निर्देशित किया। थाने पहुंचने के बाद अधीनस्थों से परिचय लेने के साथ ही विभागीय कार्य के बारे में जानकारी ली।
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एक दिन की थानेदार प्रियांशी ने बताया कि उनके पिता शिव कुमार सिंह पूर्व में स्टेशन अधीक्षक रहे हैं। प्रियांशी ने बताया कि एक दिन के चार्ज के बाद समाज में पुलिस की जरूरत और जिम्मेदारी का अहसास हुआ। उनका भी सपना पुलिस अधिकारी बन कर समाज सेवा करने का है। वह इसके लिए पूरी लगन के साथ प्रयासरत हैं।
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