श्याम बोहरा ने जेल से बाहर आते ही लगाए ये आरोप, पुलिस बोली बेबुनियाद
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आगरा के जिला जेल में सट्टा किंग श्याम बोहरा से वसूली की गई। यह आरोप श्याम बोहरा के अधिवक्ता ने लगाया है। उनका कहना है कि रिहाई आदेश आने के बाद कहा गया कि पुलिस ने अभी छोड़ने से मना किया है। एक टीम आ रही है। वह पूछताछ करेगी। इस पर श्याम बोहरा डर गया। इसके बाद ही उससे वसूली कर ली गई। अधिवक्ता ने मुख्यमंत्री को शिकायत की है।
अधिवक्ता शिशुपाल कसाना ने बताया कि श्याम बोहरा की रिहाई हाईकोर्ट के आदेश पर शनिवार रात सवा आठ बजे हुई। उसे लेने के लिए परिजन आए हुए थे। मगर, रिहाई में देरी की गई। रिहाई से पहले जेल के एक अधिकारी ने श्याम बोहरा को डरा दिया। उससे कहा कि जेल से निकलते ही पुलिस पकड़ लेगी। पुलिस आने वाली है। तभी रिहाई की जाएगी। इसके बाद कर्मी वसूली में लग गए।
उधर, जेल अधीक्षक शशिकांत मिश्र का कहना था कि आरोप बेबुनियाद हैं। जेल में श्याम बोहरा पर पैनी नजर रखी जा रही थी। उससे मिलाई करने वालों को पूछताछ के बाद जाने दिया जाता था। आरोपी सट्टेबाज है।
शनिवार को जेल से कई बंदियों को रिहा किया गया। सुबह 13 बंदी तो शाम को 18 बंदी छोड़े गए थे। सभी के जेल में सीसीटीवी फुटेज भी हैं। जेल में रहने के दौरान श्याम बोहरा ने कोई आरोप नहीं लगाया। जेल में सभी कार्य समाजसेवियों के सहयोग से होते हैं।
अधिवक्ता का यह भी कहना है कि जेल में एक ठेकेदार है। किसी बंदी के आने पर ठेकेदार नजर रखता है। वह देखता है कि कौन बंदी अच्छे घर से आया है। इसके बाद वसूली का खेल शुरू हो जाता है। पैसे वालों पर दबाव बनाया जाता है।