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बसपा के राज में बने मकानों पर उठे सवाल, जांच करा रही योगी सरकार
न्यूज डेस्क, अमर उजाला मथुरा
Updated Sat, 03 Nov 2018 12:51 PM IST
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कांशीराम आवास योजना के तहत बने मकान
- फोटो : अमर उजाला
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मथुरा जिले में बसपा सरकार में बनवाए गए 5 हजार 63 मकानों की टीएसी जांच (टेक्निकल ऑडिट कमेटी) द्वारा कराई जा रही है। शासन से इसकी मंजूरी मिल गई है। इन मकानों की गुणवत्ता पर लगातार सवाल उठते रहे हैं।
जिले भर में गरीबों के लिए यह मकान वर्ष 2008 से 2012 तक बनवाए गए थे। 3000 मकानों का तो अब तक आवंटन भी नहीं हो सका है। जिन गरीब परिवारों के पास रहने के लिए मकान नहीं था उन्हें कांशीराम आवास योजना के अंतर्गत मकान दिलाए गए थे।
मथुरा में बरसाना, वृंदावन, गोवर्धन, राया, गोकुल, कोसीकलां और छाता में मकान बनाए गए थे। ये मकान राजकीय निर्माण निगम द्वारा बनवाए गए थे। इन मकानों की गुणवत्ता पर शुरू से ही सवाल उठ रहे थे लेकिन 2014 के बाद जब मकान की स्थिति सामने आई तो हल्ला मचने लगा।
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जिले भर में गरीबों के लिए यह मकान वर्ष 2008 से 2012 तक बनवाए गए थे। 3000 मकानों का तो अब तक आवंटन भी नहीं हो सका है। जिन गरीब परिवारों के पास रहने के लिए मकान नहीं था उन्हें कांशीराम आवास योजना के अंतर्गत मकान दिलाए गए थे।
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मथुरा में बरसाना, वृंदावन, गोवर्धन, राया, गोकुल, कोसीकलां और छाता में मकान बनाए गए थे। ये मकान राजकीय निर्माण निगम द्वारा बनवाए गए थे। इन मकानों की गुणवत्ता पर शुरू से ही सवाल उठ रहे थे लेकिन 2014 के बाद जब मकान की स्थिति सामने आई तो हल्ला मचने लगा।
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डूडा ने की थी जांच की सिफारिश
मकानों का प्लास्टर उधड़ने लगा। बरसात में छतें टपक रहीं थीं। पचास फीसदी मकानों में सीलन थी। स्थिति यह हो गई कि टंकी की फिटिंग तो कर दी गई थी लेकिन पानी घरों में पहुंच ही नहीं रहा था।
शासन तक शिकायतें की गईं थीं। शिकायती पत्र इधर से उधर दौड़ते रहे। अब डूडा ने इन मकानों की टीएसी जांच कराने की सिफारिश कर दी है। बताया जाता है कि कमेटी की जांच को लेकर शासन से स्वीकृति भी मिल चुकी है।
डूडा के परियोजना निदेशक सतीश सिंह ने बताया कि राजकीय निर्माण निगम ने 124 करोड़ के कार्य जिले भर में किए थे। अब इन सभी कार्यों की जांच कराई जाएगी। सभी की टीएसी जांच होनी है।
शासन तक शिकायतें की गईं थीं। शिकायती पत्र इधर से उधर दौड़ते रहे। अब डूडा ने इन मकानों की टीएसी जांच कराने की सिफारिश कर दी है। बताया जाता है कि कमेटी की जांच को लेकर शासन से स्वीकृति भी मिल चुकी है।
डूडा के परियोजना निदेशक सतीश सिंह ने बताया कि राजकीय निर्माण निगम ने 124 करोड़ के कार्य जिले भर में किए थे। अब इन सभी कार्यों की जांच कराई जाएगी। सभी की टीएसी जांच होनी है।