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फिरोजाबादः जल्द मिलेगी कोरोना जांच की सुविधा, बीएसएल-3 लैब में हुआ सफल ट्रायल
Wed, 26 Aug 2020 12:14 AM IST
Abhishek Saxena
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, फिरोजाबाद
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, फिरोजाबाद
Published by: Abhishek Saxena
Updated Wed, 26 Aug 2020 12:14 AM IST
सार
- बीएसएल-3 लैब में पहला ट्रायल हुआ सफल
- आईसीएमआर की अनुमति मिलने का इंतजार
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कोरोना वायरस (फाइल फोटो)
- फोटो : पीटीआई
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विस्तार
वैश्विक महामारी कोरोना वायरस से निपटने के लिए शासन स्तर पर बड़े प्रयास किए जा रहे हैं। कोरोना संक्रमण की आरटीपीसीआर जांच (रिवर्स ट्रांसक्रिप्शन पॉलिमरेस चेन रिएक्शन) के लिए बीएसएल-3 लैब बनकर स्थापित हो गई है। इसका ट्रायल भी सफल हो गया है। अब आईसीएमआर (भारतीय आयुर्विज्ञान अनुसंधान परिषद) से हरी झंडी मिलने का इंतजार है। जल्द ही जनपद में कोरोना संक्रमण की जांच बीएसएल-3 लैब में शुरू हो जाएगी। इसके बाद कोरोना की जांच का दायरा और बढ़ जाएगा।
कोरोना संक्रमण फैलने के बाद शासन ने जनपद के मेडिकल कॉलेज में बीएसएल-3 लैब बनवाने का निर्णय लिया था। पिछले कई महीनों से लैब बनाने का कार्य चल रहा है। इसमें कोरोना संक्रमण की जांच की जाएगी। यह लैब बनकर पूरी तरह तैयार हो गई है। इसका पहला ट्रायल भी डा. लेखा तुली के निर्देशन में सफल हो चुका है।
पहले ट्रायल में 11 सैंपलों की जांच की गई थी। इसमें कोरोना संक्रमित व्यक्तियों के सैंपिल लिए गए थे। वहीं, स्वस्थ्य लोगों के भी सैंपल लिए गए थे। जो जांच में पूरी तरह सफल रहे। अब मशीन को पूरी तरह से चालू करने के लिए आईसीएमआर की हरी झंडी मिलने का तैयार है। लैब का रिजल्ट आईसीएमआर को भेजा है। जो तय करेगी कि रिजल्ट ठीक है या नहीं। इसके बाद जनपद में भी आरटीपीआर से कोरोना की जांच हो सकेगी। सीएमएस डा. आलोक कुमार
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ने बताया कि लैब बनकर तैयार हो गई है, अब कुछ और प्रकियाएं हैं। आईसीएमआर से अनुमति मिलने के बाद जांच प्रक्रिया शुरू हो जाएगी।
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कोरोना संक्रमण फैलने के बाद शासन ने जनपद के मेडिकल कॉलेज में बीएसएल-3 लैब बनवाने का निर्णय लिया था। पिछले कई महीनों से लैब बनाने का कार्य चल रहा है। इसमें कोरोना संक्रमण की जांच की जाएगी। यह लैब बनकर पूरी तरह तैयार हो गई है। इसका पहला ट्रायल भी डा. लेखा तुली के निर्देशन में सफल हो चुका है।
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पहले ट्रायल में 11 सैंपलों की जांच की गई थी। इसमें कोरोना संक्रमित व्यक्तियों के सैंपिल लिए गए थे। वहीं, स्वस्थ्य लोगों के भी सैंपल लिए गए थे। जो जांच में पूरी तरह सफल रहे। अब मशीन को पूरी तरह से चालू करने के लिए आईसीएमआर की हरी झंडी मिलने का तैयार है। लैब का रिजल्ट आईसीएमआर को भेजा है। जो तय करेगी कि रिजल्ट ठीक है या नहीं। इसके बाद जनपद में भी आरटीपीआर से कोरोना की जांच हो सकेगी। सीएमएस डा. आलोक कुमार
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ने बताया कि लैब बनकर तैयार हो गई है, अब कुछ और प्रकियाएं हैं। आईसीएमआर से अनुमति मिलने के बाद जांच प्रक्रिया शुरू हो जाएगी।
अभी जनपद में दो तरीके से होती है जांच
अभी जनपद में दो तरीके से ही कोरोना जांच होती है। इसमें ट्रूनेट और दूसरा एंटीजन किट से जांच होती है। आरटीपीसीआर के लिए आगरा लैब में सैंपल भेजे जाते हैं। लेकिन जनपद में भी तीसरे चरण की जांच शुरू होने के बाद काफी सहूलियत मिलेगी।
कैसा होगा बीएसएल थ्री लैब
मेडिकल कॉलेज में तैयार होने वाली बायो सेफ्टी लेवल थ्री लैब पूरी तरह से एडवांस है। लैब में संक्रमण का खतरा नहीं होगा। क्योंकि इसमें हवा फिल्टर होकर अंदर जाएगी और बाहर निकलेगी। इससे इन्फेक्शन का खतरा नहीं रहता। यही नहीं इसमें हर जांच के लिए पूरी तरह से एयर प्रूफ अलग-अलग क्यूब बने होते हैं। विशेष पीपीई किट, गलब्स, फेस मास्क पहनकर ही लैब में जांच की जाएगी।
अभी जनपद में दो तरीके से ही कोरोना जांच होती है। इसमें ट्रूनेट और दूसरा एंटीजन किट से जांच होती है। आरटीपीसीआर के लिए आगरा लैब में सैंपल भेजे जाते हैं। लेकिन जनपद में भी तीसरे चरण की जांच शुरू होने के बाद काफी सहूलियत मिलेगी।
कैसा होगा बीएसएल थ्री लैब
मेडिकल कॉलेज में तैयार होने वाली बायो सेफ्टी लेवल थ्री लैब पूरी तरह से एडवांस है। लैब में संक्रमण का खतरा नहीं होगा। क्योंकि इसमें हवा फिल्टर होकर अंदर जाएगी और बाहर निकलेगी। इससे इन्फेक्शन का खतरा नहीं रहता। यही नहीं इसमें हर जांच के लिए पूरी तरह से एयर प्रूफ अलग-अलग क्यूब बने होते हैं। विशेष पीपीई किट, गलब्स, फेस मास्क पहनकर ही लैब में जांच की जाएगी।