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रोडवेज बसों में सोशल डिस्टेंसिंग तार तार
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कासगंज में एक रोडवेज बस में बिना मास्क बैठे एवं खड़े यात्री
- फोटो : KASGANJ
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कासगंज। रोडवेज बसों में सोशल डिस्टेंसिंग तार-तार हो रही है। चालक-परिचालक यात्रियों को बिना थर्मल स्क्रीनिंग के ही बैठा रहे हैं। इतना ही नहीं सवारियों के साथ ही चालक व परिचालक तक मास्क का उपयोग नहीं कर रहे हैं।
एक जून से बसों का संचालन शुरू किया गया था। इसके लिए शासन ने गाइडलाइन निर्धारित की थी। इसके तहत बसों में सवारियों को बैठाने से पहले थर्मल स्क्रीनिंग की जाएगी। बसों मेें कोई भी सवारी खड़े होकर सफर नहीं करेगी। बीच रास्ते से सवारियों को बसों में नहीं चढ़ाया जाएगा।
बसों को भेजने से पूर्व सैनिटाइज कराया जाएगा। इनमें से किसी भी नियम का पालन नहीं हो रहा। चालक परिचालक लगातार लापरवाही बरत रहे हैं। दूसरी ओर कोरोना के मामले भी लगातार बढ़ते जा रहे हैं। लेकिन इसकी चिंता न तो चालक परिचालकों को ही है और न हीं विभाग के अधिकारियों को।
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बसों मे 54 सवारियों तक बिठाकर चालने के शासन से आदेश हैं। बस स्टैंड से थर्मल स्क्रीनिंग के बाद ही सवारियों को बैठाया जाता है। बीच रास्ते में इस तरह की व्यवस्था न होने की वजह से इस नियम का पालन कराने में दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। -ब्रजेश कुमार, डिपो प्रभारी
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एक जून से बसों का संचालन शुरू किया गया था। इसके लिए शासन ने गाइडलाइन निर्धारित की थी। इसके तहत बसों में सवारियों को बैठाने से पहले थर्मल स्क्रीनिंग की जाएगी। बसों मेें कोई भी सवारी खड़े होकर सफर नहीं करेगी। बीच रास्ते से सवारियों को बसों में नहीं चढ़ाया जाएगा।
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बसों को भेजने से पूर्व सैनिटाइज कराया जाएगा। इनमें से किसी भी नियम का पालन नहीं हो रहा। चालक परिचालक लगातार लापरवाही बरत रहे हैं। दूसरी ओर कोरोना के मामले भी लगातार बढ़ते जा रहे हैं। लेकिन इसकी चिंता न तो चालक परिचालकों को ही है और न हीं विभाग के अधिकारियों को।
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बसों मे 54 सवारियों तक बिठाकर चालने के शासन से आदेश हैं। बस स्टैंड से थर्मल स्क्रीनिंग के बाद ही सवारियों को बैठाया जाता है। बीच रास्ते में इस तरह की व्यवस्था न होने की वजह से इस नियम का पालन कराने में दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। -ब्रजेश कुमार, डिपो प्रभारी