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केवी आयुर्वेदिक मेडिकल कॉलेज के छात्र धरना पर बैठे, कहा- हमारी भी परीक्षा कराएं या फिर इसकी तिथि बढ़ाएं
Thu, 08 Oct 2020 05:11 PM IST
Abhishek Saxena
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, आगरा
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, आगरा
Published by: Abhishek Saxena
Updated Thu, 08 Oct 2020 05:11 PM IST
सार
गुरुवार सुबह करीब 10:30 बजे 40 मेडिकल छात्र विश्वविद्यालय पहुंचे और धरने पर बैठ गए। छात्रों ने यह भी मांग रखी कि उन्हें किसी दूसरे कॉलेज से पंजीकृत कर परीक्षा दिलाई जाए।
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धरना पर बैठे केवी आयुर्वेदिक मेडिकल कॉलेज के छात्र
- फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
केवी आयुर्वेदिक मेडिकल कॉलेज, एत्मादपुर बीएएमएस के छात्रों ने गुरुवार को डॉ. भीमराव आंबेडकर विश्वविद्यालय के पालीवाल पार्क परिसर में धरना दिया। छात्रों ने मांग रखी कि उनकी भी परीक्षा कराई जाए या फिर हाईकोर्ट का निर्णय आने तक विश्वविद्यालय प्रशासन संबंधित पाठ्यक्रम की परीक्षा न कराए।
गुरुवार सुबह करीब 10:30 बजे 40 मेडिकल छात्र विश्वविद्यालय पहुंचे और धरने पर बैठ गए। छात्रों ने यह भी मांग रखी कि उन्हें किसी दूसरे कॉलेज से पंजीकृत कर परीक्षा दिलाई जाए। छात्रों के विरोध प्रदर्शन के बाद विश्वविद्यालय के कुलसचिव डॉ. अंजनी कुमार मिश्र ने उनके बीच जाकर बात की।
समझाया कि प्रकरण हाईकोर्ट में है, कोई निर्णय आने के बाद ही विश्वविद्यालय कोई कदम उठा सकता है। उन्होंने कहा कि छात्रों के प्रति उनकी सहानुभूति है। निर्णय आने तक छात्रों से घर जाकर पढ़ाई करने का सुझाव भी दिया।
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गुरुवार सुबह करीब 10:30 बजे 40 मेडिकल छात्र विश्वविद्यालय पहुंचे और धरने पर बैठ गए। छात्रों ने यह भी मांग रखी कि उन्हें किसी दूसरे कॉलेज से पंजीकृत कर परीक्षा दिलाई जाए। छात्रों के विरोध प्रदर्शन के बाद विश्वविद्यालय के कुलसचिव डॉ. अंजनी कुमार मिश्र ने उनके बीच जाकर बात की।
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समझाया कि प्रकरण हाईकोर्ट में है, कोई निर्णय आने के बाद ही विश्वविद्यालय कोई कदम उठा सकता है। उन्होंने कहा कि छात्रों के प्रति उनकी सहानुभूति है। निर्णय आने तक छात्रों से घर जाकर पढ़ाई करने का सुझाव भी दिया।
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कुलसचिव से बातचीत के बाद भी छात्र वापस नहीं लौटे। कार्यालय के बाहर ही धरने पर बैठ गए। उनका कहना था कि विश्वविद्यालय प्रशासन यदि हाईकोर्ट के निर्णय आने के बाद कोई कदम उठाने के लिए कह रहा है तो बाकी कॉलेजों के संबंधित पाठ्यक्रम के छात्रों की परीक्षा क्यों कराई जा रही है? छात्र अमित यादव ने कहा कि 13 से प्रस्तावित विश्वविद्यालय की परीक्षा टाल दी जाए, या फिर उनका भी पंजीकरण कराकर परीक्षा में शामिल कराया जाए।
हाईकोर्ट के निर्णय के अनुरूप कोई कदम उठाएंगे
केवी आयुर्वेदिक कॉलेज का मामला हाईकोर्ट में है। इसमें विश्वविद्यालय की कोई भूमिका नहीं है। हाईकोर्ट यदि विश्वविद्यालय को परीक्षा कराने के लिए कहता है तो उनकी अलग से परीक्षा करा दी जाएगी। अभी एक कॉलेज के चक्कर में सभी कॉलेजों की परीक्षा नहीं रोकी जा सकती है। यही बात छात्रों को भी समझाई गई। - डॉ. अंजनी कुमार मिश्र
हाईकोर्ट के निर्णय के अनुरूप कोई कदम उठाएंगे
केवी आयुर्वेदिक कॉलेज का मामला हाईकोर्ट में है। इसमें विश्वविद्यालय की कोई भूमिका नहीं है। हाईकोर्ट यदि विश्वविद्यालय को परीक्षा कराने के लिए कहता है तो उनकी अलग से परीक्षा करा दी जाएगी। अभी एक कॉलेज के चक्कर में सभी कॉलेजों की परीक्षा नहीं रोकी जा सकती है। यही बात छात्रों को भी समझाई गई। - डॉ. अंजनी कुमार मिश्र